पायलट प्रोजेक्ट के तहत स्कूल स्वायल हेल्थ कार्यक्रम का आयोजन, विद्यार्थियों को मिली मृदा स्वास्थ्य की जानकारी

कृषि विभाग कबीरधाम द्वारा पायलट प्रोजेक्ट के अंतर्गत पीएम स्वामी आत्मानंद विद्यालयों में स्कूल स्वायल हेल्थ कार्यक्रम आयोजित किया गया, जिसमें विद्यार्थियों को मृदा परीक्षण, पोषक तत्वों और मृदा स्वास्थ्य कार्ड की उपयोगिता की जानकारी दी गई।

Jan 30, 2026 - 13:18
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पायलट प्रोजेक्ट के तहत स्कूल स्वायल हेल्थ कार्यक्रम का आयोजन, विद्यार्थियों को मिली मृदा स्वास्थ्य की जानकारी

UNITED NEWS OF ASIA. कवर्धा। कृषि विभाग, कबीरधाम द्वारा पायलट प्रोजेक्ट के अंतर्गत स्कूल स्वायल हेल्थ कार्यक्रम का आयोजन आज 29 जनवरी 2026 को पीएम  स्वामी आत्मानंद हिंदी माध्यम विद्यालय, कवर्धा तथा पीएम श्री स्वामी आत्मानंद अंग्रेजी माध्यम विद्यालय, बोड़ला में किया गया। यह कार्यक्रम उप संचालक कृषि, कबीरधाम के मार्गदर्शन में संपन्न हुआ।

कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों को मिट्टी के महत्व, मृदा स्वास्थ्य तथा वैज्ञानिक खेती की बुनियादी जानकारी से अवगत कराना रहा, जिससे भविष्य में वे कृषि एवं पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूक बन सकें।

इस अवसर पर कृषि विज्ञान केंद्र, नेवारी के वरिष्ठ वैज्ञानिक एवं प्रमुख डॉ. बी.पी. त्रिपाठी तथा विषय वस्तु विशेषज्ञ  बी.एस. परिहार द्वारा विद्यार्थियों को मिट्टी के नमूने लेने की सही विधि, नमूने का संरक्षण, उपयोग की प्रक्रिया तथा मिट्टी में पाए जाने वाले प्रमुख एवं सूक्ष्म पोषक तत्वों के महत्व के बारे में सरल एवं व्यावहारिक तरीके से जानकारी दी गई।

कृषि विभाग से डिप्टी प्रोजेक्ट डायरेक्टर (आत्मा)  सुशील कुमार वर्मा ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि स्वस्थ मिट्टी ही अच्छी खेती, सुरक्षित खाद्य उत्पादन और पर्यावरण संरक्षण की मजबूत नींव है। उन्होंने बताया कि मृदा स्वास्थ्य कार्ड किसानों के लिए अत्यंत लाभकारी साधन है, जिसके माध्यम से मिट्टी की गुणवत्ता की जांच कर सही उर्वरक का चयन किया जा सकता है। इससे लागत कम होती है और फसल उत्पादन में वृद्धि होती है।

कार्यक्रम के दौरान प्रयोगशाला तकनीशियन  कीर्ति सलूजा एवं  जानकी दीवान द्वारा विद्यार्थियों को मृदा स्वास्थ्य प्रबंधन, स्कूल स्वायल हेल्थ कार्ड की अवधारणा, मिट्टी की पीएच जांच की प्रक्रिया तथा मृदा परीक्षण से जुड़ी अन्य महत्वपूर्ण जानकारियां प्रदान की गईं। विद्यार्थियों को प्रयोगात्मक रूप से भी यह समझाया गया कि किस प्रकार मिट्टी की जांच कर उसकी उर्वरता का आकलन किया जाता है।

कार्यक्रम में छात्रों के साथ कृषि से जुड़े विभिन्न विषयों पर संवाद किया गया तथा जिला कबीरधाम की मृदा संरचना, फसलों के अनुकूल मिट्टी एवं जलवायु के संबंध में भी जानकारी दी गई। विद्यार्थियों ने मृदा परीक्षण और कृषि विज्ञान से संबंधित विषयों पर उत्साहपूर्वक प्रश्न पूछे।

इस अवसर पर पीएम स्वामी आत्मानंद हिंदी माध्यम विद्यालय, कवर्धा के प्राचार्य  आर.पी. सिंह, पीएम  स्वामी आत्मानंद अंग्रेजी माध्यम विद्यालय, बोड़ला के प्राचार्य  विजय कुमार खरे, वरिष्ठ कृषि विकास अधिकारी  एच.एस. वास्केल,  डी.आर. पिसदा, ग्रामीण कृषि विस्तार अधिकारी सौरभ झा सहित शिक्षकगण एवं कृषि विभाग के अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।