सुकमा में कांग्रेस का प्रदर्शन, प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री का पुतला दहन कर जताया विरोध
सुकमा जिला मुख्यालय में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने संवैधानिक एजेंसियों के कथित दुरुपयोग के विरोध में प्रदर्शन किया। बस स्टैंड चौक पर प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री का पुतला दहन करते हुए कांग्रेस नेताओं ने केंद्र और राज्य सरकार पर विपक्ष की आवाज दबाने का आरोप लगाया।
UNITED NEWS OF ASIA. रिजेंट गिरी, सुकमा l संवैधानिक एजेंसियों के कथित दुरुपयोग के विरोध में शुक्रवार को जिला मुख्यालय सुकमा के बस स्टैंड चौक पर कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने प्रदर्शन किया। इस दौरान प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री का पुतला दहन कर केंद्र और राज्य सरकार के खिलाफ नारेबाजी की गई। प्रदर्शन में कांग्रेस के विभिन्न संगठनों के पदाधिकारी और बड़ी संख्या में कार्यकर्ता शामिल हुए।
प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार केंद्रीय जांच एवं अन्य संवैधानिक एजेंसियों का उपयोग विपक्षी नेताओं को राजनीतिक रूप से निशाना बनाने और उन पर झूठे मामले दर्ज कराने के लिए कर रही है। नेताओं का कहना था कि लोकतंत्र में संवैधानिक संस्थाओं की स्वतंत्रता और निष्पक्षता सर्वोपरि होती है, लेकिन वर्तमान परिस्थितियों में इन संस्थाओं का राजनीतिक उपयोग किया जा रहा है।
कांग्रेस नेताओं ने अपने संबोधन में कहा कि विपक्ष की आवाज को दबाने के बजाय सरकार को जनता से जुड़े मुद्दों पर जवाबदेही निभानी चाहिए। उनका आरोप था कि जनहित के महत्वपूर्ण विषयों से लोगों का ध्यान हटाने के लिए विपक्षी नेताओं के खिलाफ कार्रवाई की जा रही है। उन्होंने कहा कि लोकतांत्रिक व्यवस्था में असहमति की आवाज का सम्मान होना चाहिए और संवैधानिक संस्थाओं की निष्पक्षता बनाए रखना सरकार की जिम्मेदारी है।
प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने केंद्र और राज्य सरकार के खिलाफ नारे लगाए तथा लोकतांत्रिक मूल्यों और संविधान की रक्षा की मांग उठाई। कांग्रेस नेताओं ने कहा कि यदि विपक्षी नेताओं के खिलाफ इसी प्रकार की कार्रवाई जारी रही तो पार्टी आंदोलन को और व्यापक रूप देगी तथा प्रदेशभर में जनआंदोलन शुरू किया जाएगा।
वक्ताओं ने कहा कि कांग्रेस संविधान और लोकतांत्रिक संस्थाओं की गरिमा की रक्षा के लिए सड़क से लेकर सदन तक संघर्ष जारी रखेगी। उनका कहना था कि लोकतंत्र में राजनीतिक मतभेद स्वाभाविक हैं, लेकिन संवैधानिक संस्थाओं का उपयोग किसी भी राजनीतिक दल के खिलाफ हथियार के रूप में नहीं किया जाना चाहिए।
प्रदर्शन में जिला कांग्रेस कमेटी, नगर कांग्रेस, महिला कांग्रेस, युवा कांग्रेस, एनएसयूआई और सेवा दल सहित कांग्रेस के विभिन्न प्रकोष्ठों के पदाधिकारी एवं कार्यकर्ताओं ने भाग लिया। कार्यक्रम के दौरान नेताओं ने केंद्र और राज्य सरकार की नीतियों की आलोचना करते हुए लोकतांत्रिक मूल्यों की रक्षा के लिए संघर्ष जारी रखने की बात कही।
प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस नेताओं शेख सजार और मोहम्मद हुसैन ने भी मीडिया से बातचीत करते हुए पार्टी का पक्ष रखा। कार्यक्रम शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुआ। प्रदर्शन के दौरान सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस बल भी मौके पर तैनात रहा।