ग्राम ढोलबज्जा पहुंचे राज्यपाल रमेन डेका, बैगा समाज को शिक्षा और आत्मनिर्भरता का संदेश
छत्तीसगढ़ के राज्यपाल रमेन डेका ने कबीरधाम जिले के वनांचल ग्राम ढोलबज्जा पहुंचकर बैगा विद्यार्थियों और महिला स्व-सहायता समूहों से मुलाकात की। उन्होंने शिक्षा, स्वच्छता और आत्मनिर्भरता पर जोर देते हुए कहा कि हर घर में पढ़ाई का एक कोना होना चाहिए ताकि बच्चे आगे बढ़ सकें।
UNITED NEWS OF ASIA. सौरभ नामदेव, कवर्धा l छत्तीसगढ़ के राज्यपाल रमेन डेका ने कबीरधाम जिले के सुदूर वनांचल क्षेत्र ग्राम ढोलबज्जा का दौरा कर बैगा विद्यार्थियों और महिला स्व-सहायता समूहों से मुलाकात की। इस दौरान उन्होंने शिक्षा, स्वच्छता और आत्मनिर्भरता को लेकर ग्रामीणों और विद्यार्थियों को प्रेरित किया। राज्यपाल ने कहा कि हर घर में पढ़ाई के लिए एक अलग कोना होना चाहिए, तभी बच्चे शिक्षा के क्षेत्र में आगे बढ़ पाएंगे।
राज्यपाल ने विद्यार्थियों से बातचीत करते हुए उनके सपनों और भविष्य की योजनाओं के बारे में जानकारी ली। उन्होंने अभिभावकों से अपील की कि भले ही वे स्वयं पढ़ाई नहीं कर पाए हों, लेकिन अपने बच्चों को शिक्षा से जरूर जोड़ें। उन्होंने शिक्षकों और शिक्षा दूत के रूप में कार्य कर रहे युवाओं से ड्रॉप आउट बच्चों को दोबारा स्कूल से जोड़ने के लिए प्रयास करने को कहा।
कार्यक्रम के दौरान बैगा छात्रा हेमकुमारी ने बताया कि उसने 12वीं कक्षा में 88 प्रतिशत अंक प्राप्त किए हैं और वह नीट परीक्षा की तैयारी कर रही है। वहीं गायत्री मेंरावी ने बीएससी नर्सिंग करने की इच्छा जताई। शिक्षा दूत के रूप में कार्य कर रहे नितेश बैगा ने बताया कि वे गांव के बच्चों को नियमित स्कूल जाने और पढ़ाई करने के लिए प्रेरित करते हैं। राज्यपाल ने इन प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि बैगा समाज के बच्चे अब शिक्षा के क्षेत्र में नई पहचान बना रहे हैं।
राज्यपाल ने स्वच्छता और स्वास्थ्य को भी जरूरी बताते हुए कहा कि नई पीढ़ी को साफ-सफाई के प्रति जागरूक बनाना आवश्यक है। उन्होंने कहा कि जनमन योजना का उद्देश्य विशेष पिछड़ी जनजातियों के जीवन स्तर और औसत आयु में सुधार करना है।
इस दौरान राज्यपाल ने महिला स्व-सहायता समूहों की गतिविधियों की भी जानकारी ली। जय लक्ष्मी स्वच्छता समूह से जुड़ी रजतिन मेंरावी ने बताया कि वे बांस से सूपा और टोकरी जैसे उत्पाद बनाकर करीब एक लाख रुपये तक की आय अर्जित कर चुकी हैं। वहीं सुखिया बैगा ने बताया कि वे सूकर पालन का कार्य कर रही हैं और इससे अच्छी आय प्राप्त कर रही हैं।
राज्यपाल ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि महिलाओं को वैल्यू एडिशन और प्रशिक्षण की सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएं, ताकि उनके उत्पादों को बेहतर बाजार मिल सके। उन्होंने महिलाओं को ट्राइबल मिलेट्स की खेती और उससे जुड़े उत्पाद तैयार करने के लिए भी प्रेरित किया।
दौरे के दौरान राज्यपाल ने पीएम जनमन आवास योजना के तहत बैगा परिवारों को आवास की चाबी और शौचालय स्वीकृति पत्र भी वितरित किए। कलेक्टर गोपाल वर्मा ने जानकारी दी कि क्षेत्र में जनमन योजना के तहत 248 आवास स्वीकृत किए गए हैं और बिहान योजना के अंतर्गत 22 स्व-सहायता समूह सक्रिय हैं।
राज्यपाल के इस दौरे को बैगा समाज के लिए प्रेरणादायक और विकास की दिशा में महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा है।