आदिवासी विकास विभाग के सहायक आयुक्त द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार, छात्रवृत्ति पंजीयन और वितरण की पूरी प्रक्रिया ऑनलाइन माध्यम से संचालित की जा रही है। ऐसे में सभी पात्र विद्यार्थियों को निर्धारित समय सीमा के भीतर आवेदन करना अनिवार्य है।
नई समय-सीमा के तहत विद्यार्थी अब 23 मार्च से 27 मार्च 2026 तक ऑनलाइन आवेदन कर सकेंगे। इसके साथ ही शैक्षणिक संस्थाओं के लिए प्रपोजल लॉक करने की तिथि 23 मार्च से 29 मार्च 2026 तक निर्धारित की गई है। वहीं सेक्शन ऑर्डर लॉक करने की अंतिम तिथि 23 मार्च से 30 मार्च 2026 तय की गई है।
विभाग द्वारा स्पष्ट रूप से निर्देशित किया गया है कि इन निर्धारित तिथियों के भीतर सभी प्रक्रियाएं पूर्ण कर ली जाएं। यदि किसी कारणवश आवेदन या प्रस्ताव निर्धारित समय में पूर्ण नहीं होते हैं, तो संबंधित विद्यार्थियों के छात्रवृत्ति से वंचित होने की पूरी जिम्मेदारी संबंधित संस्था प्रमुख की होगी।
यह योजना आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग के विद्यार्थियों के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है, क्योंकि इसके माध्यम से उन्हें अपनी पढ़ाई जारी रखने में आर्थिक सहायता मिलती है। खासतौर पर ग्रामीण और दूरस्थ क्षेत्रों के विद्यार्थियों के लिए यह योजना उच्च शिक्षा प्राप्त करने में सहायक सिद्ध होती है।
छात्रवृत्ति योजना के अंतर्गत छात्रों को ट्यूशन फीस, मेंटेनेंस अलाउंस और अन्य शैक्षणिक खर्चों के लिए सहायता प्रदान की जाती है। इससे न केवल छात्रों की आर्थिक परेशानी कम होती है, बल्कि वे अपने अध्ययन पर बेहतर तरीके से ध्यान केंद्रित कर पाते हैं।
विभाग ने सभी महाविद्यालयों और संस्थाओं से अपील की है कि वे अपने स्तर पर विद्यार्थियों को इस संबंध में जानकारी दें और समय-सीमा के भीतर आवेदन प्रक्रिया पूर्ण करवाने में सहयोग करें। साथ ही विद्यार्थियों को भी सलाह दी गई है कि वे अंतिम तिथि का इंतजार न करते हुए समय रहते अपना आवेदन सुनिश्चित करें।
इस तिथि वृद्धि से हजारों विद्यार्थियों को राहत मिलने की उम्मीद है, जो किसी कारणवश पहले आवेदन नहीं कर पाए थे। अब उनके पास छात्रवृत्ति प्राप्त करने का एक और अवसर उपलब्ध है, जिससे वे अपनी शिक्षा को बिना बाधा जारी रख सकेंगे।