डोंगरगांव को मिला नगर पालिका परिषद का दर्जा, विकास कार्यों को मिलेगी नई रफ्तार
राजनांदगांव जिले के डोंगरगांव नगर पंचायत को नगर पालिका परिषद का दर्जा मिल गया है। नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग की अधिसूचना जारी होने के बाद क्षेत्र में खुशी का माहौल है। इस निर्णय से नगर में आधारभूत सुविधाओं और विकास कार्यों को नई गति मिलने की उम्मीद जताई जा रही है।
UNITED NEWS OF ASIA. राजनांदगांव l डोंगरगांव नगरवासियों की लंबे समय से चली आ रही मांग पूरी हो गई है। राज्य सरकार ने डोंगरगांव नगर पंचायत का उन्नयन कर उसे नगर पालिका परिषद का दर्जा प्रदान कर दिया है। नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग द्वारा इस संबंध में राजपत्र अधिसूचना जारी किए जाने के बाद पूरे नगर में उत्साह और खुशी का माहौल है। नागरिकों और जनप्रतिनिधियों ने इस निर्णय का स्वागत करते हुए इसे डोंगरगांव के विकास के लिए ऐतिहासिक कदम बताया है।
जारी अधिसूचना के अनुसार छत्तीसगढ़ नगर पालिका अधिनियम, 1961 के प्रावधानों के तहत डोंगरगांव नगर पंचायत को नगर पालिका परिषद घोषित किया गया है। वर्ष 2011 की जनगणना के अनुसार लगभग 14 हजार 693 की आबादी वाले इस नगर को अब शहरी विकास योजनाओं में अधिक प्राथमिकता मिलेगी। साथ ही नगर के समग्र विकास के लिए अतिरिक्त संसाधन और योजनाओं का लाभ भी प्राप्त होगा।
उप मुख्यमंत्री अरुण साव ने कहा कि नगर पालिका परिषद का दर्जा मिलने से डोंगरगांव में आधारभूत सुविधाओं के विकास को नई गति मिलेगी। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में सड़क, नाली, पेयजल, स्वच्छता, स्ट्रीट लाइट, उद्यान, सामुदायिक भवन और अन्य आवश्यक नागरिक सुविधाओं के विकास कार्यों को तेजी से आगे बढ़ाया जाएगा। इसके साथ ही राज्य और केंद्र सरकार की विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ भी नगरवासियों तक अधिक प्रभावी ढंग से पहुंच सकेगा।
उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि नगर पालिका बनने के बाद डोंगरगांव का समग्र विकास होगा और नागरिकों को बेहतर शहरी सुविधाएं उपलब्ध होंगी। उन्होंने कहा कि यह निर्णय नगर के उज्ज्वल भविष्य की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है और आने वाले समय में डोंगरगांव विकास की नई पहचान बनाएगा।
नगर पालिका परिषद का दर्जा मिलने के बाद डोंगरगांव के जनप्रतिनिधियों, भाजपा पदाधिकारियों और नागरिकों ने नवा रायपुर स्थित शासकीय निवास कार्यालय में उप मुख्यमंत्री अरुण साव से मुलाकात कर उनका आभार व्यक्त किया। प्रतिनिधिमंडल ने कहा कि लंबे समय से नगर पालिका की मांग की जा रही थी, जिसे पूरा कर सरकार ने नगरवासियों की अपेक्षाओं को पूरा किया है।
प्रतिनिधिमंडल ने विश्वास जताया कि नगर पालिका बनने के बाद विकास योजनाओं के क्रियान्वयन में तेजी आएगी और नागरिक सुविधाओं का दायरा भी बढ़ेगा। नगर में बेहतर सड़कें, स्वच्छता व्यवस्था, पेयजल आपूर्ति, प्रकाश व्यवस्था और अन्य आधारभूत सुविधाओं का विस्तार होने से लोगों के जीवन स्तर में सुधार आएगा।
नगरवासियों ने इस निर्णय को डोंगरगांव के विकास की दिशा में मील का पत्थर बताते हुए उम्मीद जताई कि नगर पालिका परिषद बनने के बाद क्षेत्र में नियोजित विकास को नई गति मिलेगी और डोंगरगांव भविष्य में एक विकसित एवं आधुनिक नगर के रूप में अपनी नई पहचान स्थापित करेगा।