बंगाल चुनाव के बाद INDIA गठबंधन में बढ़ी दरार, CPI(M), DMK और AAP ने कांग्रेस पर उठाए सवाल

पश्चिम बंगाल चुनाव के बाद INDIA गठबंधन के भीतर मतभेद खुलकर सामने आने लगे हैं। CPI(M) ने कांग्रेस पर गंभीर आरोप लगाते हुए स्पष्टीकरण मांगा है, जबकि DMK और AAP ने प्रस्तावित बैठक से दूरी बना ली है। झारखंड में राज्यसभा चुनाव को लेकर JMM की नाराजगी भी गठबंधन के लिए नई चुनौती बनती दिख रही है।

Jun 7, 2026 - 14:40
Jun 7, 2026 - 14:41
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बंगाल चुनाव के बाद INDIA गठबंधन में बढ़ी दरार, CPI(M), DMK और AAP ने कांग्रेस पर उठाए सवाल

UNITED NEWS OF ASIA. पश्चिम बंगाल चुनाव के बाद विपक्षी INDIA गठबंधन के भीतर बढ़ते मतभेद अब खुलकर सामने आने लगे हैं। गठबंधन की प्रस्तावित बैठक से पहले कई सहयोगी दलों की नाराजगी ने विपक्षी एकजुटता पर सवाल खड़े कर दिए हैं। कांग्रेस और उसके सहयोगी दलों के बीच उभर रहे विवादों ने राजनीतिक गलियारों में नई चर्चाओं को जन्म दे दिया है।

सबसे पहले द्रमुक (DMK) द्वारा कांग्रेस की मौजूदगी के कारण प्रस्तावित बैठक से दूरी बनाने की खबर सामने आई। इसके बाद मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (CPI-M) ने भी कांग्रेस की कार्यशैली पर गंभीर आपत्ति जताई है। पार्टी का कहना है कि केरल विधानसभा चुनाव के दौरान कांग्रेस नेताओं द्वारा लगाए गए आरोप गठबंधन की भावना के खिलाफ हैं।

CPI(M) के महासचिव एम.ए. बेबी ने कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे को पत्र लिखकर इस मामले में स्पष्टीकरण मांगा है। पत्र में उन्होंने कांग्रेस नेताओं द्वारा यह आरोप लगाए जाने पर नाराजगी जताई कि CPI(M) और भाजपा के बीच किसी प्रकार की राजनीतिक समझ या समझौता है। उन्होंने कहा कि ऐसे आरोप न केवल निराधार हैं बल्कि विपक्षी गठबंधन की विश्वसनीयता को भी नुकसान पहुंचाते हैं।

एम.ए. बेबी ने पत्र में राहुल गांधी, प्रियंका गांधी और मल्लिकार्जुन खड़गे के बयानों पर भी सवाल उठाए हैं। उनका कहना है कि केरल में भाजपा और राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के खिलाफ संघर्ष में CPI(M) ने अपने अनेक कार्यकर्ताओं को खोया है, ऐसे में पार्टी पर भाजपा से समझौते के आरोप लगाना पूरी तरह अनुचित है।

दूसरी ओर झारखंड में राज्यसभा चुनाव को लेकर भी कांग्रेस और झारखंड मुक्ति मोर्चा (JMM) के बीच असहमति की खबरें सामने आई हैं। सूत्रों के अनुसार, JMM दोनों राज्यसभा सीटों पर अपने उम्मीदवार उतारना चाहती थी, लेकिन कांग्रेस द्वारा प्रणव झा को उम्मीदवार घोषित किए जाने से पार्टी नेतृत्व नाराज बताया जा रहा है। हालांकि बाद में JMM ने बैद्यनाथ राम को अपना आधिकारिक उम्मीदवार घोषित कर दिया।

INDIA गठबंधन की बैठक से आम आदमी पार्टी (AAP) के दूरी बनाने की खबरों ने भी विपक्षी एकता पर प्रश्नचिह्न लगा दिया है। वहीं कई प्रमुख विपक्षी नेताओं के बैठक में शामिल होने की संभावना जताई जा रही है, जिनमें ममता बनर्जी, अभिषेक बनर्जी, अखिलेश यादव और राहुल गांधी प्रमुख हैं।

हालांकि गठबंधन में फूट की अटकलों के बीच संजय राउत ने इन दावों को खारिज किया है। उन्होंने कहा कि विपक्षी दलों के बीच संवाद जारी है और गठबंधन मजबूत बना हुआ है। राउत ने यह भी कहा कि यदि DMK बैठक में शामिल नहीं होती है तो तमिलनाडु में टीवीके (TVK) जैसे अन्य राजनीतिक सहयोगी विकल्प मौजूद हैं।

राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि आगामी चुनावों से पहले विपक्षी दलों के बीच समन्वय और रणनीति को लेकर स्पष्टता जरूरी होगी। फिलहाल INDIA गठबंधन के भीतर उभर रहे ये मतभेद विपक्षी एकता के लिए एक बड़ी चुनौती के रूप में देखे जा रहे हैं।