आर्य समाज ने नीट परीक्षार्थियों की सेवा में पेश की मानवता की मिसाल
भिलाई में आर्य समाज ने नीट परीक्षा केंद्रों पर परीक्षार्थियों और अभिभावकों को निःशुल्क मिनरल वाटर, बिस्किट और नमकीन वितरित किए। सेवा अभियान में बच्चों से लेकर वरिष्ठ नागरिकों तक ने भाग लिया।
UNITED NEWS OF ASIA. भिलाई l आर्य समाज भिलाई ने अपने मूल आदर्श ‘संसार का उपकार करना’ को चरितार्थ करते हुए नीट परीक्षा के विभिन्न परीक्षा केंद्रों में परीक्षार्थियों एवं उनके अभिभावकों के लिए निःस्वार्थ सेवा अभियान चलाया। भीषण गर्मी को देखते हुए परीक्षा केंद्रों पर ठंडे मिनरल वाटर, बिस्किट और नमकीन का निःशुल्क वितरण किया गया। इस सेवा कार्य ने न केवल परीक्षार्थियों को राहत पहुंचाई, बल्कि समाज सेवा का एक प्रेरक उदाहरण भी प्रस्तुत किया।
यह सेवा अभियान पीएम श्री केंद्रीय विद्यालय दुर्ग, पीएम श्री स्वामी आत्मानंद विद्यालय दीपक नगर, साइंस कॉलेज, बीएसपी विद्यालय सेक्टर-7, बीएसपी विद्यालय सेक्टर-10 तथा स्वामी आत्मानंद विद्यालय सेक्टर-6 सहित विभिन्न परीक्षा केंद्रों में संचालित किया गया। अभियान में समाजसेवियों और स्वयंसेवकों ने पूरे समर्पण के साथ भागीदारी निभाई।
कार्यक्रम की सबसे विशेष बात यह रही कि लगभग 10 वर्ष की आयु के बच्चों से लेकर 67 वर्ष के वरिष्ठ नागरिकों तक सभी ने सेवा कार्य में सक्रिय योगदान दिया। विभिन्न आयु वर्ग के लोगों की सहभागिता ने यह संदेश दिया कि सेवा भावना किसी उम्र की मोहताज नहीं होती। संस्कृत मित्र मंडल की सदस्य रेखा पंड्या अपने पुत्र प्रतीक पंड्या के साथ सेवा कार्य में शामिल हुईं, वहीं वंदना सिंह ने भी पूरे उत्साह के साथ सहयोग प्रदान किया।
इस अवसर पर वसंत आर्य ने अपने 57वें जन्मदिवस को व्यक्तिगत उत्सव के बजाय समाज सेवा को समर्पित किया। उन्होंने पूरे दिन विभिन्न परीक्षा केंद्रों में रहकर परीक्षार्थियों और उनके परिजनों की सेवा की। उनका यह प्रयास उपस्थित लोगों के लिए प्रेरणा का स्रोत बना।
आचार्य डॉ. अजय आर्य ने कहा कि सेवा कार्य के दौरान अनेक लोगों ने भिलाई शहर और यहां के नागरिकों की सराहना की। उन्होंने बताया कि महर्षि स्वामी दयानंद सरस्वती द्वारा बताए गए ‘संसार का उपकार करना’ के आदर्श को आत्मसात करते हुए यह अभियान संचालित किया गया।
सेवा कार्य में शामिल स्वयंसेवकों ने कहा कि समाज के लिए किया गया प्रत्येक छोटा प्रयास भी किसी जरूरतमंद के लिए बड़ी राहत बन सकता है। परीक्षार्थियों और उनके परिजनों को गर्मी से राहत पहुंचाकर सभी स्वयंसेवकों ने आत्मिक संतोष की अनुभूति की।
कार्यक्रम के अंत में सभी सहयोगियों और सेवा भावियों का आभार व्यक्त किया गया। साथ ही भविष्य में भी ऐसे जनहितकारी और समाजोपयोगी सेवा अभियानों को निरंतर जारी रखने का संकल्प लिया गया।