अंतिम व्यक्ति तक पहुंचे योजनाओं का लाभ, अधिकारी फील्ड में दिखाएं सक्रियता : अरुण साव
उप मुख्यमंत्री अरुण साव ने सुकमा में विकास कार्यों और विभागीय योजनाओं की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को समयबद्ध और गुणवत्तापूर्ण कार्य सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने जल जीवन मिशन, सड़क निर्माण, शहरी व्यवस्थाओं और खेल सुविधाओं से जुड़े कार्यों की प्रगति की समीक्षा कर फील्ड मॉनिटरिंग बढ़ाने पर जोर दिया।
UNITED NEWS OF ASIA. अमृतेश्वर सिंह, रायपुर l छत्तीसगढ़ के उप मुख्यमंत्री एवं लोक निर्माण, लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी, नगरीय प्रशासन एवं विकास तथा खेल एवं युवा कल्याण मंत्री अरुण साव ने सुकमा जिले में विभिन्न विकास कार्यों और विभागीय योजनाओं की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को कार्यों में तेजी लाने और अंतिम व्यक्ति तक योजनाओं का लाभ पहुंचाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि प्रशासन की सफलता तभी मानी जाएगी जब शासन की योजनाओं का लाभ समाज के अंतिम व्यक्ति तक प्रभावी ढंग से पहुंचे।
सुकमा जिला मुख्यालय में आयोजित समीक्षा बैठक में अरुण साव ने विभिन्न विभागों के कार्यों की प्रगति का जायजा लिया। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि विकास कार्यों की गुणवत्ता, समय-सीमा और पारदर्शिता पर विशेष ध्यान दिया जाए। साथ ही नई तकनीकों का उपयोग कर योजनाओं की निगरानी और क्रियान्वयन को और अधिक प्रभावी बनाया जाए।
लोक निर्माण विभाग की समीक्षा के दौरान उन्होंने सड़क, पुल-पुलिया और भवन निर्माण से जुड़े कार्यों को निर्धारित समय-सीमा में पूरा करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि परियोजनाओं के क्रियान्वयन में आने वाली संभावित समस्याओं का पहले से आकलन कर समाधान सुनिश्चित किया जाए ताकि विकास कार्यों की गति प्रभावित न हो। उन्होंने निर्माण कार्यों की गुणवत्ता बनाए रखने पर भी जोर दिया।
लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग की समीक्षा करते हुए उप मुख्यमंत्री ने जल जीवन मिशन के कार्यों को प्राथमिकता के साथ पूरा करने के निर्देश दिए। उन्होंने ग्रामीण क्षेत्रों में स्वच्छ और गुणवत्तापूर्ण पेयजल उपलब्ध कराने की आवश्यकता पर बल देते हुए कहा कि जल आपूर्ति योजनाओं का नियमित निरीक्षण किया जाए। साथ ही जल स्रोतों के क्लोरीनेशन, पानी टंकियों की सफाई और नल-जल योजनाओं के बेहतर संचालन एवं रखरखाव को सुनिश्चित करने को कहा।
नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग की समीक्षा के दौरान अरुण साव ने बारिश के मौसम से पहले नालियों और ड्रेनेज सिस्टम की सफाई पूरी करने के निर्देश दिए। उन्होंने शहरी क्षेत्रों में स्वच्छता व्यवस्था को मजबूत बनाने, पेयजल गुणवत्ता की नियमित जांच और नागरिक सुविधाओं में सुधार पर विशेष ध्यान देने को कहा। इसके साथ ही रेन वाटर हार्वेस्टिंग और जल संरक्षण से जुड़े कार्यों को भी प्राथमिकता देने के निर्देश दिए।
बैठक में उन्होंने अधिकारियों को फील्ड में अधिक सक्रिय रहने और नियमित मॉनिटरिंग करने की सलाह दी। उनका कहना था कि जमीनी स्तर पर जाकर कार्यों की समीक्षा करने से समस्याओं का त्वरित समाधान संभव होता है और योजनाओं का लाभ अधिक प्रभावी तरीके से लोगों तक पहुंचता है।
समीक्षा बैठक में कलेक्टर अमित कुमार, पुलिस अधीक्षक किरण चव्हाण सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे। बैठक में विकास कार्यों की प्रगति, जनकल्याणकारी योजनाओं के क्रियान्वयन और प्रशासनिक व्यवस्थाओं पर विस्तार से चर्चा की गई।
उप मुख्यमंत्री ने अंत में कहा कि सभी विभाग समन्वय, जवाबदेही और टीम भावना के साथ कार्य करें ताकि शासन की योजनाओं का लाभ अधिकतम लोगों तक पहुंच सके और सुकमा जिले के समग्र विकास को नई गति मिल सके।