डॉ. नवाज के अनुसार, एक सुंदर मुस्कान न केवल व्यक्ति के आत्मविश्वास को बढ़ाती है, बल्कि अच्छे दांत शरीर को निरोगी बनाए रखने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। उन्होंने कहा कि मौखिक स्वास्थ्य आज भी समाज में सबसे अधिक उपेक्षित विषयों में से एक है। अधिकांश लोग दांतों की समस्या होने के बावजूद समय पर इलाज नहीं कराते और तभी डॉक्टर के पास जाते हैं जब दर्द असहनीय हो जाता है।
उन्होंने चेतावनी दी कि दांतों की सड़न और मसूड़ों की बीमारी को हल्के में लेना खतरनाक हो सकता है। यदि समय रहते उपचार नहीं किया गया तो संक्रमण शरीर के अन्य हिस्सों में भी फैल सकता है। इससे हृदय रोग, डायबिटीज, ओरल कैंसर और पाचन संबंधी समस्याएं उत्पन्न हो सकती हैं।
डॉ. नवाज ने विशेष रूप से डायबिटीज के मरीजों को सावधान करते हुए कहा कि उन्हें अपने दांतों की देखभाल पर अधिक ध्यान देना चाहिए, क्योंकि ऐसे मरीजों में दांत समय से पहले गिरने का खतरा अधिक होता है।
मौखिक स्वास्थ्य का महत्व
मुंह का स्वास्थ्य खराब होने से कई गंभीर बीमारियों का खतरा बढ़ जाता है। दांतों की बीमारी से दांत दर्द, सिर दर्द और कान दर्द जैसी समस्याएं भी हो सकती हैं। स्वस्थ दांत न केवल बेहतर स्वास्थ्य का संकेत हैं, बल्कि आत्मविश्वास बढ़ाने में भी मदद करते हैं।
दांतों की देखभाल के लिए जरूरी सुझाव
डॉ. नवाज ने दांतों को स्वस्थ रखने के लिए कुछ महत्वपूर्ण सुझाव दिए—
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दिन में कम से कम दो बार ब्रश करें।
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संतुलित और पोषक आहार का सेवन करें।
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अधिक मीठे खाद्य पदार्थों से बचें।
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साल में कम से कम एक बार दांतों की जांच कराएं।
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धूम्रपान और तंबाकू का सेवन पूरी तरह से छोड़ दें।
दांतों की सड़न के कारण
दांतों की सड़न के पीछे कई कारण होते हैं, जैसे—
उपचार के तरीके
यदि दांतों में सड़न हो जाए तो तुरंत दंत चिकित्सक से संपर्क करना चाहिए। उपचार के लिए सड़न हटाकर फिलिंग, रूट कैनाल थेरेपी या आवश्यकता अनुसार दांत निकालने की सलाह दी जा सकती है।
अंत में डॉ. नवाज ने कहा कि यदि लोग समय रहते अपने मौखिक स्वास्थ्य के प्रति जागरूक हो जाएं, तो कई गंभीर बीमारियों से बचा जा सकता है। उन्होंने सभी से नियमित दंत जांच कराने और स्वच्छता अपनाने की अपील की।