ढाई साल में 20 योजनाएं बंद और 10 के नाम बदले, कांग्रेस का साय सरकार पर बड़ा आरोप
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने आरोप लगाया है कि साय सरकार ने ढाई साल के कार्यकाल में कांग्रेस सरकार की 20 जनकल्याणकारी योजनाओं को बंद कर दिया और 10 योजनाओं के केवल नाम बदल दिए। कांग्रेस का दावा है कि सरकार अपने कार्यकाल में कोई नई मौलिक योजना शुरू करने में असफल रही है।
UNITED NEWS OF ASIA. अमृतेश्वर सिंह, रायपुर l प्रदेश कांग्रेस ने साय सरकार पर पूर्ववर्ती कांग्रेस सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं को बंद करने और कई योजनाओं का केवल नाम बदलकर प्रस्तुत करने का आरोप लगाया है। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने कहा कि सरकार अपने ढाई वर्ष के कार्यकाल में प्रदेश के लिए कोई नई और मौलिक योजना शुरू नहीं कर सकी है। उन्होंने दावा किया कि सरकार के पास जनकल्याण का स्पष्ट विजन नहीं है और वह केवल पहले से संचालित योजनाओं के नाम बदलकर श्रेय लेने का प्रयास कर रही है।
दीपक बैज ने जारी बयान में कहा कि भाजपा सरकार ने कांग्रेस शासनकाल में संचालित 20 महत्वपूर्ण योजनाओं को बंद कर दिया। उन्होंने आरोप लगाया कि इनमें 400 यूनिट बिजली बिल हाफ योजना, राजीव मितान योजना, गोधन न्याय योजना, रीपा (रूरल इंडस्ट्रियल पार्क), शहीद महेन्द्र कर्मा तेंदूपत्ता संग्राहक बीमा योजना, बेरोजगारी भत्ता, मुख्यमंत्री कर्ज माफी, सिंचाई कर माफी, महिला समूहों की ऋण माफी, मुख्यमंत्री आदिवासी परब सम्मान निधि, मुख्यमंत्री छत्तीसगढ़ी परब सम्मान निधि, कोदो-कुटकी-रागी खरीदी, नरवा-गरवा-घुरवा-बारी, मुख्यमंत्री वार्ड कार्यालय, मुख्यमंत्री महतारी दुलार, मुख्यमंत्री वृक्षारोपण प्रोत्साहन, धरसा विकास, शहरी गरीबों को पट्टा एवं आवास, छत्तीसगढ़िया ओलंपिक तथा मुख्यमंत्री सुपोषण योजना शामिल हैं।
कांग्रेस अध्यक्ष ने यह भी आरोप लगाया कि सरकार ने कई योजनाओं को बंद करने के बजाय केवल उनके नाम बदल दिए। उनके अनुसार राजीव गांधी किसान न्याय योजना का नाम बदलकर कृषक उन्नति योजना, डॉ. खूबचंद बघेल स्वास्थ्य योजना का नाम शहीद वीर नारायण सिंह स्वास्थ्य योजना, राजीव गांधी ग्रामीण भूमिहीन कृषि मजदूर न्याय योजना का नाम दीनदयाल उपाध्याय भूमिहीन कृषि मजदूर योजना तथा इंदिरा गांधी शुद्ध पेयजल योजना का नाम पंडित दीनदयाल उपाध्याय शुद्ध पेयजल योजना कर दिया गया।
बयान में कहा गया कि इसी तरह इंदिरा गांधी एलईडी पथ प्रकाश योजना, राजीव गांधी आजीविका केंद्र योजना, राजीव गांधी स्वावलंबन योजना, गोधन न्याय योजना, रीपा और मेधावी छात्र जवाहर उत्कर्ष योजना के नाम भी बदले गए हैं। कांग्रेस का दावा है कि सरकार नई योजनाएं बनाने के बजाय केवल नाम परिवर्तन की राजनीति कर रही है।
दीपक बैज ने कहा कि हाल ही में साय मंत्रिमंडल ने रीपा योजना को नए नाम अटल आजीविका समृद्ध द्वार योजना के रूप में फिर से शुरू करने की मंजूरी दी है। उनका कहना है कि कांग्रेस सरकार ने ग्रामीण क्षेत्रों में रीपा के माध्यम से उत्पादन, प्रसंस्करण और विपणन की मजबूत व्यवस्था विकसित की थी, जिसे सत्ता परिवर्तन के बाद बंद कर दिया गया था। अब उसी योजना को नए नाम के साथ दोबारा लागू करने की तैयारी की जा रही है।
प्रदेश कांग्रेस ने आरोप लगाया कि यह सरकार अपने कार्यकाल में कोई नई जनहितकारी योजना शुरू नहीं कर सकी है और पूर्ववर्ती सरकार की योजनाओं को ही नए नामों के साथ प्रस्तुत कर रही है। पार्टी ने कहा कि सरकार को नाम बदलने के बजाय प्रदेश की जनता के लिए नई और प्रभावी योजनाएं लागू करने पर ध्यान देना चाहिए।