नक्सलगढ़ से निकलकर राष्ट्रीय पटल पर आया सुकमा, तीन स्वास्थ्य केंद्रों को मिला NQAS सर्टिफिकेट
सुकमा जिले के नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में स्थित बुड़दी, गगपल्ली और किस्टाराम स्वास्थ्य केंद्रों को भारत सरकार द्वारा NQAS प्रमाणपत्र प्रदान किया गया है। यह उपलब्धि दुर्गम इलाकों में गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाओं की दिशा में एक ऐतिहासिक कदम है।
UNITED NEWS OF ASIA. अम्र्तेश्वर सिंह, रायपुर। सुकमा जिला प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग के निरंतर प्रयासों से जिले ने स्वास्थ्य सेवाओं के क्षेत्र में एक नया कीर्तिमान स्थापित किया है। घोर नक्सल प्रभावित और दुर्गम क्षेत्रों में स्थित प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र बुड़दी, आयुष्मान आरोग्य मंदिर गगपल्ली तथा आयुष्मान आरोग्य मंदिर किस्टाराम को भारत सरकार के स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय द्वारा नेशनल क्वालिटी एश्योरेंस स्टैंडर्ड्स (NQAS) प्रमाणपत्र प्रदान किया गया है।
यह उपलब्धि केवल एक औपचारिक सम्मान नहीं, बल्कि इस बात का प्रमाण है कि मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में राज्य सरकार अंतिम पंक्ति में खड़े व्यक्ति तक भी गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सुविधाएं पहुंचाने के अपने संकल्प पर सफलतापूर्वक कार्य कर रही है। सुकमा जैसे संवेदनशील जिले में राष्ट्रीय मानकों को प्राप्त करना पूरे प्रदेश के लिए गर्व की बात है।
भौगोलिक दुर्गमता, सीमित संसाधन और सुरक्षा संबंधी चुनौतियों के बावजूद इन स्वास्थ्य केंद्रों ने सेवा प्रावधान, मरीजों के अधिकार, दवा प्रबंधन, संक्रमण नियंत्रण, स्वच्छता और रिकॉर्ड संधारण सहित आठ कड़े गुणवत्ता मानकों पर 70 प्रतिशत से अधिक अंक हासिल किए। यह सफलता स्वास्थ्य कर्मियों की मेहनत और प्रशासनिक प्रतिबद्धता का परिणाम है।
जिला प्रशासन द्वारा नियद नेल्लानार योजना के अंतर्गत इन केंद्रों के सुदृढ़ीकरण हेतु विशेष कार्ययोजना बनाई गई थी। इसके तहत दुर्गम क्षेत्रों में दवाओं और चिकित्सा उपकरणों की निरंतर उपलब्धता सुनिश्चित की गई। अस्पताल परिसरों में स्वच्छता, बायो-मेडिकल वेस्ट मैनेजमेंट और संक्रमण नियंत्रण पर विशेष ध्यान दिया गया। साथ ही रोगी-केंद्रित दृष्टिकोण अपनाते हुए मरीजों के सम्मान, अधिकार और बेहतर इलाज को प्राथमिकता दी गई।
कलेक्टर अमित कुमार ने बताया कि सुकमा जिले के तीन स्वास्थ्य केंद्रों को NQAS प्रमाणपत्र मिलना जिले के लिए ऐतिहासिक उपलब्धि है। उन्होंने कहा कि नक्सल प्रभावित क्षेत्रों के स्वास्थ्य केंद्रों की राष्ट्रीय पहचान यह दर्शाती है कि प्रशासन शिक्षा और स्वास्थ्य को विकास का आधार मानकर आगे बढ़ रहा है।
NQAS एक सख्त गुणवत्ता फ्रेमवर्क है, जिसका उद्देश्य सार्वजनिक स्वास्थ्य संस्थानों में सेवाओं के स्तर को बेहतर बनाना है। इस प्रमाणन के बाद संबंधित स्वास्थ्य केंद्रों को केंद्र सरकार से वित्तीय प्रोत्साहन भी मिलेगा, जिससे भविष्य में सुविधाओं का और विस्तार होगा और ग्रामीण जनता को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध हो सकेंगी।