रायपुर DMF बैठक में बड़े फैसले, शिक्षा-स्वास्थ्य और पेयजल पर 37 करोड़ के विकास कार्य

रायपुर में जिला खनिज संस्थान न्यास (DMF) शासी परिषद की बैठक में सांसद बृजमोहन अग्रवाल की अध्यक्षता में लगभग 37 करोड़ रुपये के विकास कार्यों को मंजूरी दी गई। बैठक में शिक्षा, स्वास्थ्य, पेयजल, पर्यावरण संरक्षण, स्मार्ट क्लास, एम्बुलेंस, बंद खदानों की फेंसिंग और सोलर ऊर्जा जैसी योजनाओं को प्राथमिकता देने का निर्णय लिया गया।

Jul 7, 2026 - 11:36
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रायपुर DMF बैठक में बड़े फैसले, शिक्षा-स्वास्थ्य और पेयजल पर 37 करोड़ के विकास कार्य

UNITED NEWS OF ASIA. अमृतेश्वर सिंह, रायपुर l रायपुर में जिला खनिज संस्थान न्यास (DMF) शासी परिषद की बैठक सांसद बृजमोहन अग्रवाल की अध्यक्षता में आयोजित हुई। बैठक में लगभग 37 करोड़ रुपये की विभिन्न विकास योजनाओं को प्राथमिकता देते हुए शिक्षा, स्वास्थ्य, पेयजल, पर्यावरण संरक्षण और ग्रामीण विकास से जुड़े कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए। सांसद ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि डीएमएफ का प्रत्येक रुपया आम जनता के हित में पारदर्शी और प्रभावी ढंग से खर्च किया जाए।

बैठक में ग्रामीण क्षेत्रों के आत्मानंद स्कूलों के संचालन को मजबूत बनाने के लिए अतिथि शिक्षकों के वेतन मद में 8 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया। इसके साथ ही सरकारी स्कूलों में आधुनिक शिक्षा व्यवस्था विकसित करने के लिए 5 करोड़ रुपये की लागत से स्मार्ट क्लास रूम तैयार करने के निर्देश दिए गए। उद्देश्य विद्यार्थियों को बेहतर और तकनीकी आधारित शिक्षा उपलब्ध कराना है

ग्रामीण क्षेत्रों में स्वच्छ पेयजल व्यवस्था को मजबूत करने के लिए 830 लाख रुपये स्वीकृत किए गए। अधिकारियों को अधूरी पाइपलाइन परियोजनाओं को शीघ्र पूरा करने और भूजल स्तर सुधारने के लिए वाटर रिचार्ज कार्यों को सर्वोच्च प्राथमिकता देने के निर्देश दिए गए। पर्यावरण संरक्षण के लिए निर्धारित 60 लाख रुपये की राशि को बढ़ाकर 2 करोड़ रुपये करने का भी निर्णय लिया गया।

बैठक में बंद पड़ी खदानों में लगातार हो रहे हादसों पर गंभीर चिंता व्यक्त की गई। सांसद ने निर्देश दिए कि डीएमएफ फंड से सभी परित्यक्त खदानों की फेंसिंग और सुरक्षित व्यवस्थितकरण का कार्य तत्काल शुरू किया जाए, ताकि बारिश के दौरान होने वाली दुर्घटनाओं पर रोक लगाई जा सके।

स्वास्थ्य सुविधाओं को बेहतर बनाने के लिए 600 लाख रुपये का प्रावधान किया गया है। इसके तहत जिले के प्रत्येक ब्लॉक में एम्बुलेंस सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी। साथ ही मेडिकल कॉलेज में गंभीर मरीजों की दवाइयों के लिए 50 लाख रुपये अलग से स्वीकृत किए गए। ग्रामीण क्षेत्रों में निर्बाध बिजली आपूर्ति सुनिश्चित करने के उद्देश्य से 348 गांवों में प्रधानमंत्री सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना के तहत सोलर प्लांट लगाने में सहयोग देने के निर्देश भी दिए गए।

बैठक में लंबित 14 हजार मामलों का शीघ्र निराकरण करने तथा अस्पतालों में निर्बाध बिजली आपूर्ति सुनिश्चित करने पर भी जोर दिया गया। महिला सशक्तिकरण के लिए मॉडल महतारी सदन निर्माण, आंगनबाड़ी भवनों के निर्माण एवं मरम्मत, कौशल विकास और रोजगार सृजन के लिए भी अलग-अलग मदों में राशि स्वीकृत की गई। पशुपालन विभाग के लिए पशुओं की दवाइयों की खरीदी हेतु भी बजट का प्रावधान किया गया।

बैठक के अंत में सांसद बृजमोहन अग्रवाल ने कहा कि डीएमएफ का फंड जनता के संसाधनों से प्राप्त होता है, इसलिए इसका उपयोग केवल शिक्षा, स्वास्थ्य, स्वच्छ पेयजल, पर्यावरण संरक्षण और बुनियादी सुविधाओं के विकास पर ही किया जाना चाहिए। उन्होंने अधिकारियों को सभी स्वीकृत योजनाओं का समयबद्ध और गुणवत्तापूर्ण क्रियान्वयन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। साथ ही जिला खनिज संस्थान न्यास शासी परिषद के नवनियुक्त सदस्यों को बधाई देते हुए जनहित में मिलकर कार्य करने का आह्वान किया।