जशपुर में पहली बार ‘चेकमेट एट जशपुर’ शतरंज प्रतियोगिता का शुभारंभ, 12 राज्यों के 175 से अधिक खिलाड़ी शामिल

जशपुर में पहली बार अखिल भारतीय ओपन फिडे रेटेड शतरंज प्रतियोगिता ‘चेकमेट एट जशपुर 2026’ का शुभारंभ उप मुख्यमंत्री अरुण साव ने किया। प्रतियोगिता 29 अगस्त से 1 सितंबर तक पुरानी टोली स्थित कम्युनिटी हॉल में आयोजित की जा रही है। इसमें देश के 12 राज्यों से 175 से अधिक खिलाड़ी और कोच हिस्सा ले रहे हैं। अरुण साव ने कहा कि शतरंज धैर्य, एकाग्रता, सोच-समझकर निर्णय लेने और चुनौतियों का सामना करने की सीख देता है।

Aug 30, 2026 - 09:39
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जशपुर में पहली बार ‘चेकमेट एट जशपुर’ शतरंज प्रतियोगिता का शुभारंभ, 12 राज्यों के 175 से अधिक खिलाड़ी शामिल

UNITED NEWS OF ASIA. जशपुर l जशपुर में पहली बार आयोजित हो रही ‘चेकमेट एट जशपुर – अखिल भारतीय ओपन फिडे रेटेड शतरंज प्रतियोगिता 2026’ का शुभारंभ उप मुख्यमंत्री तथा खेल एवं युवा कल्याण मंत्री अरुण साव ने किया। खेल एवं युवा कल्याण विभाग और जशपुर जिला शतरंज संघ के संयुक्त आयोजन में यह प्रतियोगिता 29 अगस्त से 1 सितंबर तक पुरानी टोली स्थित कम्युनिटी हॉल में आयोजित की जा रही है।

प्रतियोगिता में देशभर के 12 राज्यों के 175 से अधिक खिलाड़ी और कोच हिस्सा ले रहे हैं। जशपुर में पहली बार आयोजित हो रही इस राष्ट्रीय स्तर की शतरंज प्रतियोगिता को लेकर खिलाड़ियों और खेल प्रेमियों में उत्साह देखने को मिल रहा है।

शतरंज सिखाता है धैर्य और सही निर्णय लेना

उद्घाटन समारोह को संबोधित करते हुए अरुण साव ने कहा कि शतरंज केवल मनोरंजन या प्रतियोगिता का खेल नहीं है, बल्कि यह जीवन से जुड़ी कई महत्वपूर्ण सीख देता है। उन्होंने कहा कि शतरंज परंपरा और संस्कृति से जुड़ा खेल है और यह व्यक्ति को जीवन में धैर्य रखने, कोई कदम उठाने से पहले सोचने तथा सही निर्णय लेने की कला सिखाता है।

उन्होंने कहा कि कठिन परिस्थितियों में धैर्य बनाए रखना, एकाग्रता के साथ लक्ष्य पर ध्यान केंद्रित करना और सोच-समझकर आगे बढ़ना शतरंज की महत्वपूर्ण सीख है। खेल के दौरान सामने आने वाली हर चुनौती का सामना करने की क्षमता भी शतरंज खिलाड़ियों में विकसित करता है।

अरुण साव ने कहा कि शतरंज के 64 खाने और 32 मोहरों में जीवन से जुड़ी कई सीख छिपी हुई हैं। हर चाल के पीछे रणनीति और भविष्य की योजना होती है। इसी तरह जीवन में भी किसी निर्णय को लेने से पहले उसके परिणामों पर विचार करना आवश्यक है।

चार दिनों तक चलेगी प्रतियोगिता

‘चेकमेट एट जशपुर 2026’ प्रतियोगिता चार दिनों तक चलेगी। इसमें अलग-अलग राज्यों से पहुंचे खिलाड़ी अपनी शतरंज प्रतिभा का प्रदर्शन करेंगे। फिडे रेटेड प्रतियोगिता होने के कारण खिलाड़ियों को राष्ट्रीय स्तर पर अपनी रैंकिंग और प्रदर्शन बेहतर करने का अवसर भी मिलेगा।

आयोजन के माध्यम से जशपुर में शतरंज के प्रति रुचि बढ़ाने और स्थानीय खिलाड़ियों को बड़े स्तर के खिलाड़ियों के साथ प्रतिस्पर्धा करने का मंच उपलब्ध कराने का प्रयास किया जा रहा है। प्रतियोगिता में अनुभवी खिलाड़ियों के साथ प्रतिभाशाली खिलाड़ी भी हिस्सा ले रहे हैं।

जनप्रतिनिधि और अधिकारी रहे मौजूद

प्रतियोगिता के शुभारंभ अवसर पर वनवासी कल्याण आश्रम के योगेश बापट, छत्तीसगढ़ भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार कल्याण मंडल के अध्यक्ष रामप्रताप सिंह, नगर पालिका अध्यक्ष अरविन्द भगत, जशपुर जनपद पंचायत अध्यक्ष गंगा राम भगत, कलेक्टर रोहित व्यास, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक लाल उमेंद सिंह और मुख्य नगर पालिका अधिकारी योगेश्वर उपाध्याय सहित जनप्रतिनिधि, खिलाड़ी, कोच एवं खेल प्रेमी बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।

जशपुर में पहली बार हो रही अखिल भारतीय फिडे रेटेड शतरंज प्रतियोगिता को जिले में खेल गतिविधियों के विस्तार की दिशा में महत्वपूर्ण आयोजन माना जा रहा है। प्रतियोगिता के माध्यम से खिलाड़ियों को प्रतिस्पर्धात्मक अनुभव मिलने के साथ जशपुर को राष्ट्रीय खेल आयोजन के मानचित्र पर पहचान मिलने की उम्मीद है।