ईद पर खैरागढ़ में कांग्रेस नेताओं ने दिया भाईचारे का संदेश, ईदगाह पहुंचकर दी मुबारकबाद

खैरागढ़ में ईद के अवसर पर कांग्रेस नेताओं ने ईदगाह पहुंचकर मुस्लिम समाज को बधाई दी और प्रेम, सौहार्द व एकता का संदेश दिया। कार्यक्रम शांतिपूर्ण माहौल में संपन्न हुआ।

Mar 21, 2026 - 14:12
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ईद पर खैरागढ़ में कांग्रेस नेताओं ने दिया भाईचारे का संदेश, ईदगाह पहुंचकर दी मुबारकबाद

UNITED NEWS OF ASIA. मनोहर सेन, खैरागढ़ | ईद के पावन अवसर पर खैरागढ़ शहर में भाईचारे और सामाजिक सौहार्द की अनूठी मिसाल देखने को मिली। शहर कांग्रेस कमेटी के पदाधिकारी और कार्यकर्ता ईदगाह पहुंचे, जहां उन्होंने मुस्लिम समाज के लोगों को ईद की तहे दिल से मुबारकबाद दी।

इस अवसर पर कांग्रेस नेताओं ने एक-दूसरे से गले मिलकर शहर और प्रदेश में सुख-समृद्धि, अमन-चैन और आपसी भाईचारे की कामना की। उन्होंने कहा कि ईद केवल एक धार्मिक त्योहार नहीं, बल्कि यह प्रेम, सद्भाव और एकता का प्रतीक है, जो समाज को जोड़ने का कार्य करता है।

कार्यक्रम के दौरान शहर कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष डॉ. अरुण भारद्वाज, पूर्व सांसद प्रतिनिधि एवं विधायक प्रतिनिधि कपिनाथ महोबिया, सूर्यकांत यादव, रविंद्र गहरवार, जफर उल्लाह खान, नसीर मेमन, नदीम मेमन और राजा सोलंकी सहित कई प्रमुख कांग्रेस नेता उपस्थित रहे। साथ ही बड़ी संख्या में मुस्लिम समाज के लोग भी इस मौके पर मौजूद रहे, जिससे आयोजन में उत्साह और अपनत्व का माहौल बना रहा।

शहर कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष डॉ. अरुण भारद्वाज ने अपने संबोधन में कहा कि ईद का पर्व हमें आपसी प्रेम, भाईचारे और सौहार्द का संदेश देता है। उन्होंने सभी नागरिकों से अपील की कि वे मिलजुलकर समाज में एकता बनाए रखें और शहर तथा प्रदेश की खुशहाली के लिए योगदान दें।

वहीं कपिनाथ महोबिया ने कहा कि ऐसे पावन अवसर समाज को जोड़ने का काम करते हैं और हमें एक-दूसरे के करीब लाते हैं। उन्होंने लोगों से अपने मतभेदों को भुलाकर शांति, सद्भाव और भाईचारे के साथ जीवन जीने की अपील की।

कार्यक्रम के दौरान सुरक्षा व्यवस्था को ध्यान में रखते हुए खैरागढ़ थाना प्रभारी अनिल शर्मा के नेतृत्व में पुलिस बल भी तैनात रहा। पुलिस की मौजूदगी के कारण पूरा आयोजन शांतिपूर्ण और व्यवस्थित तरीके से संपन्न हुआ।

इस आयोजन ने एक बार फिर यह संदेश दिया कि त्योहार केवल खुशी मनाने का अवसर नहीं होते, बल्कि वे समाज में एकता और भाईचारे को मजबूत करने का माध्यम भी हैं। खैरागढ़ में आयोजित यह कार्यक्रम सामाजिक समरसता और सांस्कृतिक एकता का सुंदर उदाहरण बनकर सामने आया।