इस विशेष अभियान के दौरान जनपद पंचायत पथरिया की 96 ग्राम पंचायतों में 1838 लोगों, मुंगेली विकासखंड की 124 ग्राम पंचायतों में 4057 लोगों तथा लोरमी विकासखंड की 127 ग्राम पंचायतों में 2595 लोगों ने सहभागिता की। इस तरह जिले की कुल 367 ग्राम पंचायतों में आयोजित कार्यक्रमों में 8489 ग्रामीणों, युवाओं और महिलाओं ने भाग लिया। कार्यक्रम के दौरान उपस्थित लोगों ने सामूहिक रूप से साइबर जागृति शपथ ली और साइबर अपराधों से खुद को तथा अपने परिवार को सुरक्षित रखने का संकल्प लिया।
जागरूकता कार्यक्रमों में लोगों को बैंकिंग और डिजिटल लेनदेन से जुड़ी महत्वपूर्ण सावधानियों की जानकारी दी गई। ग्रामीणों को समझाया गया कि बैंक खाता, एटीएम, आधार और यूपीआई से संबंधित OTP, PIN अथवा अन्य गोपनीय जानकारी किसी अनजान व्यक्ति के साथ साझा नहीं करनी चाहिए। इसके साथ ही मोबाइल फोन पर आने वाले संदिग्ध मैसेज, फर्जी लॉटरी ऑफर और अनजान लिंक से सावधान रहने की सलाह दी गई। किसी भी व्यक्ति के कहने पर अज्ञात ऐप या APK फाइल डाउनलोड नहीं करने के लिए भी लोगों को जागरूक किया गया।
अभियान के दौरान वीडियो कॉल के जरिए होने वाली ठगी और ऑनलाइन ब्लैकमेलिंग को लेकर भी विशेष रूप से समझाइश दी गई। लोगों से कहा गया कि अनजान नंबरों से आने वाली वीडियो कॉल या संदिग्ध ऑनलाइन गतिविधियों से घबराने के बजाय सावधानी से काम लें और ऐसी स्थिति में तुरंत पुलिस को सूचना दें। घर के बुजुर्गों, महिलाओं और बच्चों को भी मोबाइल तथा इंटरनेट के माध्यम से होने वाली ठगी से सावधान रखने की अपील की गई, ताकि साइबर अपराधियों के झांसे में आने की संभावना कम हो सके।
एसएसपी भोजराम पटेल ने साइबर वित्तीय धोखाधड़ी के मामलों में तत्काल कार्रवाई के महत्व पर जोर दिया। उन्होंने बताया कि ऑनलाइन ठगी होने के बाद शुरुआती समय बेहद महत्वपूर्ण होता है। इसलिए घटना की जानकारी मिलते ही राष्ट्रीय साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर तत्काल कॉल करना चाहिए। इसके अलावा नजदीकी पुलिस थाना या साइबर सेल में भी सूचना देने की सलाह दी गई, ताकि ठगी की राशि को होल्ड कराने और आवश्यक कार्रवाई के लिए समय रहते प्रयास किया जा सके।
कार्यक्रम के माध्यम से पुलिस और प्रशासन ने ग्रामीण क्षेत्रों में साइबर सुरक्षा को लेकर सामूहिक जागरूकता बढ़ाने का संदेश दिया। कार्यक्रम के अंत में लोगों ने “जागरूक गांव, सुरक्षित समाज” और “साइबर अपराध से आजादी” जैसे नारों के साथ साइबर अपराधों के खिलाफ सतर्क रहने का संकल्प लिया। मुंगेली जिले की 367 ग्राम पंचायतों में एक साथ आयोजित यह अभियान ग्रामीण क्षेत्रों में डिजिटल सुरक्षा की समझ बढ़ाने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल के रूप में सामने आया।