धमतरी जिले के बाँधों से भारी जल निकासी, कलेक्टर ने नदी किनारे सतर्क रहने की अपील की
धमतरी जिले के प्रमुख बाँधों में भारी वर्षा के कारण जल स्तर बढ़ने पर कलेक्टर ने नदी किनारे सतर्क रहने और उफनते नालों को पार न करने की अपील की। गंगरेल और सोंदूर बाँधों से लाखों क्यूसेक पानी छोड़ा गया, और प्रशासन ने सुरक्षा बल तैनात कर पर्यटकों और ग्रामीणों को सतर्क रहने की चेतावनी दी।
UNITED NEWS OF ASIA. रिजवान मेमन, धमतरी। धमतरी जिले के प्रमुख बाँध — रविशंकर सागर (गंगरेल), मुरुमसिल्ली, न्यू रूद्री बैराज और सोंदूर — वर्तमान में पूर्ण भराव की स्थिति में हैं। लगातार हुई वर्षा के कारण जलाशयों में अत्यधिक पानी की आवक हुई है, जिससे प्रशासन द्वारा जल द्वार खोलकर नियंत्रित मात्रा में पानी छोड़ा जा रहा है।
गंगरेल बांध में रात के दौरान भारी वर्षा के परिणामस्वरूप 27,000 क्यूसेक पानी की आवक दर्ज की गई। अब समाचार लिखे जाने तक 14,000 क्यूसेक पानी छोड़ा जा रहा है। इसी प्रकार सोंदूर बांध से 6,000 क्यूसेक पानी छोड़ा जा रहा है। इस बढ़ी हुई जल निकासी के कारण नदी-नालों में जलस्तर तेजी से बढ़ रहा है।
जिला प्रशासन ने प्रत्येक प्रमुख बाँध स्थल पर दो-दो सुरक्षा बल तैनात किए हैं, ताकि पर्यटकों और आम जनता की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके और आपातकालीन स्थिति में त्वरित कार्रवाई की जा सके।
कलेक्टर श्री अबिनाश मिश्रा ने नागरिकों और पर्यटकों से अपील की है कि वे नदी किनारे अनावश्यक रूप से न जाएँ और उफनते नालों को पार न करें। उन्होंने विशेष रूप से नदी किनारे बसे ग्रामवासियों को सचेत करते हुए कहा कि वे बच्चों को जलाशयों और नालों के किनारे न जाने दें और किसी अफवाह पर ध्यान न दें।
जिला प्रशासन ने यह भी अनुरोध किया कि प्राकृतिक आपदा जैसी आपात स्थिति में धैर्य बनाए रखें और प्रशासन द्वारा जारी किए गए दिशा-निर्देशों का पालन करें। सभी नागरिकों की सुरक्षा प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है।