“40 साल की साख पर सवाल ठीक नहीं”: जांच के बाद कल्पना रेस्टोरेंट संचालक ने रखा पक्ष

कवर्धा के कल्पना स्वीट्स एंड रेस्टोरेंट में खाद्य विभाग की जांच के बाद संचालक ने सफाई देते हुए कहा कि एक छोटी त्रुटि को बढ़ा-चढ़ाकर पेश किया जा रहा है, जिससे 40 साल की प्रतिष्ठा पर सवाल उठ रहे हैं।

May 6, 2026 - 13:57
May 6, 2026 - 14:28
 0  3
“40 साल की साख पर सवाल ठीक नहीं”: जांच के बाद कल्पना रेस्टोरेंट संचालक ने रखा पक्ष

UNITED NEWS OF ASIA. सौरभ नामदेव, कवर्धा l शहर के चर्चित प्रतिष्ठान कल्पना स्वीट्स एंड रेस्टोरेंट में हाल ही में खाद्य विभाग द्वारा की गई जांच के बाद उठे विवाद पर अब संचालक का पक्ष सामने आया है। उन्होंने पूरे मामले को लेकर अपनी बात रखते हुए कहा कि एक छोटी सी त्रुटि को सोशल मीडिया पर बढ़ा-चढ़ाकर पेश किया जा रहा है, जिससे उनकी 40 वर्षों की साख पर अनावश्यक सवाल खड़े हो रहे हैं।

रेस्टोरेंट संचालक ने भावुक होते हुए बताया कि उनका प्रतिष्ठान पिछले चार दशकों से कवर्धा शहर और आसपास के क्षेत्रों में लोगों को नाश्ता और भोजन उपलब्ध कराता आ रहा है। उन्होंने कहा कि एक छोटी सी दुकान से शुरू हुआ यह सफर आज बड़े प्रतिष्ठान तक पहुंचा है, जो केवल ग्राहकों के विश्वास और सहयोग के कारण संभव हुआ है।

उन्होंने कहा, “हमारे यहां प्रतिदिन 150 किलो से अधिक दूध की खपत होती है। इतनी बड़ी मात्रा में सप्लाई आने के कारण कभी-कभी सप्लायर की ओर से एक्सपायरी के करीब या एक्सपायर्ड पैकेट आ जाना संभव है। जैसे ही यह हमारे संज्ञान में आता है, हम उसे तुरंत अलग कर देते हैं। हमारा उद्देश्य कभी भी ग्राहकों को खराब या अस्वच्छ खाद्य सामग्री देना नहीं रहा है।”

संचालक ने स्पष्ट किया कि खाद्य विभाग की जांच के दौरान कुछ बिंदु सामने आए, लेकिन उन्हें जिस तरह से सोशल मीडिया पर प्रचारित किया जा रहा है, उससे ऐसा प्रतीत हो रहा है मानो यहां नियमित रूप से लापरवाही बरती जाती हो, जबकि वास्तविक स्थिति इससे भिन्न है। उन्होंने कहा कि किसी एक छोटी गलती के आधार पर पूरे प्रतिष्ठान की छवि को प्रभावित करना उचित नहीं है।

उन्होंने यह भी कहा कि उनका प्रतिष्ठान हमेशा साफ-सफाई और गुणवत्ता के मानकों का पालन करता रहा है। ग्राहकों की संतुष्टि और विश्वास को बनाए रखना उनकी प्राथमिकता रही है। इसी कारण उन्होंने वर्षों तक अपने व्यवसाय में ईमानदारी और पारदर्शिता को बनाए रखा है।

इस पूरे प्रकरण के बाद संचालक ने भविष्य में और अधिक सतर्कता बरतने का भरोसा दिलाया है। उन्होंने कहा कि आगे से कच्चे माल और विशेष रूप से दूध की सप्लाई की जांच और अधिक सख्ती से की जाएगी, ताकि इस प्रकार की स्थिति दोबारा उत्पन्न न हो।

उन्होंने कहा, “हमारा सबसे बड़ा निवेश हमारे ग्राहकों का विश्वास है। हम हर संभव प्रयास करेंगे कि यह विश्वास बना रहे और लोगों को बेहतर गुणवत्ता का भोजन मिलता रहे।”

स्थानीय स्तर पर इस मामले को लेकर चर्चा जारी है, लेकिन संचालक के इस बयान के बाद स्थिति स्पष्ट होने की उम्मीद जताई जा रही है। यह घटना यह भी दर्शाती है कि व्यापार में प्रतिष्ठा बनाए रखना जितना महत्वपूर्ण है, उतना ही आवश्यक है कि किसी भी विवाद को संतुलित दृष्टिकोण से देखा जाए।