अश्लील संदेश भेजने के आरोप पर छात्रा ने कॉलेज परिसर में प्रोफेसर को थप्पड़ मारे, वीडियो वायरल
रायगढ़ जिले के लैलूंगा स्थित शासकीय संत गहिरा गुरु रामेश्वर महाविद्यालय में एक छात्रा ने प्रोफेसर पर अश्लील संदेश भेजने का आरोप लगाते हुए कॉलेज परिसर में थप्पड़ मार दिए। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। मामले में लगाए गए आरोपों की आधिकारिक जांच और संबंधित पक्ष की प्रतिक्रिया का इंतजार है।
UNITED NEWS OF ASIA. महेंद्र अग्रवाल, रायगढ़ l जिले के लैलूंगा स्थित शासकीय संत गहिरा गुरु रामेश्वर महाविद्यालय में एक छात्रा द्वारा कॉलेज परिसर में एक प्रोफेसर को थप्पड़ मारने का मामला सामने आया है। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। छात्रा ने प्रोफेसर पर लंबे समय से अश्लील और आपत्तिजनक संदेश भेजकर मानसिक रूप से प्रताड़ित करने के आरोप लगाए हैं। हालांकि, इन आरोपों की स्वतंत्र आधिकारिक पुष्टि अभी नहीं हुई है।
जानकारी के अनुसार, छात्रा का आरोप है कि संबंधित प्रोफेसर पिछले लगभग डेढ़ वर्ष से टेलीग्राम और व्हाट्सएप के माध्यम से लगातार आपत्तिजनक संदेश भेज रहे थे। छात्रा का कहना है कि उसने कई बार इस व्यवहार का विरोध किया और प्रोफेसर को ऐसा करने से मना भी किया। इसके बावजूद कथित तौर पर संदेश भेजना बंद नहीं हुआ।
छात्रा ने आरोप लगाया कि जब उसे संदेश भेजने वाले व्यक्ति की पहचान हुई तो उसने स्पष्ट रूप से इस तरह की हरकतें बंद करने को कहा। छात्रा का दावा है कि इसके बाद भी कथित तौर पर प्रोफेसर द्वारा अनुचित संदेश भेजे जाते रहे और आपत्तिजनक संबंध बनाने का दबाव बनाया गया। इन आरोपों से परेशान होकर छात्रा अपने मंगेतर के साथ कॉलेज पहुंची, जहां दोनों पक्षों के बीच विवाद हुआ। इसी दौरान छात्रा ने प्रोफेसर की कॉलर पकड़कर उन्हें कई थप्पड़ मार दिए। इस पूरी घटना का वीडियो किसी मौजूद व्यक्ति ने रिकॉर्ड कर लिया, जो अब सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है।
घटना के बाद कॉलेज परिसर में कुछ समय के लिए अफरा-तफरी का माहौल बन गया। वीडियो वायरल होने के बाद मामला चर्चा का विषय बन गया है। घटना को लेकर विद्यार्थियों और स्थानीय लोगों के बीच भी विभिन्न प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं।
फिलहाल यह स्पष्ट नहीं है कि इस मामले में कॉलेज प्रशासन द्वारा क्या कार्रवाई की गई है या पुलिस में औपचारिक शिकायत दर्ज कराई गई है। संबंधित प्रोफेसर की ओर से भी इस मामले पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। ऐसे में छात्रा द्वारा लगाए गए आरोपों की पुष्टि जांच पूरी होने के बाद ही हो सकेगी।
मामले की निष्पक्ष जांच के बाद ही यह स्पष्ट होगा कि आरोपों में कितनी सच्चाई है और घटना की वास्तविक परिस्थितियां क्या थीं। यदि शिकायत दर्ज होती है तो पुलिस और कॉलेज प्रशासन उपलब्ध साक्ष्यों, डिजिटल संदेशों तथा अन्य तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई करेंगे।