नासिक के कथित ‘भोंदू बाबा’ अशोक खरात पर बड़े खुलासे, करोड़ों की संपत्ति और आपराधिक आरोपों से घिरा मामला

नासिक के स्वयंभू ज्योतिषी अशोक खरात को लेकर चौंकाने वाले खुलासे सामने आए हैं। उन पर गंभीर आपराधिक आरोपों के साथ भारी संपत्ति और अवैध गतिविधियों से जुड़े होने की जांच जारी है।

Mar 27, 2026 - 12:51
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नासिक के कथित ‘भोंदू बाबा’ अशोक खरात पर बड़े खुलासे, करोड़ों की संपत्ति और आपराधिक आरोपों से घिरा मामला

UNITED NEWS OF ASIA.  महाराष्ट्र के नासिक से एक सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहां खुद को ज्योतिषी बताने वाले अशोक खरात को लेकर कई गंभीर खुलासे हुए हैं। इस मामले ने न केवल स्थानीय स्तर पर बल्कि पूरे राज्य में चर्चा का विषय बना दिया है।

प्राप्त जानकारी के अनुसार, अशोक खरात पर गंभीर आपराधिक आरोप लगाए गए हैं और उनकी गतिविधियों को लेकर पुलिस द्वारा विस्तृत जांच की जा रही है। शुरुआती जांच में यह भी सामने आया है कि उन्होंने कथित रूप से लोगों को अपने प्रभाव में लेकर एक बड़ा आर्थिक नेटवर्क खड़ा किया।

रिपोर्ट्स के मुताबिक, अशोक खरात की शैक्षणिक पृष्ठभूमि बेहद साधारण बताई जा रही है, लेकिन इसके बावजूद उन्होंने खुद को ज्योतिष और तंत्र-मंत्र का जानकार बताकर बड़ी संख्या में लोगों का विश्वास हासिल किया। इसी भरोसे का फायदा उठाकर उन्होंने अपना प्रभाव और आर्थिक साम्राज्य बढ़ाया।

जांच एजेंसियों को उनके पास से बड़ी मात्रा में डिजिटल सामग्री मिलने की भी बात सामने आई है, जिसकी फॉरेंसिक जांच की जा रही है। हालांकि, अधिकारियों ने इस मामले में किसी भी निष्कर्ष पर पहुंचने से पहले पूरी जांच पूरी होने की बात कही है।

सूत्रों के अनुसार, अशोक खरात के पास करोड़ों रुपये की संपत्ति होने का अनुमान है। उनकी संपत्ति और आय के स्रोतों की भी जांच की जा रही है, ताकि यह स्पष्ट हो सके कि इतनी बड़ी संपत्ति किस प्रकार अर्जित की गई।

इस पूरे मामले ने एक बार फिर समाज में फैल रहे अंधविश्वास और तथाकथित बाबाओं के प्रभाव पर सवाल खड़े कर दिए हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि लोगों को ऐसे मामलों में सतर्क रहने और किसी भी व्यक्ति पर आंख मूंदकर विश्वास न करने की आवश्यकता है।

पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले की जांच कई पहलुओं पर की जा रही है, जिसमें आर्थिक लेन-देन, डिजिटल साक्ष्य और संभावित पीड़ितों के बयान शामिल हैं। जांच पूरी होने के बाद ही पूरे मामले की सच्चाई सामने आ पाएगी।

इस घटना ने प्रशासन के सामने यह चुनौती भी खड़ी कर दी है कि ऐसे मामलों को रोकने के लिए सख्त कदम उठाए जाएं और लोगों को जागरूक किया जाए।

कुल मिलाकर, नासिक का यह मामला केवल एक व्यक्ति तक सीमित नहीं है, बल्कि यह समाज में फैल रहे अंधविश्वास, धोखाधड़ी और कानून-व्यवस्था से जुड़े बड़े मुद्दों की ओर भी इशारा करता है। आने वाले दिनों में जांच के निष्कर्ष इस पूरे प्रकरण को और स्पष्ट करेंगे।