बस्तर में शांति और विकास से कांग्रेस परेशान, भाजपा ने लगाया अर्बन नक्सलवाद को बढ़ावा देने का आरोप

भाजपा प्रदेश प्रवक्ता देवलाल ठाकुर ने कांग्रेस पर आदिवासी समाज को केवल वोट बैंक के रूप में इस्तेमाल करने और बस्तर में विकास कार्यों को बाधित करने की कोशिश करने का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार बस्तर में शांति, रोजगार और आर्थिक आत्मनिर्भरता को बढ़ावा देने के लिए लगातार काम कर रही है तथा कांग्रेस की कोशिशों के बावजूद विकास का अभियान नहीं रुकेगा।

Jun 4, 2026 - 17:45
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बस्तर में शांति और विकास से कांग्रेस परेशान, भाजपा ने लगाया अर्बन नक्सलवाद को बढ़ावा देने का आरोप

UNITED NEWS OF ASIA. अमृतेश्वर सिंह, रायपुर। भारतीय जनता पार्टी ने बस्तर और आदिवासी क्षेत्रों के विकास को लेकर कांग्रेस पर तीखा हमला बोला है। भाजपा प्रदेश प्रवक्ता देवलाल ठाकुर ने आरोप लगाया है कि कांग्रेस ने वर्षों तक आदिवासी समाज को केवल वोट बैंक के रूप में इस्तेमाल किया और अब जब बस्तर में शांति, विकास और आर्थिक प्रगति का माहौल बन रहा है, तो कांग्रेस इसे स्वीकार नहीं कर पा रही है। उन्होंने दावा किया कि भाजपा सरकार आदिवासी क्षेत्रों के समग्र विकास के लिए प्रतिबद्ध है और इस दिशा में लगातार ठोस कदम उठाए जा रहे हैं।

रायपुर स्थित भाजपा कार्यालय में आयोजित प्रेस वार्ता के दौरान देवलाल ठाकुर ने कहा कि बस्तर क्षेत्र में नक्सलवाद पर नियंत्रण और सुरक्षा व्यवस्था में सुधार के बाद विकास कार्यों को नई गति मिली है। उनका कहना था कि केंद्र और राज्य सरकार की योजनाओं के माध्यम से आदिवासी समाज को रोजगार, शिक्षा और आर्थिक अवसर उपलब्ध कराने का प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार का उद्देश्य बस्तर को विकास और आत्मनिर्भरता का मॉडल बनाना है।

भाजपा प्रवक्ता ने कांग्रेस पर आरोप लगाते हुए कहा कि पार्टी बस्तर में भ्रम और अस्थिरता का वातावरण बनाने का प्रयास कर रही है। उन्होंने दावा किया कि कांग्रेस एक विशेष राजनीतिक एजेंडे के तहत क्षेत्र में विकास कार्यों को लेकर गलत संदेश फैलाने की कोशिश कर रही है। हालांकि उन्होंने अपने आरोपों के समर्थन में कोई विशिष्ट प्रमाण सार्वजनिक रूप से प्रस्तुत नहीं किया।

देवलाल ठाकुर ने कहा कि केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने बस्तर के आर्थिक और सामाजिक विकास के लिए विशेष दृष्टिकोण अपनाया है। उन्होंने बताया कि सरकार का लक्ष्य बस्तर के प्राकृतिक संसाधनों का उपयोग स्थानीय लोगों के हित में करना है, ताकि आदिवासी समाज को अधिक रोजगार और आय के अवसर मिल सकें। उन्होंने कहा कि जल, जंगल और जमीन पर आदिवासियों के अधिकारों को मजबूत करते हुए विकास योजनाओं को आगे बढ़ाया जा रहा है।

उन्होंने बस्तर क्षेत्र में संचालित विभिन्न आर्थिक गतिविधियों का उल्लेख करते हुए कहा कि स्थानीय स्तर पर उपलब्ध संसाधनों के मूल्य संवर्धन के लिए विशेष प्रयास किए जा रहे हैं। मीठी इमली, महुआ और बांस जैसे उत्पादों के प्रसंस्करण के लिए फूड प्रोसेसिंग इकाइयों और अन्य औद्योगिक परियोजनाओं की दिशा में काम किया जा रहा है। इन योजनाओं का उद्देश्य स्थानीय युवाओं और किसानों को रोजगार उपलब्ध कराना तथा उन्हें आर्थिक रूप से सशक्त बनाना है।

भाजपा प्रवक्ता ने कहा कि सरकार बस्तर में शांति व्यवस्था को मजबूत करने के साथ-साथ रोजगार और आधारभूत सुविधाओं के विस्तार पर भी ध्यान दे रही है। सड़क, शिक्षा, स्वास्थ्य और कृषि क्षेत्र में कई योजनाएं संचालित की जा रही हैं, जिनका लाभ ग्रामीण और आदिवासी समुदायों तक पहुंच रहा है। उनका दावा था कि इन प्रयासों के परिणामस्वरूप क्षेत्र में सकारात्मक बदलाव देखने को मिल रहे हैं।

देवलाल ठाकुर ने कहा कि भाजपा सरकार आदिवासी समाज के हितों की रक्षा और उनके जीवन स्तर को बेहतर बनाने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने विश्वास जताया कि विकास और शांति का यह अभियान आगे भी जारी रहेगा तथा बस्तर को एक विकसित और आत्मनिर्भर क्षेत्र बनाने के लक्ष्य की दिशा में सरकार निरंतर कार्य करती रहेगी। साथ ही उन्होंने कहा कि राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप के बावजूद विकास कार्यों को प्रभावित नहीं होने दिया जाएगा।