बाबा साहेब के संविधान ने दिया जनसेवा का अधिकार: सांसद बृजमोहन अग्रवाल
रायपुर में बाबा साहेब डॉ. भीमराव आंबेडकर की जयंती पर सांसद बृजमोहन अग्रवाल ने विभिन्न कार्यक्रमों में भाग लिया। उन्होंने समरसता भोज में शामिल होकर युवाओं से संवाद किया और कचहरी चौक पर 21 फीट ऊँची प्रतिमा का अनावरण किया।
UNITED NEWS OF ASIA. अमृतेश्वर सिंह, रायपुर। भारत रत्न डॉ. भीमराव आंबेडकर की जयंती के अवसर पर वरिष्ठ भाजपा नेता एवं सांसद बृजमोहन अग्रवाल विभिन्न कार्यक्रमों में शामिल हुए। इस दौरान उन्होंने बाबा साहेब के योगदान को याद करते हुए उन्हें आधुनिक भारत का शिल्पकार बताया और उनके विचारों को समाज के लिए प्रेरणास्रोत बताया।
सांसद अग्रवाल सबसे पहले टिकरापारा स्थित बालक छात्रावास पहुंचे, जहां भारतीय जनता युवा मोर्चा द्वारा आयोजित ‘समरसता भोज’ में उन्होंने भाग लिया। इस कार्यक्रम में उन्होंने युवाओं के साथ बैठकर भोजन किया और उनसे संवाद करते हुए सामाजिक एकता और समानता का संदेश दिया।
उन्होंने अपने संबोधन में कहा कि बाबा साहेब ने देश को एक ऐसा संविधान दिया, जिसमें सभी नागरिकों को समान अधिकार प्राप्त हैं। उन्होंने कहा कि समाज में आज भी कहीं-कहीं जातिगत भेदभाव देखने को मिलता है, जिसे समाप्त करने के लिए ऐसे आयोजनों की आवश्यकता है। ‘समरसता भोज’ के माध्यम से समाज में भाईचारे और समानता की भावना को मजबूत करने का प्रयास किया जा रहा है।
इसके बाद सांसद अग्रवाल रायपुर के कचहरी चौक पहुंचे, जहां उन्होंने मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के साथ बाबा साहेब की 21 फीट ऊँची भव्य प्रतिमा का अनावरण किया। यह प्रतिमा छत्तीसगढ़ की सबसे बड़ी प्रतिमाओं में से एक बताई जा रही है, जो आने वाली पीढ़ियों को प्रेरित करेगी।
इस अवसर पर उपस्थित लोगों को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि रायपुर के प्रमुख स्थल पर स्थापित यह प्रतिमा बाबा साहेब के संघर्षों, उनके विचारों और उनके आदर्शों की याद दिलाती रहेगी। उन्होंने कहा कि बाबा साहेब द्वारा बनाए गए संविधान ने ही हमें लोकतंत्र में जनप्रतिनिधि के रूप में सेवा करने का अधिकार दिया है।
उन्होंने यह भी कहा कि यदि बाबा साहेब और उनका दिया हुआ संविधान न होता, तो आज हम लोकतांत्रिक व्यवस्था में इस प्रकार सक्रिय भूमिका नहीं निभा पाते। उन्होंने युवाओं से आह्वान किया कि वे बाबा साहेब के विचारों को अपनाएं और समाज में सकारात्मक बदलाव लाने का प्रयास करें।
कार्यक्रम में बड़ी संख्या में भाजयुमो के पदाधिकारी, छात्र एवं प्रबुद्ध नागरिक उपस्थित रहे। सभी ने बाबा साहेब के जयकारों के साथ सामाजिक समरसता और समानता के संदेश को आगे बढ़ाने का संकल्प लिया।
इस अवसर ने न केवल बाबा साहेब के योगदान को याद करने का अवसर प्रदान किया, बल्कि समाज में एकता, समानता और भाईचारे के मूल्यों को मजबूत करने का संदेश भी दिया।