एमसीबी जिले में 28 जून से तीन दिवसीय पल्स पोलियो अभियान, 51 हजार से अधिक बच्चों को पिलाई जाएगी दवा
राष्ट्रीय पल्स पोलियो अभियान के तहत एमसीबी जिले में 28 से 30 जून तक विशेष टीकाकरण अभियान चलाया जाएगा। जिले के 0 से 5 वर्ष आयु वर्ग के 51,013 बच्चों को पोलियो की खुराक पिलाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। अभियान की तैयारियों की समीक्षा कलेक्टर संतन देवी जांगड़े ने की।
UNITED NEWS OF ASIA. हेमन्त कुमार, एमसीबी l राष्ट्रीय पल्स पोलियो टीकाकरण अभियान के तहत मनेन्द्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर (एमसीबी) जिले में 28, 29 और 30 जून को तीन दिवसीय विशेष अभियान संचालित किया जाएगा। इस दौरान जिले के शून्य से पांच वर्ष तक की आयु के 51,013 बच्चों को पोलियो की खुराक पिलाने का लक्ष्य रखा गया है। अभियान को सफल बनाने के लिए जिला प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग ने व्यापक तैयारियां शुरू कर दी हैं।
अभियान की तैयारियों की समीक्षा के लिए कलेक्टर संतन देवी जांगड़े की अध्यक्षता में जिला स्तरीय टास्क फोर्स की बैठक आयोजित की गई। बैठक में स्वास्थ्य, महिला एवं बाल विकास तथा प्रशासनिक विभागों के अधिकारियों ने भाग लिया। कलेक्टर ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि जिले का कोई भी पात्र बच्चा पोलियो की खुराक से वंचित नहीं रहना चाहिए। उन्होंने अभियान के दौरान सतर्कता और जिम्मेदारी के साथ कार्य करने पर जोर दिया।
बैठक में जिला टीकाकरण अधिकारी ने अभियान की विस्तृत कार्ययोजना प्रस्तुत की। जानकारी के अनुसार 28 जून को जिले के सभी निर्धारित पोलियो बूथों पर बच्चों को दवा पिलाई जाएगी। इसके बाद 29 और 30 जून को स्वास्थ्य विभाग की टीमें घर-घर पहुंचकर उन बच्चों को पोलियो की खुराक देंगी, जो किसी कारणवश बूथ तक नहीं पहुंच पाएंगे।
कलेक्टर ने विशेष रूप से सुदूर ग्रामीण क्षेत्रों, ईंट-भट्टों, निर्माण स्थलों तथा प्रवासी परिवारों के बच्चों तक पहुंच सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। इसके लिए विशेष माइक्रोप्लान तैयार किया जा रहा है तथा मोबाइल टीमों की तैनाती की जाएगी। साथ ही बस स्टैंड, रेलवे स्टेशन और प्रमुख यातायात केंद्रों पर ट्रांजिट टीमों को सक्रिय रखा जाएगा, ताकि यात्रा कर रहे बच्चों को भी पोलियो की खुराक दी जा सके।
ग्रामीण क्षेत्रों में जागरूकता बढ़ाने के लिए आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं, मितानिनों और स्व-सहायता समूहों की मदद से प्रचार-प्रसार किया जाएगा। वहीं शहरी क्षेत्रों की झुग्गी बस्तियों और संवेदनशील इलाकों में विशेष निगरानी रखने के निर्देश दिए गए हैं। अभियान की सफलता सुनिश्चित करने के लिए विभिन्न विभागों के अधिकारियों को फील्ड में रहकर निगरानी करने की जिम्मेदारी सौंपी गई है।
स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों ने बताया कि पोलियो उन्मूलन की दिशा में यह अभियान अत्यंत महत्वपूर्ण है। बच्चों को समय पर पोलियो की खुराक देने से उन्हें इस गंभीर बीमारी से सुरक्षित रखा जा सकता है। इसलिए सभी अभिभावकों से अपील की गई है कि वे अपने पांच वर्ष तक की आयु के बच्चों को अनिवार्य रूप से पोलियो की दवा पिलाएं।
कलेक्टर संतन देवी जांगड़े ने जिलेवासियों से सहयोग की अपील करते हुए कहा कि पोलियो मुक्त भारत बनाए रखने के लिए प्रत्येक नागरिक की सहभागिता जरूरी है। उन्होंने अभिभावकों से आग्रह किया कि 28 जून को अपने बच्चों को नजदीकी पोलियो बूथ तक अवश्य लेकर जाएं और उन्हें जीवनरक्षक पोलियो की खुराक दिलाएं।