नर्मदा प्रदक्षिणा सेवा यात्रा पूर्ण: गुरुदेव नर्मदानंद बापजी के प्रथम रतलाम आगमन पर उमड़ा श्रद्धा का सैलाब
नर्मदा प्रदक्षिणा तृतीय सेवा यात्रा के समापन के बाद गुरुदेव नर्मदानंद बापजी के प्रथम रतलाम आगमन पर भव्य स्वागत हुआ। श्रद्धालुओं ने बड़ी संख्या में दर्शन कर राष्ट्र व नर्मदा सेवा का संदेश ग्रहण किया।
UNITED NEWS OF ASIA. राजेश पुरोहित, रतलाम। राष्ट्र को समर्पित नर्मदा प्रदक्षिणा तृतीय सेवा यात्रा के सफलतापूर्वक पूर्ण होने के पश्चात पूज्य श्री श्री 1008 नर्मदानंद बापजी का रतलाम में प्रथम आगमन हुआ। इस पावन अवसर पर नगर में आध्यात्मिक उल्लास और श्रद्धा का वातावरण देखने को मिला। मोहन मुरलीवाला मित्र मंडल द्वारा गुरुदेव का चरण वंदन कर पुष्पहार, शाल एवं जयघोष के साथ भव्य स्वागत किया गया।
कार्यक्रम में गुरुदेव नर्मदानंद बापजी ने नर्मदा सेवा, राष्ट्र सेवा और आध्यात्मिक चेतना पर अपने प्रेरक विचार रखे। उन्होंने कहा कि सेवा ही सच्ची साधना है और नर्मदा माता की सेवा से राष्ट्र की चेतना सशक्त होती है। गुरुदेव के विचारों ने उपस्थित श्रद्धालुओं को आत्मचिंतन और समाज के प्रति दायित्वबोध के लिए प्रेरित किया।
कार्यक्रम स्थल पर बड़ी संख्या में श्रद्धालु एकत्रित हुए। श्रद्धालुओं ने गुरुदेव के दर्शन कर आशीर्वाद प्राप्त किया तथा सेवा यात्रा के अनुभवों को सुनकर भावविभोर हो उठे। आयोजन के दौरान भक्ति गीतों और जयघोष से वातावरण आध्यात्मिक ऊर्जा से परिपूर्ण रहा।
इस अवसर पर भारतीय जनता पार्टी के जिला अध्यक्ष प्रदीप उपाध्याय, प्रभात सुराना सहित अनेक गणमान्यजन, समाजसेवी, धर्मप्रेमी नागरिक एवं विभिन्न संगठनों के प्रतिनिधि उपस्थित रहे। सभी ने गुरुदेव के आगमन को रतलाम के लिए गौरवपूर्ण क्षण बताया और भविष्य में नर्मदा सेवा एवं सामाजिक कार्यों में सक्रिय सहभागिता का संकल्प लिया।
कार्यक्रम के समापन पर आयोजकों ने उपस्थित जनसमुदाय का आभार व्यक्त किया तथा गुरुदेव के सान्निध्य को नगर के लिए प्रेरणादायी बताया।