UNITED NEWS OF ASIA. सुनील साहू, बालोद। छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा आयोजित किए जा रहे सुशासन तिहार 2026 को लेकर प्रशासन ने अपनी तैयारियां तेज कर दी हैं। इसी कड़ी में प्रदेश के उप मुख्यमंत्री एवं जिले के प्रभारी मंत्री विजय शर्मा ने वर्चुअल बैठक के माध्यम से बालोद सहित अन्य जिलों में तैयारियों की समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित करते हुए कहा कि 01 मई से 10 जून तक चलने वाले इस अभियान को पूरी गंभीरता और समर्पण के साथ सफल बनाया जाए।
बैठक के दौरान उप मुख्यमंत्री ने विशेष रूप से जनसमस्या निवारण शिविरों की व्यवस्थाओं पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि शिविरों में आने वाले आम नागरिकों के आवेदनों का शत-प्रतिशत निराकरण सुनिश्चित किया जाए। साथ ही वर्तमान में पड़ रही भीषण गर्मी को ध्यान में रखते हुए पेयजल, छाया, पंडाल, कूलर और बैठने की पर्याप्त व्यवस्था करने के निर्देश दिए गए।
उन्होंने यह भी कहा कि इस अभियान में जनप्रतिनिधियों और सामाजिक संगठनों की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित की जाए, ताकि आम जनता तक योजनाओं का लाभ अधिक प्रभावी तरीके से पहुंच सके। उप मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि सुशासन तिहार का उद्देश्य शासन और जनता के बीच सीधा संवाद स्थापित करना और समस्याओं का मौके पर ही समाधान करना है।
बैठक में कलेक्टर दिव्या उमेश मिश्रा ने जानकारी दी कि जिले में सुशासन तिहार के आयोजन के लिए सभी आवश्यक तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। उन्होंने बताया कि जिले में कुल 32 जनसमस्या निवारण शिविर आयोजित किए जाएंगे, जिनमें 23 शिविर ग्रामीण क्षेत्रों में और 9 शिविर नगरीय क्षेत्रों में लगाए जाएंगे। इन शिविरों के माध्यम से विभिन्न विभागों की सेवाएं एक ही स्थान पर उपलब्ध कराई जाएंगी।
उप मुख्यमंत्री ने बालोद जिले की तैयारियों की सराहना करते हुए अन्य जिलों को भी इसी प्रकार की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि प्रशासन की सक्रियता और समन्वय से ही इस अभियान को सफल बनाया जा सकता है।
बैठक में जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी सुनील चंद्रवंशी, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक मोनिका ठाकुर, डिप्टी कलेक्टर प्राची ठाकुर सहित अन्य जिला स्तरीय अधिकारी उपस्थित रहे।
इस अवसर पर कुछ महत्वपूर्ण निर्देश भी दिए गए, जिनमें शिविरों में पेयजल, छाया और कूलर की अनिवार्य व्यवस्था, आम जनता के आवेदनों का त्वरित निराकरण, किसानों को निःशुल्क नक्शा-खसरा उपलब्ध कराना और राजस्व एवं जनसमस्या निवारण शिविरों का एक साथ आयोजन शामिल है। इसके साथ ही पुलिस विभाग द्वारा नशा उन्मूलन और साइबर जागरूकता अभियान भी चलाया जाएगा।
कुल मिलाकर, सुशासन तिहार 2026 के माध्यम से शासन आम जनता तक अपनी पहुंच मजबूत करने और उनकी समस्याओं का त्वरित समाधान करने के उद्देश्य से एक व्यापक पहल कर रहा है, जिससे प्रशासनिक व्यवस्था में पारदर्शिता और विश्वास को और अधिक मजबूती मिलेगी।