भीषण गर्मी में आग से बचाव को लेकर प्रशासन की अपील, छोटी सावधानी से टल सकती है बड़ी दुर्घटना

बेमेतरा जिला प्रशासन ने भीषण गर्मी के दौरान आगजनी की घटनाओं को रोकने के लिए नागरिकों से अग्नि सुरक्षा नियमों का पालन करने की अपील की है। बिजली और एलपीजी के सुरक्षित उपयोग, ज्वलनशील पदार्थों के सावधानीपूर्वक भंडारण तथा आपातकालीन तैयारियों पर विशेष जोर दिया गया है।

Jun 11, 2026 - 12:44
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भीषण गर्मी में आग से बचाव को लेकर प्रशासन की अपील, छोटी सावधानी से टल सकती है बड़ी दुर्घटना

UNITED NEWS OF ASIA. अरुण पुरेना, बेमेतरा l भीषण गर्मी के मौसम में आगजनी की घटनाओं की बढ़ती आशंका को देखते हुए जिला प्रशासन ने नागरिकों से विशेष सतर्कता बरतने की अपील की है। भारत सरकार के गृह मंत्रालय के अधीन महानिदेशालय अग्निशमन सेवा, नई दिल्ली तथा मुख्यालय नगर सेना, रायपुर द्वारा जारी दिशा-निर्देशों के आधार पर आम नागरिकों, आवासीय परिसरों और व्यावसायिक प्रतिष्ठानों को अग्नि सुरक्षा उपायों का पालन करने के निर्देश दिए गए हैं।

प्रशासन ने कहा है कि गर्मी के मौसम में एयर कंडीशनर, कूलर, रेफ्रिजरेटर और अन्य विद्युत उपकरणों का उपयोग बढ़ने से बिजली पर अतिरिक्त भार पड़ता है, जिससे शॉर्ट सर्किट और आग लगने की संभावना बढ़ जाती है। नागरिकों को सलाह दी गई है कि वे घरों की विद्युत वायरिंग और उपकरणों का नियमित निरीक्षण कराएं तथा केवल आईएसआई मानक वाले उपकरणों का ही उपयोग करें।

एलपीजी गैस के उपयोग में भी विशेष सावधानी बरतने की अपील की गई है। गैस सिलेंडर को हमेशा सीधी स्थिति में रखें और समय-समय पर साबुन के घोल से गैस रिसाव की जांच करें। दीपक, मोमबत्ती और अगरबत्ती जैसे खुले लौ वाले स्रोतों को बिजली के सॉकेट और ज्वलनशील वस्तुओं से दूर रखने की सलाह दी गई है।

प्रशासन ने नागरिकों को यह भी निर्देशित किया है कि भवनों की बालकनी, गलियारे और सीढ़ियों को अनावश्यक सामान से मुक्त रखें ताकि किसी भी आपात स्थिति में सुरक्षित निकास सुनिश्चित हो सके। साथ ही अग्निशमन वाहनों की आवाजाही के लिए मार्गों को बाधारहित बनाए रखने पर भी जोर दिया गया है।

विशेषज्ञों के अनुसार एक ही एक्सटेंशन बोर्ड में कई भारी विद्युत उपकरणों को जोड़ना खतरनाक हो सकता है। खराब तारों, ढीले प्लग और निम्न गुणवत्ता वाली इलेक्ट्रिकल फिटिंग से आग लगने का खतरा बढ़ जाता है। पेट्रोल, केरोसीन, पटाखे और अन्य ज्वलनशील पदार्थों का घरों में भंडारण न करने की सलाह दी गई है। इसके अलावा रात के समय मोबाइल, लैपटॉप या अन्य इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों को बिना निगरानी के चार्जिंग पर छोड़ने से भी बचने को कहा गया है।

ग्रीष्मकालीन विशेष सलाह के तहत इन्वर्टर और बैटरी सिस्टम को पर्याप्त वेंटिलेशन वाले स्थान पर रखने तथा उनकी नियमित जांच कराने की आवश्यकता बताई गई है। घरों और प्रतिष्ठानों में आपातकालीन स्थिति से निपटने के लिए पानी और रेत से भरी बाल्टियां रखने की भी सलाह दी गई है।

जिला प्रशासन ने सभी परिवारों से आग्रह किया है कि वे अग्निशमन सेवा नंबर 101 और आपातकालीन सहायता नंबर 112 की जानकारी परिवार के प्रत्येक सदस्य को दें। प्रशासन का कहना है कि थोड़ी सी सावधानी और जागरूकता से बड़ी अग्नि दुर्घटनाओं को रोका जा सकता है तथा जन-धन की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सकती है।

जिला प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि वे अग्नि सुरक्षा संबंधी सभी दिशा-निर्देशों का पालन करें और सुरक्षित एवं सतर्क रहकर संभावित दुर्घटनाओं से बचाव सुनिश्चित करें।