भूतकछार में भगवान बिरसा मुंडा की प्रतिमा का अनावरण, अरुण साव ने जनजातीय गौरव को बताया प्रेरणा का स्रोत

लोरमी विकासखंड के भूतकछार गांव में उप मुख्यमंत्री अरुण साव ने अमर शहीद भगवान बिरसा मुंडा की प्रतिमा का अनावरण किया। इस अवसर पर उन्होंने जनजातीय समाज के योगदान को रेखांकित करते हुए विकास और सम्मान के लिए सरकार की प्रतिबद्धता दोहराई तथा ग्रामीणों के लिए मुक्तिधाम शेड और प्रतीक्षालय निर्माण की घोषणा की।

Jun 19, 2026 - 11:27
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भूतकछार में भगवान बिरसा मुंडा की प्रतिमा का अनावरण, अरुण साव ने जनजातीय गौरव को बताया प्रेरणा का स्रोत

UNITED NEWS OF ASIA, लोरमी l लोरमी विकासखंड के भूतकछार गांव में अमर शहीद Birsa Munda की भव्य प्रतिमा का अनावरण किया गया। इस अवसर पर छत्तीसगढ़ के उप मुख्यमंत्री Arun Sao मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में ग्रामीणों और जनप्रतिनिधियों ने भाग लेकर भगवान बिरसा मुंडा के योगदान को श्रद्धापूर्वक याद किया।

प्रतिमा अनावरण के बाद आयोजित सभा को संबोधित करते हुए अरुण साव ने कहा कि भगवान बिरसा मुंडा ने जल, जंगल और जमीन की रक्षा के लिए अपना संपूर्ण जीवन समर्पित कर दिया था। उनका संघर्ष, त्याग और राष्ट्रभक्ति आज भी समाज को प्रेरित कर रही है। उन्होंने कहा कि बिरसा मुंडा का जीवन जनजातीय समाज के स्वाभिमान, आत्मसम्मान और अधिकारों की रक्षा का प्रतीक है।

अरुण साव ने कहा कि भूतकछार में स्थापित यह प्रतिमा आने वाली पीढ़ियों को अपने इतिहास, संस्कृति और महान नायकों के योगदान से परिचित कराएगी। उन्होंने कहा कि युवाओं को बिरसा मुंडा के आदर्शों से प्रेरणा लेकर समाज और राष्ट्र के विकास में सक्रिय भूमिका निभानी चाहिए।

कार्यक्रम के दौरान ग्रामीणों की मांग पर उप मुख्यमंत्री ने गांव में मुक्तिधाम शेड और प्रतीक्षालय निर्माण की घोषणा भी की। उन्होंने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में मूलभूत सुविधाओं का विस्तार सरकार की प्राथमिकता है और जनहित से जुड़े कार्यों को प्राथमिकता के साथ पूरा किया जाएगा।

अपने संबोधन में अरुण साव ने कहा कि प्रधानमंत्री Narendra Modi के नेतृत्व में जनजातीय क्षेत्रों के विकास को विशेष महत्व दिया जा रहा है। शिक्षा, स्वास्थ्य, सड़क, पेयजल और रोजगार जैसी बुनियादी सुविधाओं को जनजातीय अंचलों तक पहुंचाने के लिए अनेक योजनाएं संचालित की जा रही हैं। उन्होंने कहा कि सरकार का उद्देश्य जनजातीय समाज को विकास की मुख्यधारा से जोड़ते हुए उन्हें बेहतर अवसर उपलब्ध कराना है।

उन्होंने कहा कि भगवान बिरसा मुंडा की जयंती को देशभर में ‘जनजातीय गौरव दिवस’ के रूप में मनाया जा रहा है। यह केवल एक आयोजन नहीं, बल्कि जनजातीय समाज के योगदान और बलिदान को सम्मान देने का माध्यम है। उन्होंने बताया कि देशभर में जनजातीय नायकों के इतिहास और योगदान को संरक्षित करने के लिए संग्रहालयों, स्मारकों और सांस्कृतिक केंद्रों का निर्माण किया जा रहा है।

अरुण साव ने कहा कि लंबे समय तक जनजातीय वीरों के योगदान को वह स्थान नहीं मिल पाया जिसके वे हकदार थे, लेकिन अब उन्हें राष्ट्रीय स्तर पर सम्मान और पहचान दिलाने का कार्य किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि बिरसा मुंडा को समाज ने उनके महान कार्यों और जनसेवा के कारण भगवान का दर्जा दिया है।

कार्यक्रम के अंत में उपस्थित लोगों ने भगवान बिरसा मुंडा के आदर्शों को अपनाने तथा समाज में शिक्षा, जागरूकता और विकास को बढ़ावा देने का संकल्प लिया। भूतकछार में प्रतिमा स्थापना को ग्रामीणों ने जनजातीय गौरव और सांस्कृतिक पहचान को सशक्त करने वाला महत्वपूर्ण कदम बताया।