संयुक्त जिला कार्यालय परिसर के 100 मीटर दायरे में धारा 163 लागू, दो माह तक धरना-प्रदर्शन पर प्रतिबंध

बेमेतरा जिला प्रशासन ने संयुक्त जिला कार्यालय परिसर के 100 मीटर दायरे में बीएनएसएस 2023 की धारा 163 के तहत प्रतिबंधात्मक आदेश लागू कर दिया है। 16 जून से 17 अगस्त 2026 तक प्रभावी इस आदेश के तहत धरना, प्रदर्शन, जुलूस और आमसभाओं पर रोक रहेगी। प्रशासन ने कानून व्यवस्था, सुरक्षा और शासकीय कार्यों के सुचारु संचालन को ध्यान में रखते हुए यह निर्णय लिया है।

Jun 18, 2026 - 11:05
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संयुक्त जिला कार्यालय परिसर के 100 मीटर दायरे में धारा 163 लागू, दो माह तक धरना-प्रदर्शन पर प्रतिबंध

UNITED NEWS OF ASIA. अरुण पुरेना, बेमेतरा l जिला प्रशासन ने संयुक्त जिला कार्यालय परिसर में सुरक्षा, कानून व्यवस्था और शासकीय कार्यों के निर्बाध संचालन को सुनिश्चित करने के उद्देश्य से भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (बीएनएसएस) 2023 की धारा 163 के तहत प्रतिबंधात्मक आदेश को आगामी दो माह के लिए पुनः लागू कर दिया है। यह आदेश 16 जून 2026 से 17 अगस्त 2026 तक प्रभावशील रहेगा।

जिला दंडाधिकारी प्रतिष्ठा ममगाईं द्वारा जारी आदेश में कहा गया है कि संयुक्त जिला कार्यालय परिसर में खाद्य, कृषि, आदिवासी विकास, आबकारी, खनिज सहित विभिन्न महत्वपूर्ण शासकीय विभाग संचालित होते हैं। प्रतिदिन बड़ी संख्या में दिव्यांगजन, वृद्धजन, महिलाएं तथा आम नागरिक अपने शासकीय कार्यों के लिए यहां पहुंचते हैं। ऐसे में धरना, प्रदर्शन, जुलूस और आमसभाओं के आयोजन से आम लोगों को असुविधा होने तथा प्रशासनिक कार्य प्रभावित होने की आशंका बनी रहती है।

इसी को ध्यान में रखते हुए संयुक्त जिला कार्यालय परिसर के 100 मीटर के दायरे को प्रतिबंधित क्षेत्र घोषित किया गया है। आदेश के अनुसार इस क्षेत्र में किसी भी प्रकार के धरना-प्रदर्शन, जुलूस, आमसभा या सार्वजनिक आयोजन की अनुमति नहीं होगी। यदि किसी संगठन, संस्था या समूह को सभा, रैली अथवा जुलूस आयोजित करना है, तो इसके लिए पूर्व अनुमति लेना अनिवार्य होगा।

प्रशासन ने ध्वनि प्रदूषण और सार्वजनिक व्यवस्था को ध्यान में रखते हुए लाउडस्पीकर या अन्य ध्वनि विस्तारक यंत्रों के उपयोग पर भी नियंत्रण लगाया है। ऐसे उपकरणों का उपयोग केवल संबंधित अनुविभागीय दंडाधिकारी अथवा कार्यपालिक दंडाधिकारी की पूर्व अनुमति से ही किया जा सकेगा।

आदेश में सुरक्षा संबंधी विशेष प्रावधान भी शामिल किए गए हैं। ड्यूटी पर तैनात पुलिस और सुरक्षा बलों को छोड़कर किसी भी व्यक्ति को प्रतिबंधित क्षेत्र में विस्फोटक पदार्थ, अस्त्र-शस्त्र या अन्य घातक हथियार लेकर चलने की अनुमति नहीं होगी। हालांकि धार्मिक परंपराओं के तहत धारण किए जाने वाले कृपाण को इस प्रतिबंध से छूट प्रदान की गई है।

इसके अतिरिक्त प्रशासन ने निर्देश दिया है कि संयुक्त जिला कार्यालय परिसर के 100 मीटर के भीतर एक साथ पांच से अधिक व्यक्तियों का समूह प्रवेश नहीं करेगा। यह आदेश सभी राजनीतिक दलों, सामाजिक संगठनों, संघों तथा आम नागरिकों पर समान रूप से लागू होगा।

जिला प्रशासन ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि आदेश का उल्लंघन करने वाले व्यक्तियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता 2023 की धारा 223 के तहत कानूनी कार्रवाई की जाएगी। प्रशासन का कहना है कि यह कदम क्षेत्र में शांति, सुरक्षा और शासकीय कार्यों के सुचारु संचालन को बनाए रखने के उद्देश्य से उठाया गया है। इससे आम नागरिकों को अपने कार्यों के लिए बेहतर और व्यवस्थित वातावरण उपलब्ध हो सकेगा।