रायपुर में डायल-112 फेस-02 नेक्स्ट जेनरेशन प्रशिक्षण आयोजित, 125 से अधिक कर्मचारी हुए प्रशिक्षित

रायपुर पुलिस कमिश्नरेट द्वारा डायल-112 फेस-02 नेक्स्ट जेनरेशन परियोजना के तहत ईआरवी कर्मचारियों और चालकों के लिए विशेष प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया। प्रशिक्षण में मेडिकल इमरजेंसी, आगजनी प्रबंधन, कानून-व्यवस्था और सीपीआर जैसी महत्वपूर्ण विषयों पर व्यावहारिक जानकारी दी गई।

May 24, 2026 - 11:32
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रायपुर में डायल-112 फेस-02 नेक्स्ट जेनरेशन प्रशिक्षण आयोजित, 125 से अधिक कर्मचारी हुए प्रशिक्षित

UNITED NEWS OF ASIA. हसीब अख्तर, रायपुर l रायपुर पुलिस कमिश्नरेट द्वारा “डायल-112 फेस-02 नेक्स्ट जेनरेशन” परियोजना के तहत इमर्जेंसी रिस्पॉन्स व्हीकल (ईआरवी) की कार्यक्षमता और त्वरित प्रतिक्रिया क्षमता को मजबूत बनाने के उद्देश्य से एक दिवसीय विशेष प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया। यह प्रशिक्षण कार्यक्रम सिविल लाइंस स्थित सी-04 भवन के सभाकक्ष में आयोजित हुआ, जिसमें रायपुर कमिश्नरेट और रायपुर ग्रामीण क्षेत्र के 54 ईआरवी वाहनों में पदस्थ पुलिस कर्मचारी और चालक शामिल हुए। प्रशिक्षण कार्यक्रम से 125 से अधिक कर्मचारियों को लाभ मिला।

यह प्रशिक्षण पुलिस कमिश्नर Dr. Sanjeev Shukla के निर्देशन में आयोजित किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता अतिरिक्त पुलिस कमिश्नर अमित तुकाराम कांबले ने की। उन्होंने प्रशिक्षण के दौरान कर्मचारियों को रिस्पांस टाइम के महत्व के बारे में जानकारी देते हुए कहा कि आपातकालीन परिस्थितियों में त्वरित प्रतिक्रिया ही नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने का सबसे महत्वपूर्ण आधार है।

डायल-112 की नोडल अधिकारी और अतिरिक्त पुलिस उपायुक्त (मुख्यालय) डॉ. अर्चना झा ने प्रशिक्षण में शामिल कर्मचारियों का उत्साहवर्धन किया। उन्होंने फील्ड में कार्यरत पुलिस कर्मचारियों की सराहना करते हुए कहा कि डायल-112 सेवा आम नागरिकों के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है और इसमें कार्यरत कर्मचारियों को हर परिस्थिति में सतर्क और संवेदनशील रहना चाहिए। उन्होंने ड्यूटी के दौरान ध्यान रखने योग्य आवश्यक बातों की भी जानकारी दी।

प्रशिक्षण कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य ईआरवी स्टाफ और चालकों को विभिन्न आपातकालीन परिस्थितियों से निपटने के लिए व्यावहारिक रूप से तैयार करना था। इसमें मेडिकल इमरजेंसी, आगजनी, कानून-व्यवस्था से जुड़ी घटनाएं, प्राथमिक उपचार और नागरिक सुरक्षा जैसे विषयों पर विस्तृत जानकारी दी गई।

अतिरिक्त पुलिस उपायुक्त (पश्चिम जोन) राहुल देव शर्मा ने प्रशिक्षण के दौरान रायपुर कमिश्नरेट की नई व्यवस्थाओं और कानून-व्यवस्था ड्यूटी की अहमियत पर प्रकाश डाला। उन्होंने शहर में ईआरवी वाहनों की विजिबिलिटी और त्वरित तैनाती सुनिश्चित करने पर जोर देते हुए कर्मचारियों को सजगता और अनुशासन बनाए रखने के निर्देश दिए।

आगजनी प्रबंधन सत्र में टिकरापारा अग्निशमन केंद्र के प्रभारी निरीक्षक लिलेश्वर सिंह राजपूत और उनकी टीम ने भीषण गर्मी के दौरान आग से बचाव और नियंत्रण के उपायों की जानकारी दी। कर्मचारियों को आग लगने की स्थिति में अपनाई जाने वाली त्वरित कार्यवाही का व्यावहारिक प्रशिक्षण भी दिया गया।

मेडिकल इमरजेंसी सत्र में डॉ. सार्थक नंदा और उनकी टीम ने प्राथमिक चिकित्सा, गर्भवती महिलाओं की सहायता और सीपीआर तकनीक का प्रदर्शन किया। कर्मचारियों को मौके पर घायल व्यक्ति की मदद करने और गंभीर स्थिति में प्रारंभिक उपचार देने के तरीकों से अवगत कराया गया।

प्रशिक्षण के दौरान ईआरवी कर्मचारियों ने ड्यूटी के दौरान आने वाली समस्याओं और परिस्थितियों से जुड़े सवाल विशेषज्ञों से पूछकर अपनी शंकाओं का समाधान भी किया। रायपुर पुलिस कमिश्नरेट ने आम नागरिकों से अपील की है कि किसी भी आकस्मिक या आपातकालीन स्थिति में तत्काल डायल-112 सेवा का उपयोग करें। पुलिस ने भरोसा दिलाया कि नागरिकों की सुरक्षा और सहायता के लिए पुलिस टीम चौबीसों घंटे तत्पर है।