महासमुंद में बड़ी कार्रवाई: 1.14 करोड़ का गांजा जब्त, महाराष्ट्र के दो तस्कर गिरफ्तार
महासमुंद जिले में एन्टी नारकोटिक टास्क फोर्स और सिंघोड़ा पुलिस ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए 226.600 किलोग्राम अवैध गांजा जब्त किया है। गांजे की कीमत करीब 1 करोड़ 14 लाख रुपये बताई जा रही है। मामले में महाराष्ट्र के दो अंतरराज्यीय तस्करों को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने एक पिकअप वाहन और मोबाइल फोन भी जब्त किए हैं।
UNITED NEWS OF ASIA. जगदीश पटेल, सरायपाली l छत्तीसगढ़ के महासमुंद जिले में एन्टी नारकोटिक टास्क फोर्स और थाना सिंघोड़ा पुलिस ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस ने अंतरराज्यीय गांजा तस्करी के नेटवर्क का पर्दाफाश करते हुए 226.600 किलोग्राम अवैध मादक पदार्थ गांजा जब्त किया है। जब्त गांजे की अनुमानित कीमत 1 करोड़ 14 लाख 30 हजार रुपये बताई जा रही है। मामले में महाराष्ट्र के दो तस्करों को गिरफ्तार किया गया है।
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, अवैध मादक पदार्थों की तस्करी पर प्रभावी नियंत्रण के लिए जिले में लगातार चेकिंग अभियान चलाया जा रहा है। इसी दौरान एन्टी नारकोटिक टास्क फोर्स को सूचना मिली कि एक पिकअप वाहन में ओडिशा की ओर से भारी मात्रा में गांजा लेकर छत्तीसगढ़ के रास्ते महाराष्ट्र ले जाया जा रहा है।
सूचना मिलते ही सिंघोड़ा पुलिस और एन्टी नारकोटिक टास्क फोर्स की टीम ने राष्ट्रीय राजमार्ग-53 पर ग्राम गनियारीपाली स्थित सिल्की ढाबा के सामने नाकाबंदी की। कुछ देर बाद संदिग्ध पिकअप वाहन क्रमांक MH16 CD 8741 वहां पहुंचा। वाहन को रोककर जांच की गई तो उसमें दो युवक सवार मिले।
पूछताछ के दौरान चालक ने अपना नाम अजिनाथ आश्रु जाधव उम्र 28 वर्ष निवासी अहमदनगर महाराष्ट्र बताया, जबकि दूसरे व्यक्ति ने अपना नाम अक्षय बारूक मोरे उम्र 32 वर्ष निवासी अहमदनगर महाराष्ट्र बताया। पुलिस ने जब वाहन की तलाशी ली तो पिकअप के डाले में खाली कैरेटों के पीछे प्लास्टिक बोरियों में बड़ी मात्रा में गांजा छिपाकर रखा गया था।
पुलिस ने वाहन से कुल 226.600 किलोग्राम गांजा बरामद किया। आरोपियों ने पूछताछ में बताया कि गांजा ओडिशा के बालीगुडा क्षेत्र से लाकर महाराष्ट्र के अहमदनगर जिले में खपाने की योजना थी। तस्करों ने पुलिस से बचने के लिए गांजे को खाली कैरेटों के पीछे छिपाकर परिवहन करने की योजना बनाई थी, लेकिन पुलिस की सतर्कता के चलते उनका प्लान विफल हो गया।
कार्रवाई के दौरान पुलिस ने गांजे के अलावा परिवहन में इस्तेमाल की जा रही पिकअप वाहन, जिसकी कीमत लगभग 8 लाख रुपये है, तथा तीन मोबाइल फोन भी जब्त किए हैं। कुल जब्त संपत्ति की कीमत करीब 1 करोड़ 22 लाख 75 हजार रुपये आंकी गई है।
दोनों आरोपियों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट की धारा 20(B) के तहत मामला दर्ज कर उन्हें गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया है। पुलिस अब इस तस्करी नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों और सप्लाई चेन की जांच में जुटी हुई है।
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि पिछले चार महीनों में जिले में गांजा तस्करी के 83 मामलों में कुल 6016 किलो से अधिक गांजा जब्त किया गया है और 216 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। इनमें छत्तीसगढ़ के अलावा अन्य राज्यों के आरोपी भी शामिल हैं। पुलिस ने स्पष्ट किया है कि अवैध मादक पदार्थों के खिलाफ यह अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा।