अमित शाह के बस्तर दौरे पर कांग्रेस का प्रदर्शन, पुलिस से झड़प के बीच गूंजे आदिवासी अधिकारों के मुद्दे

केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के बस्तर दौरे के दौरान जगदलपुर में कांग्रेस ने विशाल प्रदर्शन और रैली निकाली। बस्तर के स्थानीय मुद्दों, निजीकरण और आदिवासी अधिकारों को लेकर निकाले गए ‘बस्तर अधिकार मार्च’ में पुलिस और कांग्रेस कार्यकर्ताओं के बीच तीखी झड़प हुई। कांग्रेस नेताओं ने सरकार पर बस्तर की समस्याओं की अनदेखी करने का आरोप लगाया।

May 19, 2026 - 15:30
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अमित शाह के बस्तर दौरे पर कांग्रेस का प्रदर्शन, पुलिस से झड़प के बीच गूंजे आदिवासी अधिकारों के मुद्दे

UNITED NEWS OF ASIA. महेश राव l केंद्रीय गृह मंत्री अमित साह के दो दिवसीय बस्तर दौरे के दौरान जगदलपुर में राजनीतिक माहौल गरमा गया। छत्तीसगढ़ प्रदेश कांग्रेस कमेटी के नेतृत्व में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने बस्तर के स्थानीय मुद्दों, आदिवासी अधिकारों और निजीकरण के विरोध में विशाल प्रदर्शन और रैली निकालकर केंद्र तथा राज्य सरकार के खिलाफ मोर्चा खोल दिया। इस दौरान पुलिस और कांग्रेस कार्यकर्ताओं के बीच तीखी झड़प भी देखने को मिली, जिससे पूरे क्षेत्र में तनाव का माहौल बन गया।

कांग्रेस द्वारा आयोजित इस प्रदर्शन को ‘बस्तर अधिकार मार्च’ नाम दिया गया था। रैली का नेतृत्व प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष Deepak Baij ने किया। कांग्रेस भवन से शुरू हुए इस मार्च में बड़ी संख्या में कार्यकर्ता शामिल हुए। प्रदर्शन में पूर्व मंत्री Mohan Markam, बस्तर विधायक Lakheshwar Baghel, पूर्व विधायक Rekhchand Jain तथा पूर्व महापौर Jatin Jaiswal सहित कई वरिष्ठ कांग्रेस नेता और बस्तर संभाग के कार्यकर्ता मौजूद रहे।

कांग्रेस नेताओं का कहना था कि बस्तर क्षेत्र में आदिवासियों के जल, जंगल और जमीन से जुड़े मुद्दों की लगातार अनदेखी की जा रही है। प्रदर्शनकारी केंद्रीय गृह मंत्री से मुलाकात कर उन्हें मांग पत्र सौंपना चाहते थे। इसी उद्देश्य से कांग्रेस कार्यकर्ता पैदल मार्च करते हुए आगे बढ़े। हालांकि जैसे ही रैली शहर के मिताली चौक पहुंची, वहां पहले से तैनात भारी पुलिस बल ने बैरिकेडिंग कर उन्हें रोक दिया।

बैरिकेडिंग के दौरान स्थिति अचानक तनावपूर्ण हो गई। कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने आगे बढ़ने का प्रयास किया, जबकि पुलिस ने उन्हें रोकने की कोशिश की। इस दौरान दोनों पक्षों के बीच धक्का-मुक्की हुई। कुछ कार्यकर्ताओं ने बैरिकेड्स हटाने और तोड़ने का प्रयास भी किया, लेकिन भारी पुलिस बल की मौजूदगी के कारण वे आगे नहीं बढ़ सके। मौके पर काफी देर तक अफरा-तफरी और नारेबाजी का माहौल बना रहा।

प्रदर्शन के बाद मीडिया से बातचीत करते हुए दीपक बैज ने सरकार पर तीखा हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रशासन ने जानबूझकर कांग्रेस प्रतिनिधिमंडल को केंद्रीय गृह मंत्री से मिलने से रोका। उन्होंने कहा कि बस्तर के आदिवासियों, युवाओं और स्थानीय लोगों की समस्याओं को लगातार नजरअंदाज किया जा रहा है। कांग्रेस नेताओं ने यह भी आरोप लगाया कि सरकार की नीतियों के कारण स्थानीय संसाधनों का निजीकरण बढ़ रहा है और इसका सीधा असर आदिवासी समुदाय पर पड़ रहा है।

कांग्रेस नेतृत्व ने चेतावनी दी कि बस्तर के अधिकारों की रक्षा के लिए आंदोलन आगे भी जारी रहेगा। पार्टी ने स्पष्ट किया कि जल, जंगल और जमीन से जुड़े मुद्दों पर संघर्ष को और तेज किया जाएगा। प्रदर्शन के बाद पूरे दिन जगदलपुर में राजनीतिक हलचल बनी रही और सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई।