पुदुचेरी में संसदीय समिति की बैठक, बृजमोहन अग्रवाल ने महिला सशक्तिकरण और सीएसआर फंड पर दिए सुझाव

शिक्षा, महिला, बाल, युवा एवं खेल संबंधी संसदीय स्थायी समिति की पुदुचेरी अध्ययन यात्रा के दौरान सांसद बृजमोहन अग्रवाल ने महिला सशक्तिकरण, बाल विकास और युवाओं के कल्याण से जुड़े कार्यक्रमों की समीक्षा की। उन्होंने सार्वजनिक उपक्रमों और बैंकों से सीएसआर फंड का बड़ा हिस्सा महिला कल्याण, कौशल विकास और बाल शिक्षा पर खर्च करने का सुझाव दिया। यात्रा के दौरान उन्होंने श्री अरबिंदो आश्रम और श्री अरबिंदो अंतर्राष्ट्रीय शिक्षा केंद्र का भी भ्रमण किया।

Jul 16, 2026 - 11:14
 0  2
पुदुचेरी में संसदीय समिति की बैठक, बृजमोहन अग्रवाल ने महिला सशक्तिकरण और सीएसआर फंड पर दिए सुझाव

UNITED NEWS OF ASIA. अमृतेश्वर सिंह, रायपुर l शिक्षा, महिला, बाल, युवा एवं खेल संबंधी संसदीय स्थायी समिति की अध्ययन यात्रा के दूसरे दिन पुदुचेरी में उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में समिति के सदस्य और रायपुर सांसद बृजमोहन अग्रवाल ने पुदुचेरी सरकार, भारत सरकार के विभिन्न मंत्रालयों, सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों (पीएसयू) तथा प्रमुख बैंकों के प्रतिनिधियों के साथ महिला सशक्तिकरण, बाल विकास और युवाओं के कल्याण से जुड़े कार्यक्रमों की विस्तृत समीक्षा की।

बैठक के दौरान पुदुचेरी सरकार द्वारा महिलाओं के आर्थिक और सामाजिक सशक्तिकरण के लिए संचालित योजनाओं पर चर्चा की गई। बृजमोहन अग्रवाल ने कहा कि महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाना विकसित समाज की सबसे महत्वपूर्ण आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि जिस प्रकार छत्तीसगढ़ में महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने के लिए योजनाएं संचालित की जा रही हैं, उसी तरह देशभर में महिलाओं के लिए मजबूत आर्थिक और सामाजिक ढांचा तैयार करने की दिशा में कार्य होना चाहिए।

समीक्षा बैठक में सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों और बैंकों द्वारा कॉर्पोरेट सोशल रिस्पॉन्सिबिलिटी (CSR) के तहत किए जा रहे कार्यों पर भी विस्तार से चर्चा हुई। बृजमोहन अग्रवाल ने सुझाव दिया कि सीएसआर फंड का बड़ा हिस्सा महिलाओं के कौशल विकास, बाल शिक्षा, कुपोषण उन्मूलन और महिला उद्यमियों को रियायती दरों पर ऋण उपलब्ध कराने जैसी योजनाओं पर खर्च किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि केवल औपचारिकता पूरी करने के बजाय ऐसे कार्य किए जाएं जिनका सीधा लाभ ग्रामीण और जरूरतमंद महिलाओं तक पहुंचे।

उन्होंने यह भी कहा कि संसदीय समिति इस अध्ययन यात्रा से प्राप्त सुझावों और निष्कर्षों को अपनी रिपोर्ट के माध्यम से संसद के समक्ष प्रस्तुत करेगी, ताकि महिला, बाल और युवा कल्याण से जुड़ी नीतियों को और अधिक प्रभावी बनाया जा सके।

बैठक में समिति अध्यक्ष मुकुल वासनिक सहित टी. सुमति, रेखा शर्मा, स्वाति मालीवाल, शोभनाबेन महेंद्रसिंह बरैया, जितेंद्र कुमार दोहरे, कामाख्या प्रसाद तासा, जियाउर रहमान, कांस्टैंडाइन रविंद्रन, भीम सिंह, सिकंदर कुमार और दर्शन सिंह चौधरी सहित अन्य सदस्य उपस्थित रहे। इसके अलावा महिला एवं बाल विकास विभाग, भारत सरकार के संबंधित मंत्रालय, इंडियन बैंक, केनरा बैंक, इंडियन ओवरसीज बैंक, एनएलसी इंडिया लिमिटेड, भेल और चेन्नई पेट्रोलियम कॉर्पोरेशन लिमिटेड के प्रतिनिधियों ने भी बैठक में भाग लिया।

बैठक से पहले बृजमोहन अग्रवाल ने संसदीय समिति के सदस्यों के साथ श्री अरबिंदो आश्रम पहुंचकर श्री अरबिंदो की समाधि पर श्रद्धांजलि अर्पित की। इसके बाद उन्होंने श्री अरबिंदो अंतर्राष्ट्रीय शिक्षा केंद्र का भ्रमण किया। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि श्री अरबिंदो का शिक्षा दर्शन आज भी प्रासंगिक है और शिक्षा का उद्देश्य केवल ज्ञान देना नहीं, बल्कि व्यक्ति की आंतरिक क्षमता का पूर्ण विकास करना होना चाहिए। उन्होंने कहा कि इसी सोच के साथ युवाओं को आत्मनिर्भर और राष्ट्र निर्माण के लिए सक्षम बनाया जा सकता है।