ओरमा में प्लास्टिक मुक्त अभियान को लेकर निकली जागरूकता रैली, ग्रामीणों ने लिया स्वच्छता का संकल्प
बालोद जिले के ग्राम पंचायत ओरमा में प्लास्टिक मुक्त अभियान के तहत जागरूकता रैली निकाली गई। सरपंच मंजूलता साहू के नेतृत्व में ग्रामीणों ने प्लास्टिक के उपयोग को कम करने और स्वच्छ वातावरण बनाने का संकल्प लिया।
UNITED NEWS OF ASIA. सुनील साहू, बालोद l बालोद जिले के ग्राम पंचायत ओरमा में प्लास्टिक मुक्त अभियान के तहत एक व्यापक जागरूकता रैली का आयोजन किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में ग्रामीणों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। इस रैली का नेतृत्व सरपंच Manjulata Sahu ने किया। रैली का मुख्य उद्देश्य लोगों को प्लास्टिक के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक करना और पर्यावरण संरक्षण के लिए प्रेरित करना था।
सुबह आयोजित इस रैली में ग्राम पंचायत के पंचगण, आंगनवाड़ी कार्यकर्ता, बिहान समूह की महिलाएं, स्व सहायता समूह, स्वच्छता समिति, मितानिन और ग्रामीणजन बड़ी संख्या में शामिल हुए। रैली गांव की प्रमुख गलियों से होकर गुजरी, जहां लोगों को प्लास्टिक के उपयोग को कम करने और उसके स्थान पर कपड़े के थैलों के इस्तेमाल के लिए प्रेरित किया गया।
इस अभियान में उप सरपंच रामचंद्र यादव, पंच सगुना साहू, फग्नी निषाद, डोमार कुंभकार, सामाजिक कार्यकर्ता युवराज निषाद, पशुसखी बीना साहू, स्वच्छग्राही महेश्वरी निषाद, पेमिन साहू, मितानिन दिलेश्वरी साहू, संतोषी साहू और शतरूपा साहू सहित कई सक्रिय ग्रामीणों ने अपनी भागीदारी निभाई। सभी ने मिलकर गांव को प्लास्टिक मुक्त बनाने का संदेश दिया।
रैली के दौरान सरपंच मंजूलता साहू ने ग्रामीणों को संबोधित करते हुए कहा कि प्लास्टिक का अत्यधिक उपयोग पर्यावरण और मानव स्वास्थ्य दोनों के लिए गंभीर खतरा बन चुका है। उन्होंने बताया कि प्लास्टिक को जलाने से भूमि की उर्वरता प्रभावित होती है, जिससे किसानों की फसल उत्पादन क्षमता पर नकारात्मक असर पड़ता है।
उन्होंने कहा कि यदि समय रहते इस समस्या पर ध्यान नहीं दिया गया, तो भविष्य में इसके गंभीर परिणाम देखने को मिल सकते हैं। इसलिए सभी ग्रामीणों को मिलकर प्लास्टिक के उपयोग को बंद करना चाहिए और उसके स्थान पर पर्यावरण अनुकूल विकल्प अपनाने चाहिए।
इस अवसर पर स्वच्छता अभियान, शौचालय उपयोग, जल संरक्षण और पर्यावरण संरक्षण से जुड़े महत्वपूर्ण संदेश भी दिए गए। ग्रामीणों को यह समझाया गया कि छोटे-छोटे प्रयासों से बड़े बदलाव लाए जा सकते हैं।
रैली के माध्यम से यह संदेश दिया गया कि यदि हर व्यक्ति अपने स्तर पर प्लास्टिक का उपयोग कम करे, तो गांव को स्वच्छ, सुरक्षित और प्रदूषण मुक्त बनाया जा सकता है। इस पहल को ग्रामीणों ने सराहा और भविष्य में भी ऐसे अभियानों में सक्रिय भागीदारी निभाने का संकल्प लिया।
समग्र रूप से ग्राम पंचायत ओरमा की यह पहल पर्यावरण संरक्षण की दिशा में एक प्रेरणादायक कदम है। यह न केवल ग्रामीणों में जागरूकता बढ़ाने का कार्य कर रही है, बल्कि अन्य गांवों के लिए भी एक उदाहरण प्रस्तुत कर रही है कि सामूहिक प्रयासों से स्वच्छ और स्वस्थ वातावरण का निर्माण संभव है।