प्रदेश के परेशान किसानों की 28 फरवरी तक धान खरीदी कर राहत दे सरकार – आम आदमी पार्टी
आम आदमी पार्टी छत्तीसगढ़ ने धान खरीदी में अनियमितताओं का आरोप लगाते हुए कहा है कि अब तक प्रदेश के करीब 20 प्रतिशत किसान अपनी फसल बेचने से वंचित रह गए हैं। पार्टी ने सरकार से 28 फरवरी तक धान खरीदी बढ़ाने और किसानों को राहत देने की मांग की है।
UNITED NEWS OF ASIA.अमृतेश्वर सिंह, रायपुर। आम आदमी पार्टी छत्तीसगढ़ ने प्रदेश में धान खरीदी को लेकर सरकार पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा है कि मौजूदा व्यवस्था के कारण हजारों किसान अपनी उपज बेचने से वंचित रह गए हैं। पार्टी द्वारा आयोजित पत्रकार वार्ता में तारेन्द्र चंद्राकर, प्रदेश अध्यक्ष (किसान विंग) ने कहा कि सरकार ने धान खरीदी 15 नवंबर से शुरू करने की घोषणा की थी, लेकिन वास्तविकता में कई जिलों में 17, 18 और कुछ जगहों पर 25 नवंबर से खरीदी शुरू हुई। अब सरकार 29 जनवरी को खरीदी बंद कर रही है, जबकि पहले 31 जनवरी तक खरीदी की बात कही गई थी।
उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार की साजिश के तहत लाखों छोटे किसानों से जबरन रकबा समर्पण कराया जा रहा है। कई किसानों को आज तक न तो ऑनलाइन और न ही ऑफलाइन टोकन मिला है। छोटे किसानों को एक, मीडियम किसानों को दो और बड़े किसानों को तीन टोकन दिए गए, बावजूद इसके किसान अपनी पूरी फसल नहीं बेच पा रहे हैं। धान खरीदी केंद्रों की प्रतिदिन की लिमिट घटा दिए जाने से किसान घंटों लाइन में खड़े होकर परेशान हो रहे हैं।
प्रदेश संगठन मंत्री तेजेंद्र तोड़ेकर ने कहा कि अब तक प्रदेश के लगभग 20 प्रतिशत किसान धान बेचने से वंचित रह चुके हैं। कर्ज में डूबे किसान यदि आत्महत्या करते हैं तो इसके लिए जिम्मेदार सरकार होगी। उन्होंने सरकारी समितियों में भ्रष्टाचार का आरोप लगाते हुए कहा कि लाखों क्विंटल धान को चूहों द्वारा खा लिए जाने का बहाना बनाकर जनता के पैसे का दुरुपयोग किया जा रहा है, लेकिन आज तक किसी जिम्मेदार अधिकारी पर एफआईआर नहीं हुई।
प्रदेश अध्यक्ष (कर्मचारी विंग) विजय कुमार झा ने धमतरी और महासमुंद जिलों के मामलों का जिक्र करते हुए कहा कि भौतिक सत्यापन और छापेमारी के नाम पर किसानों को मानसिक रूप से प्रताड़ित किया जा रहा है। टोकन और पट्टा होने के बावजूद किसानों का धान जब्त किया जा रहा है, जिससे वे कर्ज चुकाने की स्थिति में नहीं हैं।
प्रदेश सचिव अनुषा जोसेफ ने मांग की कि सरकार जबरन रकबा समर्पण और भौतिक सत्यापन के नाम पर उत्पीड़न बंद करे, सभी किसानों को समुचित टोकन दे और धान खरीदी की अवधि 28 फरवरी तक बढ़ाए। आम आदमी पार्टी ने ऐलान किया कि किसानों के समर्थन में 29 जनवरी को प्रदेशव्यापी धरना प्रदर्शन किया जाएगा।