नकटी कार्रवाई पर आम आदमी पार्टी का विरोध, प्रभावित परिवारों के पुनर्वास की उठाई मांग
आम आदमी पार्टी छत्तीसगढ़ ने नकटी–सम्मानपुर में हुई प्रशासनिक कार्रवाई को लेकर राज्य सरकार पर गंभीर आरोप लगाए हैं। पार्टी ने प्रभावित परिवारों के उसी गांव में पुनर्वास की मांग करते हुए भूमि आवंटन प्रक्रिया और प्रशासनिक कार्रवाई पर सवाल उठाए हैं। इन आरोपों पर राज्य सरकार की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।
UNITED NEWS OF ASIA. अमृतेश्वर सिंह, रायपुर l आम आदमी पार्टी छत्तीसगढ़ ने रायपुर जिले के धरसींवा विधानसभा क्षेत्र अंतर्गत नकटी–सम्मानपुर में हुई प्रशासनिक कार्रवाई को लेकर राज्य सरकार पर सवाल उठाए हैं। पार्टी की ओर से आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में मुख्य प्रवक्ता सूरज उपाध्याय सहित अन्य नेताओं ने प्रभावित परिवारों के पुनर्वास की मांग करते हुए कार्रवाई को लेकर कई आरोप लगाए।
पार्टी के अनुसार 29 जून 2026 को उसका प्रतिनिधिमंडल नकटी गांव पहुंचा था, जहां कथित तौर पर ध्वस्त किए गए मकानों का मलबा और प्रभावित परिवारों की स्थिति का जायजा लिया गया। प्रेस विज्ञप्ति में दावा किया गया कि कार्रवाई के दौरान बड़ी संख्या में परिवार प्रभावित हुए और कई महिलाएं, बच्चे तथा बुजुर्ग खुले आसमान के नीचे रहने को मजबूर हो गए। पार्टी ने आरोप लगाया कि कुछ ऐसे लोगों के मकान भी प्रभावित हुए जिन्हें कोई पूर्व नोटिस नहीं मिला था।
आम आदमी पार्टी ने आरोप लगाया कि यदि सरकार किसी सार्वजनिक परियोजना के लिए भूमि का उपयोग करना चाहती थी तो सबसे पहले प्रभावित परिवारों के सम्मानजनक पुनर्वास और उचित मुआवजे की व्यवस्था की जानी चाहिए थी। पार्टी ने मांग की कि सभी प्रभावित परिवारों का पुनर्वास उसी गांव में किया जाए ताकि उनकी आजीविका और सामाजिक जीवन प्रभावित न हो।
प्रेस विज्ञप्ति में पार्टी ने ग्राम पंचायत की स्वीकृति, भूमि आवंटन प्रक्रिया तथा कथित रूप से विधायक आवास निर्माण के लिए भूमि चयन को लेकर भी सवाल उठाए हैं। पार्टी ने दावा किया कि भूमि आवंटन और प्रशासनिक प्रक्रिया की निष्पक्ष जांच कराई जानी चाहिए ताकि पूरे मामले के तथ्य सामने आ सकें।
आम आदमी पार्टी ने यह भी आरोप लगाया कि प्रभावित क्षेत्र के आसपास कुछ प्रभावशाली लोगों की भूमि होने के कारण कार्रवाई की गई। पार्टी ने इस संबंध में निष्पक्ष जांच की मांग करते हुए कहा कि यदि किसी प्रकार की अनियमितता हुई है तो जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए। हालांकि इन आरोपों के समर्थन में कोई आधिकारिक जांच रिपोर्ट या न्यायिक निष्कर्ष प्रस्तुत नहीं किया गया है।
पार्टी ने कहा कि वह प्रभावित परिवारों के साथ खड़ी है और पुनर्वास, मुआवजा तथा न्याय मिलने तक लोकतांत्रिक तरीके से अपना विरोध जारी रखेगी।
यह स्पष्ट करना आवश्यक है कि इस समाचार में शामिल सभी आरोप और दावे आम आदमी पार्टी छत्तीसगढ़ द्वारा जारी प्रेस विज्ञप्ति पर आधारित हैं। इन आरोपों पर राज्य सरकार, संबंधित प्रशासन या अन्य संबंधित पक्षों की ओर से इस प्रेस विज्ञप्ति के संदर्भ में कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।