विधायक बोहरा ने प्रश्नकाल के दौरान जानकारी मांगी कि वित्तीय वर्ष 2021-22, 2022-23 और 2023-24 में विभिन्न माध्यमों जैसे आउटडोर, एलईडी, रेलवे, प्रिंट, इलेक्ट्रॉनिक और सोशल मीडिया पर कितना खर्च किया गया। इसके जवाब में बताया गया कि इन वर्षों में करोड़ों रुपये केवल प्रचार-प्रसार पर खर्च किए गए।
सरकार की ओर से दिए गए लिखित उत्तर के अनुसार, नेशनल हेराल्ड को 2021-22 में 68 लाख रुपये, 2022-23 में 1.28 करोड़ रुपये और 2023-24 में 1.36 करोड़ रुपये, कुल मिलाकर 3.32 करोड़ रुपये का भुगतान किया गया। इस पर विधायक बोहरा ने सवाल उठाते हुए कहा कि जनता की गाढ़ी कमाई को इस तरह खर्च करना गंभीर विषय है।
इसके साथ ही उन्होंने क्षेत्रीय विकास से जुड़े कई अहम मुद्दे भी उठाए। उन्होंने पेयजल और किसानों के लिए सिंचाई व्यवस्था को मजबूत करने, विभिन्न स्थानों पर एनीकट, स्टॉपडेम और रिटर्निंग वॉल निर्माण की मांग की।
विधायक बोहरा ने ऊर्जा विभाग से संबंधित मुद्दों को उठाते हुए ग्राम टाटीकसा और रणजीतपुर में नए विद्युत सब स्टेशन की स्थापना की मांग की, ताकि क्षेत्र में निर्बाध बिजली आपूर्ति सुनिश्चित हो सके।
शिक्षा के क्षेत्र में उन्होंने पंडरिया विधानसभा के ग्राम बीरेन्द्र नगर में नवीन शासकीय महाविद्यालय की स्थापना को लेकर प्रश्न किया। इस पर बताया गया कि महाविद्यालय की स्वीकृति की प्रक्रिया उच्च शिक्षा विभाग में जारी है।
उन्होंने साप्ताहिक हाट-बाजारों की स्थिति को लेकर भी सवाल उठाए। जानकारी दी गई कि क्षेत्र में 4 वनोपज आधारित और 5 उत्पाद आधारित हाट बाजार संचालित हो रहे हैं, जहां आवश्यक सुविधाओं की उपलब्धता प्रावधान अनुसार सुनिश्चित की जा रही है।
इसके अलावा विधायक बोहरा ने क्षेत्र में नए विद्युत उपकेंद्रों की स्थापना को लेकर भी जानकारी ली। जवाब में बताया गया कि पंडरिया क्षेत्र के कई ग्रामों में 33/11 केवी और 132/33 केवी उपकेंद्रों की स्थापना के प्रस्ताव स्वीकृत किए जा चुके हैं और कुछ कार्य प्रक्रियाधीन हैं।
विधायक भावना बोहरा ने कहा कि वे अपने क्षेत्र की जनता की मूलभूत सुविधाओं और विकास से जुड़े मुद्दों को सदन में लगातार उठाती रहेंगी, ताकि क्षेत्र के लोगों को बेहतर सुविधाएं मिल सकें और उनकी समस्याओं का समाधान हो सके।