IC Mart प्रबंधन की प्रताड़ना से छात्रा की आत्महत्या मामले में मुख्य आरोपी राजस्थान से गिरफ्तार

कोरिया जिले के बैकुंठपुर में आईसी मार्ट प्रबंधन द्वारा कथित प्रताड़ना के बाद आत्महत्या करने वाली नाबालिग छात्रा के मामले में पुलिस ने मुख्य आरोपी विनोद वैद को राजस्थान से गिरफ्तार कर लिया है। दो अन्य आरोपियों की तलाश जारी है, जबकि राष्ट्रीय अनुसूचित जनजाति आयोग ने भी मामले में जवाब तलब किया है।

Jul 12, 2026 - 17:10
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IC Mart प्रबंधन की प्रताड़ना से छात्रा की आत्महत्या मामले में मुख्य आरोपी राजस्थान से गिरफ्तार

UNITED NEWS OF ASIA. कोरिया। छत्तीसगढ़ के कोरिया जिले के बैकुंठपुर में आईसी मार्ट (IC Mart) प्रबंधन की कथित प्रताड़ना के बाद आत्महत्या करने वाली 17 वर्षीय आदिवासी छात्रा के मामले में पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। मामले के मुख्य आरोपी विनोद वैद को राजस्थान से गिरफ्तार कर लिया गया है। वहीं, दो अन्य फरार आरोपियों की तलाश में पुलिस की टीमें लगातार छापेमारी कर रही हैं।

यह मामला उस समय सामने आया था जब पुलिस लाइन निवासी प्रधान आरक्षक शिवनाथ सिंह पैकरा की 17 वर्षीय पुत्री रितु सिंह उर्फ पूजा पैकरा ने अपने घर में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली थी। प्रारंभिक जांच में पुलिस को पता चला कि छात्रा घटना से पहले आईसी मार्ट गई थी, जहां उस पर कॉस्मेटिक सामान चोरी करने का आरोप लगाया गया।

परिजनों के आरोप के अनुसार, मार्ट प्रबंधन ने छात्रा को डराकर और दबाव बनाकर एक कागज पर कथित रूप से चोरी स्वीकार करने संबंधी बयान लिखवाया। इसके बाद छात्रा और उसके परिवार पर लगातार आर्थिक दबाव बनाया गया। आरोप है कि पहले 15 हजार रुपये, फिर 20 हजार रुपये और बाद में 50 हजार रुपये की मांग की गई। रुपये नहीं देने पर छात्रा की स्कूटी भी जबरन रोक ली गई।

परिजनों का कहना है कि सार्वजनिक रूप से अपमानित किए जाने, लगातार दबाव और मानसिक प्रताड़ना के कारण छात्रा गहरे सदमे में चली गई। इसी मानसिक तनाव के चलते उसने अपने घर में आत्महत्या कर ली। घटना के बाद पूरे क्षेत्र में आक्रोश फैल गया था और दोषियों की गिरफ्तारी की मांग तेज हो गई थी।

मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक ने तीनों फरार आरोपियों—जगत वैद, विनोद वैद और दीपक वैद—पर पांच-पांच हजार रुपये का इनाम घोषित किया था। मुखबिर से मिली सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने राजस्थान में दबिश देकर मुख्य आरोपी विनोद वैद को गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार आरोपी को न्यायालय में पेश करने की प्रक्रिया पूरी की जा रही है।

पुलिस के अनुसार, मामले में फरार अन्य दो आरोपियों की तलाश जारी है और संभावित ठिकानों पर लगातार छापेमारी की जा रही है। अधिकारियों का कहना है कि सभी आरोपियों को जल्द गिरफ्तार कर मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

इस संवेदनशील मामले ने राष्ट्रीय स्तर पर भी ध्यान आकर्षित किया है। राष्ट्रीय अनुसूचित जनजाति आयोग (NCST) ने घटना का स्वतः संज्ञान लेते हुए स्थानीय प्रशासन और पुलिस से विस्तृत रिपोर्ट मांगी है। आयोग ने मामले की निष्पक्ष जांच और दोषियों के विरुद्ध कानून के अनुसार कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं।

फिलहाल पुलिस पूरे प्रकरण की सभी पहलुओं से जांच कर रही है। साथ ही यह भी पता लगाया जा रहा है कि छात्रा के साथ कथित रूप से हुई प्रताड़ना और आर्थिक दबाव के संबंध में और कौन-कौन लोग जिम्मेदार थे।