खेलो इंडिया ट्राइबल गेम्स में छत्तीसगढ़ को फुटबॉल में रजत पदक, फाइनल में पश्चिम बंगाल से 0-1 से हार

रायपुर में आयोजित खेलो इंडिया ट्राइबल गेम्स के पुरुष फुटबॉल फाइनल में छत्तीसगढ़ को पश्चिम बंगाल से 0-1 से हार का सामना करना पड़ा, जिससे टीम को रजत पदक से संतोष करना पड़ा।

Apr 3, 2026 - 12:23
 0  3
खेलो इंडिया ट्राइबल गेम्स में छत्तीसगढ़ को फुटबॉल में रजत पदक, फाइनल में पश्चिम बंगाल से 0-1 से हार

UNITED NEWS OF ASIA.अमृतेश्वर सिंह ,रायपुर । 03 मार्च 2026। खेलो इंडिया ट्राइबल गेम्स के अंतर्गत रायपुर स्थित स्वामी विवेकानंद एथलेटिक स्टेडियम, कोटा में खेले गए पुरुष फुटबॉल फाइनल मुकाबले में छत्तीसगढ़ की टीम ने शानदार प्रदर्शन करते हुए रजत पदक हासिल किया। हालांकि फाइनल में कड़े संघर्ष के बावजूद टीम को पश्चिम बंगाल के खिलाफ 0-1 से हार का सामना करना पड़ा।

यह मुकाबला बेहद रोमांचक और कांटे की टक्कर वाला रहा, जिसमें दोनों टीमों ने उच्च स्तरीय खेल का प्रदर्शन किया। मैच के दौरान खिलाड़ियों की गति, रणनीति और तालमेल ने दर्शकों को अंत तक बांधे रखा। छत्तीसगढ़ की टीम ने पूरे मैच में आक्रामक खेल दिखाते हुए कई मौके बनाए, लेकिन वे गोल में तब्दील नहीं हो सके।

पहले हाफ में ही पश्चिम बंगाल की टीम ने एकमात्र निर्णायक गोल कर बढ़त बना ली थी, जो अंत तक कायम रही। हाफ टाइम तक स्कोर 1-0 था और इसके बाद छत्तीसगढ़ की टीम ने बराबरी के लिए लगातार प्रयास किए। टीम के खिलाड़ियों ने बेहतरीन पासिंग, मजबूत डिफेंस और तेज आक्रमण के जरिए दबाव बनाए रखा, लेकिन विरोधी टीम की सुदृढ़ रक्षा पंक्ति को भेद नहीं सके।

दूसरे हाफ में छत्तीसगढ़ ने कई आक्रामक मूव्स बनाए और गोल करने के करीब भी पहुंचे, लेकिन किस्मत ने साथ नहीं दिया। वहीं पश्चिम बंगाल की टीम ने अपनी बढ़त को बनाए रखते हुए रक्षात्मक रणनीति अपनाई और अंततः मैच अपने नाम कर लिया।

मैच को देखने के लिए बड़ी संख्या में खेल प्रेमी स्टेडियम में उपस्थित थे। दर्शकों का उत्साह और खिलाड़ियों का जोश पूरे मुकाबले में देखने लायक था। इस दौरान खेल एवं युवा कल्याण विभाग के सचिव यशवंत कुमार सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी और भारतीय खेल प्राधिकरण के प्रतिनिधि भी मौजूद रहे।

छत्तीसगढ़ की टीम भले ही स्वर्ण पदक से चूक गई, लेकिन उनका प्रदर्शन सराहनीय रहा। पूरे टूर्नामेंट में टीम ने शानदार खेल दिखाते हुए फाइनल तक का सफर तय किया, जो अपने आप में एक बड़ी उपलब्धि है। खिलाड़ियों के समर्पण, मेहनत और टीम वर्क ने यह साबित किया कि राज्य में खेल प्रतिभाओं की कोई कमी नहीं है।

विशेषज्ञों का मानना है कि इस तरह के राष्ट्रीय स्तर के आयोजनों से खिलाड़ियों को अपनी प्रतिभा दिखाने का अवसर मिलता है और भविष्य में अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी प्रदर्शन करने की प्रेरणा मिलती है। छत्तीसगढ़ की टीम का यह प्रदर्शन आने वाले समय में राज्य के अन्य खिलाड़ियों के लिए भी प्रेरणास्रोत बनेगा।

अंततः, यह मुकाबला भले ही हार के साथ समाप्त हुआ हो, लेकिन छत्तीसगढ़ ने अपने खेल से सभी का दिल जीत लिया और रजत पदक हासिल कर राज्य का गौरव बढ़ाया।