वार्ड 35 के अरिहंत कंट्रोल पर कार्रवाई, राशन वितरण में अनियमितता की शिकायतों के बाद कलेक्टर ने किया निलंबित
ग्वालियर दक्षिण विधानसभा क्षेत्र के वार्ड क्रमांक 35 स्थित अरिहंत कंट्रोल को राशन वितरण में अनियमितता और उपभोक्ताओं से कथित बदसलूकी की शिकायतों के बाद प्रशासन ने निलंबित कर दिया है। क्षेत्रीय भाजपा नेता ने कार्रवाई के लिए कलेक्टर रुचिका चौहान का आभार जताते हुए कहा कि गरीब और पात्र हितग्राहियों के राशन में किसी भी तरह की गड़बड़ी बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
UNITED NEWS OF ASIA. आलोक सक्सेना, ग्वालियर l ग्वालियर दक्षिण विधानसभा क्षेत्र के वार्ड क्रमांक 35 स्थित अरिहंत कंट्रोल पर राशन वितरण में अनियमितता और उपभोक्ताओं से कथित बदसलूकी की शिकायतों के बाद प्रशासन ने कार्रवाई करते हुए कंट्रोल को निलंबित कर दिया है। लंबे समय से राशन वितरण को लेकर सामने आ रही शिकायतों के बाद प्रशासन की ओर से यह कदम उठाया गया है। कार्रवाई के बाद क्षेत्र में राशन व्यवस्था को लेकर लोगों के बीच चर्चा तेज हो गई है।
बताया जा रहा है कि वार्ड क्रमांक 35 के अरिहंत कंट्रोल को लेकर पिछले कई महीनों से उपभोक्ताओं द्वारा शिकायतें की जा रही थीं। शिकायतों में पात्र हितग्राहियों को चावल नहीं मिलने, गेहूं के वितरण में अनियमितता और उपभोक्ताओं के साथ कथित दुर्व्यवहार के आरोप लगाए गए थे। स्थानीय लोगों का कहना था कि राशन लेने पहुंचने वाले उपभोक्ताओं को कई तरह की परेशानियों का सामना करना पड़ रहा था।
क्षेत्रीय भाजपा नेता ने इस मामले को जनता की समस्या बताते हुए प्रशासन के समक्ष उठाया और संबंधित राशन दुकान के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। शिकायतों और मामले को प्रशासन के संज्ञान में लाए जाने के बाद अरिहंत कंट्रोल के खिलाफ निलंबन की कार्रवाई की गई। क्षेत्रीय भाजपा नेता ने कार्रवाई के लिए कलेक्टर रुचिका चौहान का आभार व्यक्त किया।
भाजपा नेता ने कहा कि गरीब और पात्र हितग्राहियों के हक के राशन में किसी भी प्रकार की गड़बड़ी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने कहा कि राशन गरीब परिवारों के लिए सरकार की महत्वपूर्ण व्यवस्था है और पात्र हितग्राहियों तक उनका हक समय पर और नियमानुसार पहुंचना चाहिए। यदि राशन वितरण में किसी तरह की अनियमितता या उपभोक्ताओं के साथ अनुचित व्यवहार होता है तो उसके खिलाफ आवाज उठाना जरूरी है।
उन्होंने कहा कि पिछले कई महीनों से क्षेत्र के लोगों द्वारा चावल नहीं मिलने, गेहूं वितरण में अनियमितता और दुर्व्यवहार जैसी शिकायतें सामने आ रही थीं। जनता की समस्या को प्रशासन के समक्ष मजबूती से उठाया गया, जिसके बाद संबंधित कंट्रोल के निलंबन की कार्रवाई हुई। उन्होंने इसे जनता की आवाज की जीत बताते हुए कहा कि गरीबों और पात्र हितग्राहियों के अधिकारों के लिए आगे भी लगातार आवाज उठाई जाएगी।
क्षेत्रीय भाजपा नेता ने इस जनहित के प्रयास में सहयोग करने वाले सभी क्षेत्रवासियों और साथियों का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि प्रशासन की कार्रवाई से उपभोक्ताओं में भरोसा बढ़ा है और उम्मीद है कि भविष्य में राशन वितरण व्यवस्था अधिक पारदर्शी तरीके से संचालित होगी।
मामले को लेकर प्रशासनिक अधिकारी, क्षेत्रीय भाजपा नेता और स्थानीय नागरिकों की प्रतिक्रिया भी सामने आई है। खबर से संबंधित समाचार प्रस्तुति में अधिकारी, भाजपा नेता और क्षेत्रीय नागरिक के बयान प्रमुख रूप से शामिल किए जाएंगे। प्रशासन की कार्रवाई के बाद अब क्षेत्र के पात्र हितग्राहियों को राशन वितरण व्यवस्था सुचारु और पारदर्शी बनाए जाने की उम्मीद है।