बकली गांव का बेटा अब देश की सेवा में, बालाराम मारकंडे का CISF में चयन, गांव में निकली भव्य शोभायात्रा
राजिम के ग्राम बकली निवासी बालाराम मारकंडे का बीएसएफ प्रशिक्षण पूर्ण कर केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल (CISF) में चयन हुआ है। उनकी इस उपलब्धि पर गांव में गाजे-बाजे के साथ भव्य शोभायात्रा निकाली गई।
UNITED NEWS OF ASIA.रुपेश साहू, गरिया बंद | छत्तीसगढ़ के राजिम क्षेत्र अंतर्गत ग्राम बकली के लिए यह गर्व और सम्मान का क्षण है, जब गांव के होनहार युवक बालाराम मारकंडे का चयन केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल (CISF) में हुआ है। बालाराम ने बीएसएफ का कठिन प्रशिक्षण सफलतापूर्वक पूर्ण करने के बाद यह उपलब्धि हासिल की है। उनके चयन से न केवल उनका परिवार बल्कि पूरा गांव गौरवान्वित महसूस कर रहा है।
बालाराम मारकंडे के गांव आगमन पर ग्रामीणों द्वारा गाजे-बाजे के साथ भव्य शोभायात्रा निकाली गई। पूरे गांव में उत्सव जैसा माहौल देखने को मिला। ग्रामीणों ने फूल-मालाओं, पटाखों और ढोल-नगाड़ों के साथ बालाराम का जोरदार स्वागत किया। शोभायात्रा के दौरान ग्रामीणों ने देशभक्ति के नारों के साथ बालाराम के उज्ज्वल भविष्य की कामना की।
बालाराम मारकंडे की यह सफलता उनकी निरंतर मेहनत, अनुशासन और लगन का परिणाम है। कठिन परिश्रम और आत्मविश्वास के बल पर उन्होंने यह मुकाम हासिल किया। बालाराम के पिता चरण मारकंडे, भाई दिलीप मारकंडे एवं चेतन मारकंडे ने बेटे की इस उपलब्धि पर खुशी जाहिर करते हुए कहा कि यह पूरे परिवार के लिए गर्व की बात है।
सम्मान समारोह एवं शोभायात्रा में ग्राम पंचायत प्रतिनिधि हीराधर, ओमप्रकाश साहू, मालिकराम साहू, जित्तू खुटे, लेखचन, संजय साहू, दिनेश साहू, दिलीप, हरीश तारक, गणपत तारक, कमल देवांगन, गंगा यादव, अमरदास मिरी, मुकेश मिरी, भूपेश यादव, तुलादास, मुकेश पुरेना, नेमीचंद पटेल, शंकर पटेल, परवीण सेन सहित पूरा मारकंडे परिवार, ग्राम के युवा साथी एवं बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे।
ग्रामीणों ने कहा कि यह पूरे गांव और क्षेत्र के लिए गौरव की बात है कि बकली गांव का एक बेटा देश की सीमाओं और महत्वपूर्ण संस्थानों की सुरक्षा के लिए चुना गया है। खास बात यह है कि जिले से चयनित होने वाले चुनिंदा युवाओं में बालाराम का नाम शामिल है।
बालाराम मारकंडे की यह सफलता आने वाली पीढ़ी के युवाओं के लिए प्रेरणास्रोत बनेगी और देश सेवा के प्रति नई ऊर्जा का संचार करेगी।