बलरामपुर में वन विभाग की बड़ी कार्रवाई: अवैध अतिक्रमण में लगी JCB मशीन जब्त

बलरामपुर जिले के चान्दों वन परिक्षेत्र में अवैध अतिक्रमण के खिलाफ वन विभाग ने सख्त कार्रवाई करते हुए चुनचुना बीट में जमीन समतल कर रहे JCB मशीन को जब्त किया। अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि दोषियों के खिलाफ वन अधिनियम के तहत कड़ी कार्रवाई होगी।

Mar 19, 2026 - 11:12
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बलरामपुर में वन विभाग की बड़ी कार्रवाई: अवैध अतिक्रमण में लगी JCB मशीन जब्त

UNITED NEWS OF ASIA. अली खान, बलरामपुर | छत्तीसगढ़ के बलरामपुर-रामानुजगंज जिले में वन भूमि पर अवैध कब्जे की कोशिशों के खिलाफ वन विभाग ने कड़ा रुख अपनाते हुए बड़ी कार्रवाई की है। चान्दों वन परिक्षेत्र के अंतर्गत आने वाले चुनचुना बीट क्षेत्र में अवैध अतिक्रमण की सूचना पर वन विभाग की टीम ने मौके पर पहुंचकर एक जेसीबी मशीन को रंगे हाथों जब्त कर लिया।

जानकारी के अनुसार, चुनचुना बीट के जंगल क्षेत्र में कुछ लोगों द्वारा वन भूमि को कब्जाने की नीयत से जेसीबी मशीन के जरिए जमीन समतल की जा रही थी। यह पूरी गतिविधि अवैध रूप से की जा रही थी, जिससे वन क्षेत्र को नुकसान पहुंचने की आशंका थी। जैसे ही इस मामले की जानकारी वन विभाग को मिली, वन परिक्षेत्राधिकारी के नेतृत्व में एक टीम का गठन कर तत्काल कार्रवाई की गई।

वन परिक्षेत्राधिकारी आलोक जायसवाल के नेतृत्व में टीम ने मौके पर दबिश दी। अचानक हुई इस कार्रवाई से अतिक्रमणकारियों में हड़कंप मच गया। विभाग की सतर्कता और त्वरित प्रतिक्रिया के चलते जेसीबी मशीन को मौके से ही जब्त कर लिया गया।

वन विभाग के अधिकारियों ने बताया कि जब्त की गई मशीन के संबंध में विधिवत कागजी कार्रवाई की जा रही है। साथ ही, इस मामले में संलिप्त लोगों के खिलाफ वन अधिनियम की विभिन्न धाराओं के तहत प्रकरण दर्ज कर सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि वन भूमि पर किसी भी प्रकार का अवैध अतिक्रमण बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

इस कार्रवाई के बाद क्षेत्र में सक्रिय भू-माफियाओं और अवैध कब्जा करने वालों में खलबली मच गई है। वन विभाग ने साफ संदेश दिया है कि जंगल और पर्यावरण को नुकसान पहुंचाने वाली गतिविधियों पर अब कड़ी निगरानी रखी जाएगी और दोषियों को किसी भी हालत में बख्शा नहीं जाएगा।

वन विभाग की इस सख्ती को पर्यावरण संरक्षण की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। स्थानीय लोगों ने भी इस कार्रवाई का समर्थन करते हुए उम्मीद जताई है कि इससे भविष्य में वन भूमि पर अवैध कब्जों पर रोक लगेगी |