भिलाई JEE मेन्स सेंटर पर ‘मुन्ना भाई’ पकड़ा गया, चप्पल के सोल में मोबाइल छिपाकर पहुंचा था परीक्षा देने
भिलाई के पार्थिवी इंजीनियरिंग कॉलेज स्थित JEE मेन्स परीक्षा केंद्र में एक परीक्षार्थी मोबाइल छिपाकर नकल करने की कोशिश करते पकड़ा गया। आरोपी ने चप्पल के सोल में मोबाइल छिपाया था, जिसे सुरक्षा जांच के दौरान पकड़ लिया गया।
UNITED NEWS OF ASIA. भारती कौर भिलाई। देश की प्रतिष्ठित इंजीनियरिंग प्रवेश परीक्षा JEE मेन्स के दौरान भिलाई से एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जहां एक परीक्षार्थी ‘मुन्ना भाई’ बनकर परीक्षा में नकल करने की कोशिश करता हुआ पकड़ा गया। यह घटना भिलाई के पार्थिवी इंजीनियरिंग कॉलेज स्थित परीक्षा केंद्र की है, जहां सुरक्षा व्यवस्था को चकमा देकर आरोपी मोबाइल फोन के साथ परीक्षा हॉल तक पहुंच गया।
जानकारी के अनुसार, आरोपी परीक्षार्थी आदित्य कुमार, जो सुकमा जिले का निवासी है, परीक्षा देने के लिए सेंटर पहुंचा था। उसने बेहद शातिर तरीके से अपने चप्पल के सोल में मोबाइल फोन छिपा रखा था। इसके लिए उसने चप्पल को नीचे से काटकर एक गुप्त जगह बनाई, जिसमें मोबाइल आसानी से फिट हो गया।
परीक्षा केंद्र पर प्रवेश के दौरान मेटल डिटेक्टर से जांच की गई, लेकिन आरोपी ने ऐसी चालाकी से मोबाइल छिपाया था कि वह मशीन को भी चकमा देने में सफल रहा। इस कारण वह बिना किसी संदेह के परीक्षा कक्ष तक पहुंच गया और परीक्षा देने लगा।
हालांकि, उसकी यह चाल ज्यादा देर तक नहीं चल सकी। परीक्षा के दौरान बायोब्रेक के लिए बाहर जाने के बाद जब वह वापस लौटा, तो उसकी चाल-ढाल ने सुरक्षा कर्मियों का ध्यान खींचा। वह चप्पल को घसीटते हुए चल रहा था, जो सामान्य व्यवहार से अलग था।
संदेह होने पर सुरक्षा गार्ड ने उसे रोककर दोबारा जांच की। जांच के दौरान चप्पल के सोल को खोलकर देखा गया, जिसमें मोबाइल फोन छिपा हुआ मिला। इसके बाद पूरे मामले का खुलासा हो गया और आरोपी को तुरंत हिरासत में ले लिया गया।
वेन्यू कमांडिंग ऑफिसर की शिकायत पर पुरानी भिलाई पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज किया। पुलिस ने मोबाइल फोन जब्त कर लिया है और आरोपी से पूछताछ जारी है।
इस मामले में आरोपी के खिलाफ छत्तीसगढ़ सार्वजनिक परीक्षा (नकल निवारण) अधिनियम 2008 के तहत अपराध दर्ज किया गया है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि परीक्षा की निष्पक्षता बनाए रखने के लिए किसी भी प्रकार की अनियमितता को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
भिलाई-3 थाना पुलिस की इस कार्रवाई को प्रशासन की सख्ती के रूप में देखा जा रहा है। अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि आने वाले समय में भी परीक्षा केंद्रों पर निगरानी और सख्त की जाएगी, ताकि नकल जैसी घटनाओं पर पूरी तरह रोक लगाई जा सके।
इस घटना ने एक बार फिर यह सवाल खड़ा कर दिया है कि तकनीकी रूप से सुदृढ़ सुरक्षा व्यवस्था के बावजूद नकल के नए-नए तरीके सामने आ रहे हैं। ऐसे में परीक्षा एजेंसियों को और अधिक सतर्क रहने की जरूरत है।
फिलहाल पुलिस इस मामले की गहराई से जांच कर रही है और यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि आरोपी ने यह तरीका खुद अपनाया या इसके पीछे कोई बड़ा गिरोह सक्रिय है।