रायपुर में डायल-112 फेस-2 नेक्स्ट जनरेशन सेवा शुरू, 54 हाईटेक वाहन हुए शामिल

रायपुर में डायल-112 फेस-2 नेक्स्ट जनरेशन सेवा का शुभारंभ किया गया। उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा ने 54 अत्याधुनिक इमरजेंसी रिस्पॉन्स वाहनों को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। नई सेवा के तहत पुलिस, फायर, मेडिकल और महिला हेल्पलाइन सहित सभी आपात सेवाएं अब एकीकृत प्लेटफॉर्म पर उपलब्ध होंगी।

May 20, 2026 - 19:37
 0  2
रायपुर में डायल-112 फेस-2 नेक्स्ट जनरेशन सेवा शुरू, 54 हाईटेक वाहन हुए शामिल

UNITED NEWS OF ASIA. छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में नागरिक सुरक्षा और आपातकालीन सेवाओं को और अधिक मजबूत बनाने की दिशा में बड़ा कदम उठाया गया है। रायपुर पुलिस परेड ग्राउंड में “डायल-112 फेस-2 नेक्स्ट जनरेशन” सेवा का शुभारंभ किया गया। कार्यक्रम में उप मुख्यमंत्री एवं गृह मंत्री विजय शर्मा ने 54 अत्याधुनिक इमरजेंसी रिस्पॉन्स वाहनों को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया।

इस अवसर पर विधायक राजेश मूणत, विधायक पुरंदर मिश्रा, रायपुर नगर निगम की महापौर मीनल चौबे, रायपुर पुलिस कमिश्नर डॉ. संजीव शुक्ला, अतिरिक्त पुलिस कमिश्नर अमित कांबले, कलेक्टर गौरव कुमार और ग्रामीण पुलिस अधीक्षक श्वेता सिन्हा सहित कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए विजय शर्मा ने कहा कि पहले डायल-112 सेवा केवल 16 जिलों तक सीमित थी, लेकिन अब इसका विस्तार प्रदेश के सभी 33 जिलों में कर दिया गया है। उन्होंने बताया कि रायपुर पुलिस कमिश्नरेट क्षेत्र के लिए 33 इमरजेंसी रिस्पॉन्स वाहन और ग्रामीण क्षेत्र के लिए 21 वाहन उपलब्ध कराए गए हैं। इसके अलावा राष्ट्रीय और राज्य राजमार्गों पर त्वरित सहायता के लिए 4 हाईवे पेट्रोलिंग वाहन भी तैनात किए गए हैं।

नई डायल-112 फेस-2 सेवा को अत्याधुनिक तकनीकों से लैस किया गया है। सभी वाहनों में जीपीएस सिस्टम, स्मार्ट कंट्रोल एवं मॉनिटरिंग सिस्टम, कॉल रिकॉर्डिंग, रियल टाइम ट्रैकिंग और डिजिटल कम्युनिकेशन जैसी सुविधाएं उपलब्ध हैं। इन तकनीकों की मदद से कंट्रोल रूम को तत्काल सूचना मिलेगी और पुलिस टीम कम समय में घटनास्थल तक पहुंच सकेगी।

सरकार का लक्ष्य डायल-112 सेवा के माध्यम से पुलिस रिस्पॉन्स टाइम को राष्ट्रीय मानकों के अनुरूप बनाना है। अधिकारियों का कहना है कि नई तकनीक से लैस यह व्यवस्था अपराध नियंत्रण, सड़क दुर्घटनाओं, महिला सुरक्षा और अन्य आपात स्थितियों में काफी प्रभावी साबित होगी।

डायल-112 सेवा “एक्के नंबर- सब्बो बर” की अवधारणा पर आधारित है। इसके तहत नागरिकों को अलग-अलग आपात सेवाओं के लिए अलग नंबर याद रखने की जरूरत नहीं होगी। केवल 112 नंबर डायल करके पुलिस सहायता, फायर ब्रिगेड, मेडिकल इमरजेंसी, महिला हेल्पलाइन 1091, चाइल्ड हेल्पलाइन 1098, आपदा प्रबंधन और हाईवे इमरजेंसी जैसी सभी सेवाओं का लाभ लिया जा सकेगा।

कार्यक्रम के दौरान राजेश मूणत ने कहा कि छत्तीसगढ़ तेजी से सुरक्षित और नक्सल मुक्त राज्य की दिशा में आगे बढ़ रहा है तथा डायल-112 का नेक्स्ट जनरेशन मॉडल प्रदेश की आपातकालीन सेवाओं को और अधिक मजबूत बनाएगा।

रायपुर पुलिस कमिश्नरेट ने नागरिकों से अपील की है कि किसी भी आपात स्थिति में बिना संकोच डायल-112 सेवा का उपयोग करें। पुलिस विभाग ने भरोसा दिलाया है कि नागरिकों की सुरक्षा और त्वरित सहायता के लिए टीम चौबीसों घंटे सक्रिय और तत्पर रहेगी।