जारी आंकड़ों के अनुसार छत्तीसगढ़ ने योजना के क्रियान्वयन में शानदार प्रदर्शन किया है। राज्य में 93.37 प्रतिशत नामांकन, 83.87 प्रतिशत स्वीकृति दर और 93.95 प्रतिशत शिकायतों के त्वरित समाधान के साथ उत्कृष्ट परिणाम दर्ज किए गए हैं। इसके साथ ही 30 दिनों से अधिक लंबित प्रकरणों की दर मात्र 7.07 प्रतिशत और लंबित शिकायतों की दर 4.96 प्रतिशत रही है। ये आंकड़े योजना के प्रभावी और पारदर्शी संचालन को दर्शाते हैं। उल्लेखनीय है कि राज्य ने पिछले महीने की तुलना में 6 स्थानों की छलांग लगाते हुए पहला स्थान हासिल किया है।
इस उपलब्धि पर मुख्यमंत्री Vishnu Deo Sai ने महिला एवं बाल विकास विभाग के अधिकारियों, कर्मचारियों, आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं और मैदानी अमले को बधाई दी। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य को सर्वोच्च प्राथमिकता दे रही है। मुख्यमंत्री ने कहा कि इस योजना के माध्यम से गर्भवती महिलाओं को आर्थिक सहायता प्रदान कर सुरक्षित मातृत्व को बढ़ावा दिया जा रहा है और राज्य का पहला स्थान इसी दिशा में किए जा रहे निरंतर प्रयासों का परिणाम है।
महिला एवं बाल विकास मंत्री Lakshmi Rajwade ने भी इस उपलब्धि को प्रदेश के लिए गौरवपूर्ण क्षण बताया। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के कुशल मार्गदर्शन और दूरदर्शी नेतृत्व के कारण ही छत्तीसगढ़ आज देश के अग्रणी राज्यों में शामिल हुआ है। मंत्री ने कहा कि विभागीय अधिकारियों, कर्मचारियों और आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं के आपसी समन्वय, प्रतिबद्धता और समयबद्ध कार्यशैली के कारण ही राज्य यह मुकाम हासिल कर पाया है।
मंत्री राजवाड़े ने विश्वास व्यक्त किया कि विभाग भविष्य में भी इसी ऊर्जा और समर्पण के साथ कार्य करते हुए इस प्रथम स्थान को बनाए रखने का प्रयास करेगा और प्रदेश की प्रत्येक पात्र गर्भवती महिला तक योजना का लाभ समय पर पहुंचाएगा।
योजना के क्रियान्वयन की जानकारी देते हुए बताया गया कि वित्तीय वर्ष 2025-26 में अब तक प्रदेश में 1 लाख 86 हजार 586 गर्भवती महिलाओं का पंजीकरण प्रधानमंत्री मातृत्व वंदना योजना के अंतर्गत किया जा चुका है। राज्य सरकार द्वारा अब तक 72 करोड़ 24 लाख 89 हजार रुपये की राशि सीधे हितग्राही महिलाओं के बैंक खातों में अंतरित की जा चुकी है।
प्रधानमंत्री मातृत्व वंदना योजना के प्रभावी क्रियान्वयन से प्रदेश में मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य सेवाओं को नई मजबूती मिली है और छत्तीसगढ़ देश के सामने एक प्रेरणादायक मॉडल के रूप में उभर रहा है।