बजट में विकसित छत्तीसगढ़ की तैयार की गई है रूपरेखा, ऐतिहासिक एवं सर्वसमावेशी बजट – सांसद संतोष पांडेय

कवर्धा में भाजपा के प्रदेश मुख्य प्रवक्ता एवं सांसद संतोष पांडेय ने मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय सरकार के तीसरे बजट को ऐतिहासिक और सर्वसमावेशी बताते हुए कहा कि यह बजट किसानों, युवाओं और महिलाओं को सशक्त करते हुए विकसित छत्तीसगढ़ की मजबूत रूपरेखा प्रस्तुत करता है।

Feb 25, 2026 - 16:34
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बजट में विकसित छत्तीसगढ़ की तैयार की गई है रूपरेखा, ऐतिहासिक एवं सर्वसमावेशी बजट – सांसद संतोष पांडेय

UNITED NEWS OF ASIA. कवर्धा | संतोष पांडेय, प्रदेश मुख्य प्रवक्ता भारतीय जनता पार्टी एवं सांसद ने कवर्धा में प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व वाली राज्य सरकार द्वारा नए विधानसभा भवन में प्रस्तुत किया गया तीसरा बजट ऐतिहासिक, सर्वसमावेशी और दूरदर्शी है। उन्होंने कहा कि इस बजट के माध्यम से विकसित छत्तीसगढ़ की स्पष्ट और मजबूत रूपरेखा तैयार की गई है।

सांसद संतोष पांडेय ने कहा कि यह बजट प्रदेश के हर वर्ग को ध्यान में रखकर बनाया गया है। चाहे किसान हों, युवा हों, महिलाएं हों या श्रमिक वर्ग—हर किसी को इस बजट से प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष लाभ मिलने वाला है। उन्होंने कहा कि प्रदेश की लगभग तीन करोड़ जनता के हितों को ध्यान में रखते हुए सरकार ने सामाजिक न्याय और आर्थिक विकास के बीच संतुलन बनाते हुए बजट प्रस्तुत किया है।

उन्होंने कहा कि सरकार ने बस्तर से लेकर सरगुजा तक समान रूप से विकास को प्राथमिकता दी है। दूरस्थ और आदिवासी अंचलों में आधारभूत संरचना, शिक्षा, स्वास्थ्य, पर्यटन और रोजगार के अवसर बढ़ाने के लिए इस बजट में पर्याप्त प्रावधान किए गए हैं। यह बजट क्षेत्रीय असमानता को समाप्त कर संतुलित विकास की दिशा में एक ठोस कदम है।

सांसद पांडेय ने कहा कि महिलाओं और बालिकाओं के सशक्तिकरण के लिए महतारी वंदन योजना और रानी दुर्गावती योजना जैसे प्रावधान महिलाओं के सामाजिक और आर्थिक भविष्य को सुरक्षित करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम हैं। उन्होंने कहा कि महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने और परिवार की आर्थिक स्थिति को सुदृढ़ करने के लिए इस बजट में बड़ी राशि का प्रावधान किया गया है।

किसानों के लिए प्रदेश की कृषि उन्नति योजना के तहत 10 हजार करोड़ रुपये का प्रावधान करते हुए सरकार ने यह स्पष्ट कर दिया है कि छत्तीसगढ़ की अर्थव्यवस्था की रीढ़ माने जाने वाले अन्नदाताओं की आय बढ़ाने और कृषि क्षेत्र को आधुनिक बनाने पर विशेष फोकस रहेगा। सिंचाई, भंडारण, कृषि अधोसंरचना और तकनीकी नवाचार को बढ़ावा देने से ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी।

युवाओं को लेकर सांसद पांडेय ने कहा कि ‘उद्यम क्रांति’ जैसे कदम राज्य में स्टार्टअप इकोसिस्टम को मजबूती देंगे। इससे न केवल स्वरोजगार को बढ़ावा मिलेगा, बल्कि प्रदेश में निवेश का बेहतर माहौल भी तैयार होगा। युवाओं को कौशल विकास, नवाचार और उद्यमिता से जोड़कर आत्मनिर्भर छत्तीसगढ़ की नींव रखी जा रही है।

उन्होंने बताया कि साय सरकार के पहले वर्ष के बजट की थीम ‘ज्ञान’ रही, जिसमें गरीब, युवा, अन्नदाता और नारी को केंद्र में रखा गया था। दूसरे वर्ष में ‘गति’ की रणनीति के तहत सुशासन, अधोसंरचना, तकनीक और औद्योगिक विकास पर बल दिया गया। वहीं वर्ष 2026-27 का बजट ‘संकल्प’ की अवधारणा पर आधारित है, जिसमें समावेशी विकास, निवेश, कुशल मानव संसाधन, अन्त्योदय और नीति से परिणाम तक की सोच को मूल आधार बनाया गया है।

सांसद संतोष पांडेय ने कहा कि बस्तर को पर्यटन के क्षेत्र में विकसित करने और पूरे छत्तीसगढ़ के समुचित और संतुलित विकास के लक्ष्य के साथ यह बजट तैयार किया गया है। उन्होंने विश्वास जताया कि यह बजट आने वाले वर्षों में प्रदेश को आर्थिक रूप से मजबूत, सामाजिक रूप से सशक्त और अवसरों से भरपूर राज्य बनाने में निर्णायक भूमिका निभाएगा।