भाजपा के दौर में लोकतंत्र पर सबसे बड़ा खतरा, देश में अघोषित आपातकाल जैसी स्थिति : दीपक बैज
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने भाजपा द्वारा मनाए गए काला दिवस पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि 1975 का आपातकाल संवैधानिक प्रक्रिया के तहत लागू किया गया था, जबकि वर्तमान में देश में लोकतांत्रिक संस्थाओं पर दबाव और केंद्रीय एजेंसियों के दुरुपयोग के कारण अघोषित आपातकाल जैसी स्थिति बनी हुई है।
UNITED NEWS OF ASIA. अमृतेश्वर सिंह, रायपुर l प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने भाजपा द्वारा आपातकाल को लेकर मनाए गए काला दिवस पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि कांग्रेस पर लगाए जा रहे आरोप राजनीतिक भ्रम फैलाने का प्रयास हैं। उन्होंने कहा कि वर्ष 1975 में लगाया गया आपातकाल संविधान के प्रावधानों के तहत लागू किया गया था, जबकि वर्तमान समय में देश में लोकतांत्रिक संस्थाओं पर दबाव और केंद्रीय एजेंसियों के कथित दुरुपयोग के कारण लोकतंत्र अधिक गंभीर चुनौतियों का सामना कर रहा है।
दीपक बैज ने कहा कि आपातकाल लागू करने का निर्णय तत्कालीन परिस्थितियों और संवैधानिक प्रक्रिया के अनुरूप लिया गया था। उन्होंने कहा कि उस समय राष्ट्रपति की स्वीकृति के बाद आपातकाल लागू हुआ और निर्धारित अवधि के बाद उसे समाप्त भी कर दिया गया। उनके अनुसार इसे लेकर भाजपा लगातार भ्रम फैलाने का प्रयास कर रही है।
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष ने आरोप लगाया कि पिछले एक दशक में केंद्र सरकार के कार्यकाल के दौरान लोकतांत्रिक संस्थाओं की स्वतंत्रता प्रभावित हुई है। उन्होंने कहा कि चुनाव आयोग, केंद्रीय जांच एजेंसियों और अन्य संवैधानिक संस्थाओं के कामकाज को लेकर लगातार सवाल उठ रहे हैं। उनका आरोप है कि विपक्षी नेताओं पर केंद्रीय एजेंसियों की कार्रवाई और राजनीतिक दलों में कथित तौर पर दल-बदल कराने जैसी घटनाएं लोकतांत्रिक व्यवस्था के लिए चिंताजनक हैं।
दीपक बैज ने कहा कि देश में मीडिया की स्वतंत्रता, विपक्ष की भूमिका और लोकतांत्रिक अधिकारों को लेकर भी सवाल खड़े हो रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि विपक्ष की आवाज दबाने, राजनीतिक विरोध को सीमित करने और जनसरोकारों के मुद्दों को पीछे धकेलने का प्रयास किया जा रहा है। उनके अनुसार किसानों, युवाओं और आम नागरिकों से जुड़े मुद्दों पर सरकार गंभीरता से काम करने के बजाय राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप में अधिक समय व्यतीत कर रही है।
उन्होंने कहा कि बढ़ती महंगाई, बेरोजगारी, पेपर लीक की घटनाएं, सार्वजनिक सेवाओं से जुड़ी समस्याएं और आम जनता की आर्थिक चुनौतियां सरकार के सामने प्रमुख मुद्दे हैं। कांग्रेस का आरोप है कि इन विषयों से ध्यान हटाने के लिए आपातकाल जैसे ऐतिहासिक मुद्दों को राजनीतिक रूप से उठाया जा रहा है।
दीपक बैज ने कहा कि लोकतंत्र केवल चुनाव कराने तक सीमित नहीं है, बल्कि संवैधानिक संस्थाओं की स्वतंत्रता, नागरिक अधिकारों की सुरक्षा और अभिव्यक्ति की आजादी भी उसकी आधारशिला है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस इन मूल्यों की रक्षा के लिए लगातार आवाज उठाती रहेगी और लोकतांत्रिक व्यवस्था को मजबूत बनाने के लिए संघर्ष जारी रखेगी।
उन्होंने भाजपा से आग्रह किया कि वह इतिहास की घटनाओं को राजनीतिक दृष्टि से प्रस्तुत करने के बजाय वर्तमान समय की जनसमस्याओं पर ध्यान केंद्रित करे। कांग्रेस का कहना है कि जनता महंगाई, रोजगार, किसानों और युवाओं से जुड़े मुद्दों का समाधान चाहती है और इन्हीं विषयों पर सरकार को जवाब देना चाहिए।