पीएम-अजय योजना के तहत स्वरोजगार के लिए आवेदन आमंत्रित, अनुसूचित जाति वर्ग को मिलेगा बैंक ऋण व अनुदान
कबीरधाम जिले में प्रधानमंत्री अनुसूचित जाति अभ्युदय योजना (पीएम-अजय) के तहत अनुसूचित जाति वर्ग के युवाओं और इच्छुक हितग्राहियों से स्वरोजगार के लिए आवेदन आमंत्रित किए गए हैं। योजना के तहत बैंक ऋण के साथ अधिकतम 50 हजार रुपये तक का अनुदान दिया जाएगा। विभिन्न व्यवसायों के लिए ऋण सुविधा उपलब्ध रहेगी।
UNITED NEWS OF ASIA. कवर्धा l अनुसूचित जाति वर्ग के युवाओं और इच्छुक हितग्राहियों को स्वरोजगार से जोड़ने के उद्देश्य से जिला अंत्यावसायी सहकारी विकास समिति मर्यादित, कबीरधाम द्वारा प्रधानमंत्री अनुसूचित जाति अभ्युदय योजना (पीएम-अजय) के अंतर्गत आवेदन आमंत्रित किए गए हैं। योजना के माध्यम से पात्र आवेदकों को बैंक के जरिए ऋण उपलब्ध कराया जाएगा, जबकि जिला अंत्यावसायी सहकारी विकास समिति की ओर से नियमानुसार अनुदान भी प्रदान किया जाएगा।
योजना का उद्देश्य अनुसूचित जाति वर्ग के लोगों को स्वरोजगार के अवसर उपलब्ध कराकर उन्हें आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनाना है। इसके तहत विभिन्न लघु उद्योग, सेवा आधारित व्यवसाय और स्वरोजगार इकाइयों की स्थापना के लिए ऋण सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी। योजना की विशेषता यह है कि इसमें ऋण इकाई लागत की कोई अधिकतम सीमा निर्धारित नहीं की गई है। हितग्राही अपने व्यवसाय की आवश्यकता और परियोजना के अनुसार बैंक से ऋण प्राप्त कर सकते हैं।
पीएम-अजय योजना के अंतर्गत किराना दुकान, बेकरी, भोजन निर्माण, चाट एवं नाश्ता केंद्र, चाय कैंटीन, कोचिंग क्लास, हेयर कटिंग सैलून, ब्यूटी पार्लर, योग प्रशिक्षण केंद्र, लॉन्ड्री, घड़ी मरम्मत, विद्युत उपकरण सुधार, साइकिल एवं दोपहिया वाहन रिपेयरिंग, गृह सज्जा, बागवानी एवं नर्सरी, पशुपालन, बकरी पालन, मुर्गी पालन, मत्स्य पालन, मसाला उद्योग, स्टेशनरी दुकान, सिलाई-कढ़ाई एवं बुनाई, मशरूम उत्पादन, डिटर्जेंट पाउडर निर्माण, मोमबत्ती निर्माण, कृत्रिम आभूषण निर्माण, सॉफ्ट टॉयज निर्माण, लघु वनोपज एवं औषधीय उत्पाद निर्माण, कंप्यूटर हार्डवेयर एवं मोटर पंप मरम्मत, टाट-पट्टी एवं दरी बुनाई, रेडियो-टीवी रिपेयरिंग, काष्ठकला एवं फर्नीचर निर्माण, प्लास्टिक एवं बर्तन दुकान, फैंसी मनिहारी, स्टील फेब्रिकेशन, वर्मी कम्पोस्ट निर्माण, फास्ट फूड सेंटर तथा एग्रो सेंटर सहित अनेक व्यवसायों के लिए ऋण प्राप्त किया जा सकता है।
योजना के तहत स्वीकृत ऋण पर 50 प्रतिशत अथवा अधिकतम 50 हजार रुपये तक का अनुदान प्रदान किया जाएगा। इससे स्वरोजगार शुरू करने वाले हितग्राहियों पर आर्थिक बोझ कम होगा और उन्हें व्यवसाय स्थापित करने में सहायता मिलेगी।
जिला अंत्यावसायी सहकारी विकास समिति ने पात्र अनुसूचित जाति वर्ग के युवाओं और इच्छुक हितग्राहियों से अपील की है कि वे कार्यालयीन समय में कलेक्टोरेट भवन, कबीरधाम स्थित जिला अंत्यावसायी सहकारी विकास समिति कार्यालय से आवेदन पत्र प्राप्त करें। आवेदन पत्र को आवश्यक दस्तावेजों सहित पूर्ण रूप से भरकर समय पर जमा करने पर पात्र हितग्राहियों को योजना का लाभ उपलब्ध कराया जाएगा।
समिति का कहना है कि यह योजना अनुसूचित जाति वर्ग के युवाओं को रोजगार के नए अवसर प्रदान करने के साथ उन्हें आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल साबित होगी। सरकार का लक्ष्य अधिक से अधिक पात्र हितग्राहियों को योजना से जोड़कर स्वरोजगार को बढ़ावा देना और उनकी आर्थिक स्थिति को मजबूत करना है।