दुर्गा पूजा से पहले कोलकाता में KMC का बड़ा एक्शन, 40 रेस्टोरेंट और स्वीट शॉप के लाइसेंस सस्पेंड

दुर्गा पूजा से पहले कोलकाता नगर निगम ने खाद्य सुरक्षा को लेकर बड़े स्तर पर अभियान चलाया। मंगलवार को 592 खाद्य प्रतिष्ठानों का निरीक्षण किया गया, जिसमें अनियमितताएं मिलने पर 40 रेस्टोरेंट और स्वीट शॉप के लाइसेंस सस्पेंड किए गए। कार्रवाई के दौरान 1,224 किलो खाद्य सामग्री नष्ट की गई और कई जगह खराब मांस, फफूंद लगा छेना तथा रसोई में कॉकरोच मिलने की जानकारी सामने आई।

Sep 9, 2026 - 17:11
Sep 9, 2026 - 17:12
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दुर्गा पूजा से पहले कोलकाता में KMC का बड़ा एक्शन, 40 रेस्टोरेंट और स्वीट शॉप के लाइसेंस सस्पेंड

UNITED NEWS OF ASIA. पश्चिम बंगाल की राजधानी कोलकाता में दुर्गा पूजा से पहले खाद्य सुरक्षा को लेकर कोलकाता नगर निगम यानी KMC ने बड़े स्तर पर कार्रवाई की है। शहर में खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता और प्रतिष्ठानों में स्वच्छता व्यवस्था की जांच के लिए चलाए गए विशेष अभियान के दौरान मंगलवार को 592 स्थानों का निरीक्षण किया गया। जांच में कई तरह की अनियमितताएं सामने आने के बाद 40 रेस्टोरेंट और स्वीट शॉप के लाइसेंस सस्पेंड कर दिए गए। नगर निगम की इस कार्रवाई को दुर्गा पूजा के पहले खाद्य सुरक्षा सुनिश्चित करने की दिशा में अहम कदम माना जा रहा है।

KMC की म्यूनिसिपल एडमिनिस्ट्रेटर स्मिता पांडे के मुताबिक यह अभियान फूड सेफ्टी वीक के तहत चलाया गया था। अभियान के दौरान होटल, क्लब, रेस्टोरेंट, बाजार और बाजारों में संचालित अन्य खाद्य प्रतिष्ठानों को जांच के दायरे में शामिल किया गया। अधिकारियों ने खाद्य सामग्री की गुणवत्ता, उसके भंडारण, निर्माण प्रक्रिया, रसोई की स्वच्छता और संबंधित लाइसेंस की जांच की। बड़े स्तर पर किए गए निरीक्षण के दौरान कई प्रतिष्ठानों में खाद्य सुरक्षा से जुड़े नियमों का पालन नहीं होने की बात सामने आई।

निरीक्षण के दौरान कुल 1,224 किलो खाद्य सामग्री नष्ट किए जाने की जानकारी दी गई है। अधिकारियों को कहीं भंडारित छेना में फफूंद मिली तो कहीं बड़ी मात्रा में खराब मांस बरामद होने की बात सामने आई। इसके अलावा एक बड़े स्वीट शॉप के रेफ्रिजरेटर के अंदर कॉकरोच पाए जाने की जानकारी भी दी गई। खाद्य पदार्थों के साथ इस तरह की स्थिति मिलने पर अधिकारियों ने संबंधित प्रतिष्ठानों के खिलाफ कार्रवाई की। विभाग ने स्पष्ट किया कि खाद्य सामग्री की गुणवत्ता के साथ समझौता करने वाले प्रतिष्ठानों पर नियमों के तहत कार्रवाई जारी रहेगी।

जांच के दौरान लाइसेंस से जुड़ी अनियमितताएं भी सामने आईं। कुछ प्रतिष्ठानों के पास खाद्य सामग्री बेचने के लिए रिटेल लाइसेंस मौजूद था, लेकिन उनके पास खाद्य पदार्थों के निर्माण के लिए आवश्यक मैन्युफैक्चरिंग लाइसेंस नहीं था। इसका मतलब यह है कि संबंधित प्रतिष्ठान बिक्री के लिए अधिकृत थे, लेकिन खाद्य सामग्री तैयार करने के लिए जरूरी अनुमति उनके पास नहीं थी। ऐसे मामलों को भी खाद्य कारोबार से जुड़े नियमों का उल्लंघन माना गया और कार्रवाई की गई।

स्मिता पांडे ने पत्रकार वार्ता में बताया कि पहले लाइसेंस सस्पेंड करने की कार्रवाई आम तौर पर नहीं की जाती थी, लेकिन अब नियमों के उल्लंघन पर इस तरह की कार्रवाई की जा रही है। मंगलवार की कार्रवाई में 40 लाइसेंस सस्पेंड किए गए हैं। संबंधित प्रतिष्ठानों को नियमों का पालन करने और कमियों को दूर करने का अवसर दिया जाएगा। यदि सस्पेंड किए गए प्रतिष्ठान निर्धारित खाद्य सुरक्षा और स्वच्छता नियमों का पालन करते हैं, तो आगे उनके लाइसेंस की स्थिति की समीक्षा की जा सकती है।

दुर्गा पूजा कोलकाता का प्रमुख त्योहार है और इस दौरान शहर में खाद्य पदार्थों की बिक्री और खपत भी बढ़ जाती है। ऐसे में नगर निगम की ओर से खाद्य प्रतिष्ठानों की जांच को उपभोक्ताओं के स्वास्थ्य और खाद्य गुणवत्ता से जोड़कर देखा जा रहा है। KMC का यह अभियान आगे भी जारी रहने की उम्मीद है, ताकि रेस्टोरेंट, स्वीट शॉप, होटल और अन्य खाद्य कारोबारियों में स्वच्छता और खाद्य सुरक्षा नियमों के पालन को सुनिश्चित किया जा सके।