कमराखोल में मुख्यमंत्री की अनोखी चैपाल: लखपति दीदियों के हौसले को सराहा, कई विकास कार्यों की घोषणा

मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कवर्धा जिले के बैगा बाहुल्य ग्राम कमराखोल में आम पेड़ के नीचे चैपाल लगाकर ग्रामीणों से संवाद किया। इस दौरान लखपति दीदियों को प्रोत्साहित किया और सड़क, सामुदायिक भवन सहित कई विकास कार्यों की घोषणा की।

May 6, 2026 - 12:07
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कमराखोल में मुख्यमंत्री की अनोखी चैपाल: लखपति दीदियों के हौसले को सराहा, कई विकास कार्यों की घोषणा

UNITED NEWS OF ASIA. सौरभ नामदेव, कवर्धा l छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने अपने जनसंपर्क अभियान के तहत कबीरधाम जिले के पंडरिया क्षेत्र के लोखान पंचायत अंतर्गत बैगा बाहुल्य ग्राम कमराखोल में एक अनोखी चैपाल लगाई। मई की तपती गर्मी के बीच मुख्यमंत्री ने आम के पेड़ के नीचे ग्रामीणों के बीच बैठकर उनकी समस्याएं सुनीं और शासन की योजनाओं के क्रियान्वयन का जायजा लिया।

मुख्यमंत्री के अचानक आगमन से ग्रामीणों में उत्साह का माहौल रहा। बीरनमाला और कमल फूल से उनका आत्मीय स्वागत किया गया। इस दौरान उन्होंने ग्रामीण महिलाओं से संवाद करते हुए पूछा कि कितनी महिलाएं “लखपति दीदी” बन चुकी हैं। एक साथ कई हाथ उठते देख मुख्यमंत्री प्रसन्न हो उठे और उन्होंने सभी को आगे बढ़कर “करोड़पति” बनने का लक्ष्य रखने के लिए प्रेरित किया।

चैपाल में लखपति दीदियों ने अपनी सफलता की कहानियां भी साझा कीं। कुकदूर की श्रीमती कचरा तेलगाम ने बताया कि वे प्रधानमंत्री आवास निर्माण कार्य में सेंट्रिंग प्लेट लगाने का काम करती हैं, जिससे उन्हें सालाना लगभग 80 हजार रुपये की आय हो रही है। उन्होंने मुख्यमंत्री को महुआ और चार भेंट करते हुए अपनी आत्मीयता भी दिखाई।

इसी तरह श्रीमती रजमत बाई धुर्वे ने मटेरियल सप्लाई के व्यवसाय से सालाना 2.5 से 3 लाख रुपये की आय होने की जानकारी दी। वहीं पशु सखी श्रीमती शिवरानी पटेल ने बिहान योजना के तहत ऋण लेकर सब्जी उत्पादन शुरू किया, जिससे उन्हें सालाना डेढ़ लाख रुपये की आमदनी हो रही है। इन कहानियों को सुनकर मुख्यमंत्री ने सभी महिलाओं को निरंतर मेहनत और आत्मनिर्भर बनने के लिए प्रोत्साहित किया।

चैपाल के दौरान एक भावुक पल तब आया जब एक महिला अपने नवजात बच्चे के साथ पहुंची और मुख्यमंत्री से उसका नामकरण करने का अनुरोध किया। मुख्यमंत्री ने स्नेहपूर्वक बच्चे का नाम “रविशंकर बघेल” रखा और आशीर्वाद स्वरूप 500 रुपये प्रदान किए। पंडरिया विधायक भावना बोहरा ने भी बच्चे को आशीर्वाद दिया, जिससे पूरे माहौल में खुशी की लहर दौड़ गई।

इस अवसर पर मेधावी विद्यार्थियों को भी सम्मानित किया गया। छिरहा के छात्र राजेंद्र मसराम, जिन्होंने हाई स्कूल में 94.5 प्रतिशत अंक प्राप्त कर जिले में नौवां स्थान हासिल किया, को मुख्यमंत्री ने पेन भेंट कर प्रोत्साहित किया। साथ ही कक्षा नवमी की छात्रा हेम कुमारी को भी उनके प्रदर्शन के लिए सराहा और आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया।

मुख्यमंत्री ने चैपाल के दौरान ग्रामीणों की मांगों पर कई महत्वपूर्ण घोषणाएं भी कीं। इनमें मिशन तालाब गहरीकरण, रामखिलावन के घर से देवसरा तक लगभग 6 किलोमीटर मिट्टी-मुरुम सड़क निर्माण, सामुदायिक भवन, मुक्तिधाम शेड और महिलाओं के लिए महतारी सदन का निर्माण शामिल है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार का लक्ष्य है कि दूरस्थ क्षेत्रों तक भी योजनाओं का लाभ पहुंचे और हर नागरिक विकास की मुख्यधारा से जुड़ सके। इस दौरान वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी और जनप्रतिनिधि भी उपस्थित रहे। यह चैपाल न केवल जनसंवाद का माध्यम बनी, बल्कि ग्रामीणों के लिए उम्मीद और विकास का संदेश भी लेकर आई।