सड़कों पर मवेशियों की मौजूदगी रोकने कलेक्टर गोपाल वर्मा के निर्देश, रेडियम बेल्ट अभियान पर जोर
कवर्धा में सड़क दुर्घटनाओं की रोकथाम के लिए कलेक्टर गोपाल वर्मा ने पंचायत, पुलिस और पशुपालन विभाग की बैठक लेकर सड़कों से मवेशियों को हटाने के निर्देश दिए। प्रमुख मार्गों पर घुमंतू पशुओं को गौधाम में रखने, चारे और चरवाहों की व्यवस्था करने तथा काउ कैचर की मदद से पशुओं को सुरक्षित स्थान पर पहुंचाने के निर्देश दिए गए। रात में पशुओं की दृश्यता बढ़ाने के लिए रेडियम बेल्ट अभियान चलाने पर भी जोर दिया गया।
UNITED NEWS OF ASIA. कवर्धा। सड़कों पर मवेशियों की मौजूदगी के कारण होने वाली सड़क दुर्घटनाओं की रोकथाम के लिए कलेक्टर गोपाल वर्मा ने कलेक्ट्रेट में पंचायत, पुलिस और पशुपालन विभाग के अधिकारियों की महत्वपूर्ण बैठक ली। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि प्रमुख सड़कों पर मवेशी दिखाई नहीं देने चाहिए और दुर्घटनाओं को रोकने के लिए सभी आवश्यक एहतियाती कदम उठाए जाएं।
कलेक्टर ने कहा कि रात के समय सड़कों पर मौजूद मवेशियों के कारण वाहन चालकों के लिए दुर्घटना का खतरा बढ़ जाता है। इससे लोगों की जान-माल के साथ पशुधन को भी नुकसान पहुंचने की आशंका रहती है। उन्होंने संबंधित विभागों को समन्वय के साथ कार्य करते हुए सड़कों से मवेशियों को हटाने और उनके सुरक्षित व्यवस्थापन की व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
बैठक में जिला पंचायत के सीईओ अभिषेक अग्रवाल, एडिशनल एसपी अमित पटेल, जिला स्तरीय गौधाम समिति के अध्यक्ष सुखचैन चंद्रवंशी, प्रभारी उपसंचालक पशु चिकित्सा सेवाएं डॉ. आशीष देवांगन सहित चारों विकासखंडों के प्रभारी पशु चिकित्सा सहायक शल्यज्ञ, गौधाम संचालन समिति के प्रतिनिधि, ग्राम पंचायतों के सचिव और रोजगार सहायक मौजूद रहे।
कलेक्टर ने पंचायत सचिवों को निर्देशित किया कि कवर्धा-रायपुर, कवर्धा-राजनांदगांव और कवर्धा-बोड़ला-चिल्फी जैसे प्रमुख मार्गों पर मवेशियों की आवाजाही रोकने के लिए गांव स्तर पर व्यवस्था की जाए। प्रमुख मार्गों के किनारे गौधाम का चिन्हांकन कर घुमंतू पशुओं को वहां रखने की व्यवस्था करने के निर्देश दिए गए।
पशुपालन विभाग को गौधाम में रखे जाने वाले पशुओं के लिए पर्याप्त चारे की व्यवस्था सुनिश्चित करने को कहा गया। साथ ही प्रमुख मार्गों के किनारे स्थित गांवों में चरवाहों की व्यवस्था कर पशुओं की नियमित चराई कराने और सड़कों पर उनकी आवाजाही पर निगरानी रखने के निर्देश दिए गए।
कलेक्टर ने पशुओं के उपचार एवं चिकित्सीय सहायता के लिए पशुपालन विभाग को एम्बुलेंस सुविधा उपलब्ध कराने के निर्देश भी दिए। नगर पालिका के माध्यम से काउ कैचर की व्यवस्था कर सड़कों पर घूमने वाले मवेशियों को गौधाम में सुरक्षित रूप से पहुंचाने के लिए भी कहा गया।
घुमंतू पशुओं के गले में लगाए जाएंगे रेडियम बेल्ट
कलेक्टर गोपाल वर्मा ने घुमंतू पशुओं की रात में दृश्यता बढ़ाने के लिए उनके गले में रेडियम बेल्ट लगाने का अभियान चलाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि रेडियम बेल्ट से रात के समय वाहन चालकों को सड़क पर मौजूद पशुओं को पहचानने में मदद मिलेगी और दुर्घटनाओं की संभावना कम की जा सकेगी।
इस अभियान को सफल बनाने के लिए पुलिस और पशुपालन विभाग को जनसहयोग से अभियान चलाने के निर्देश दिए गए। कलेक्टर ने आम नागरिकों और समाजसेवी संस्थाओं से भी इस पहल में सहयोग करने की अपील की।
पशुपालकों को जागरूक करने पर जोर
कलेक्टर ने पंचायत सचिवों और रोजगार सहायकों को निर्देश दिया कि गांवों में पशुपालकों को अपने मवेशियों की उचित देखभाल और सुरक्षा के प्रति जागरूक किया जाए। उन्होंने कहा कि स्थानीय स्तर पर पशुओं के व्यवस्थापन की व्यवस्था होने से उन्हें मुख्य सड़कों पर आने से रोका जा सकता है।
उन्होंने कहा कि सड़क दुर्घटनाओं की रोकथाम केवल प्रशासन की जिम्मेदारी नहीं है। पशुपालकों, पंचायतों, गौधाम समितियों, पुलिस, पशुपालन विभाग, समाजसेवी संस्थाओं और आम नागरिकों के सामूहिक प्रयास से ही सड़कों पर मवेशियों की मौजूदगी को प्रभावी रूप से कम किया जा सकता है।