मशाल यात्रा का नेतृत्व युवा कांग्रेस विधानसभा कवर्धा अध्यक्ष वाल्मिकी वर्मा ने किया। यह विरोध प्रदर्शन युवा कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष उदय भानु चिब की कथित असंवैधानिक गिरफ्तारी के खिलाफ आयोजित किया गया।
इस दौरान वाल्मिकी वर्मा ने कहा कि नई दिल्ली स्थित भारत मंडपम में आयोजित आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस समिट के दौरान लोकतांत्रिक तरीके से विरोध दर्ज कराने पर युवा कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष को अलोकतांत्रिक ढंग से गिरफ्तार किया गया। उन्होंने आरोप लगाया कि यह कार्रवाई विपक्ष की आवाज को दबाने और असहमति को कुचलने के उद्देश्य से की गई है।
उन्होंने कहा कि शांतिपूर्ण और संवैधानिक तरीके से विरोध करना हर नागरिक का अधिकार है, लेकिन केंद्र सरकार लोकतंत्र के मूल सिद्धांतों को कमजोर कर रही है। युवा कांग्रेस विधानसभा कवर्धा अध्यक्ष ने यह भी कहा कि देश की छवि को नुकसान शांतिपूर्ण विरोध से नहीं, बल्कि आयोजनों में हुई अव्यवस्थाओं और सरकार की कार्यप्रणाली से पहुंचा है। उन्होंने अंतरराष्ट्रीय मंच पर सरकार की भूमिका को लेकर भी सवाल उठाए।
युवा कांग्रेस कवर्धा के समन्वयक अश्वनी वर्मा ने कहा कि केंद्र सरकार अपनी नाकामियों को छिपाने के लिए विपक्ष की आवाज को दबाने का प्रयास कर रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि युवाओं की आवाज को कुचलने की यह कार्रवाई पूरी तरह गैरकानूनी है और लोकतांत्रिक व्यवस्था के खिलाफ है।
अश्वनी वर्मा ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि युवा कांग्रेस सत्य, संविधान और लोकतंत्र की रक्षा के लिए लगातार संघर्ष करती रहेगी। उन्होंने राष्ट्रीय अध्यक्ष की तत्काल रिहाई की मांग करते हुए कहा कि यदि इस तरह की कार्रवाइयां जारी रहीं तो युवा कांग्रेस देशभर में आंदोलन को और तेज करेगी।
मशाल यात्रा के दौरान केंद्र सरकार के खिलाफ नारेबाजी की गई और लोकतांत्रिक अधिकारों की रक्षा का संकल्प लिया गया। कार्यकर्ताओं ने कहा कि यह लड़ाई किसी व्यक्ति विशेष के लिए नहीं, बल्कि लोकतंत्र, अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता और संविधान की रक्षा के लिए है।
इस कार्यक्रम में जिला महामंत्री गोपाल चंद्रवंशी, महिला शहर अध्यक्ष नारायणी तोंडरे, वकील जुगेश चंद्रवंशी, प्रदेश सचिव आकाश केशरवानी, जनपद सदस्य नेमीचंद पटेल, पवन चंद्रवंशी, सुधांशु बघेल, धनराज वर्मा, जितेंद्र लहरे, माधवेश चंद्रवंशी, ब्लॉक अध्यक्ष बोड़ला रामगोपाल वर्मा, शहर अध्यक्ष हेमंत ठाकुर सहित बड़ी संख्या में युवा कांग्रेस पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
युवा कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने चेतावनी दी कि यदि भविष्य में इस तरह लोकतांत्रिक अधिकारों का दमन जारी रहा, तो आंदोलन को और व्यापक रूप दिया जाएगा और सड़कों से लेकर राष्ट्रीय स्तर तक संघर्ष किया जाएगा।